फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   370 गांवों की सुरक्षा महज सात दमकल के भरोसे

370 गांवों की सुरक्षा महज सात दमकल के भरोसे

Sat, 17 Mar 2018 12:33 AM IST
Updated Sat, 17 Mar 2018 12:33 AM IST
विज्ञापन
370 गांवों की सुरक्षा महज सात दमकल के भरोसे
जिले के 370 गांवों की सुरक्षा सिर्फ सात दमकल के भरोसे
विज्ञापन

नारनौल। जिले में सरसों की फसल कटाई का कार्य इस समय किसानों द्वारा जोरशोर से किया जा रहा है। वहीं गेहूं की कटाई का मौसम भी करीब है। दोहान व नलवाटी क्षेत्र के किसानों की सरसों की फसल तो घरों में पहुंच गई है। गर्मी के मौसम में आए दिन गेहूं की फसल और घरों में आगजनी घटनाएं होती हैं। जबकि जिले में आग पर काबू पाने के लिए इंतजाम नाकाफी हैं। पूरे जिले के 370 गांवों में आगजनी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए सिर्फ सात दमकल गाड़ियां हैं। जिनमें नारनौल दमकल केंद्र पर तीन गाड़ियां तथा महेंद्रगढ़ दमकल केंद्र पर चार गाड़ियां हैं। नारनौल में तीन गाड़ियों की पानी की स्टोर क्षमता करीब 20 हजार लीटर है। इनमें एक बड़ी गाड़ी की स्टोर क्षमता दस हजार लीटर, दो छोटी गाड़ियों की स्टोर क्षमता पांच-पांच हजार लीटर है। वहीं महेंद्रगढ़ में पांच-पांच हजार लीटर क्षमता की दो गाड़ियां व दस-दस हजार लीटर पानी की क्षमता की दो गाड़ियां हैं।
एक तरफ जिला में दमकल की गाड़ियों का अभाव है। वहीं नारनौल नगर परिषद प्रांगण स्थित दमकल विभाग के बाहर दो और महेंद्रगढ़ केंद्र में एक कंडम गाड़ी खड़ी है।
विज्ञापन

कस्बों में नहीं हैं दमकल गाड़ियां
प्रशासन द्वारा गांवों में दमकल की कोई व्यवस्था नहीं की हुई है। नारनौल से नांगल चौधरी कस्बा 26 किलोमीटर, निजामपुर 15 किलोमीटर व अटेली 15 किलोमीटर पड़ता है। वहीं नांगल चौधरी का अंतिम गांव रायमलिकपुर 33 किलोमीटर पड़ जाता है। इसके अलावा नारनौल से निजामपुर का गांव बायल, पाटन, मूसनौत, पांचनौता आदि तो शहर से 35 किलोमीटर दूर पड़ जाते हैं। ऐसे में शहर से वहां तक पहुंचने के लिए दमकल को 40 से 45 मिनट का समय लग जाता है। इसकी वजह से दमकल की गाड़ी वहां पहुंचने से पूर्व ही किसानों के अरमान जलकर राख हो चुके होंगे। वहीं महेंद्रगढ़ से सतनाली व कनीना के गांव भी करीब इतनी ही दूरी पर पड़ते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


कस्बों में होनी चाहिए दमकल गाड़ियां
गांव मूसनौता, बायल, पांचनौता, सतनाली के गांव श्यामपुरा, जड़वा व अटेली के कांटी, खेड़ी आदि के अमीलाल, सुरेश कुमार, ज्ञानी प्रकाश, जयचंद, जगदीश प्रसाद आदि किसानों का कहना है कि दमकल की गाड़ियों की व्यवस्था कस्बों में भी होनी चाहिए। ताकि आग लगने पर तुरंत ही गाड़ियां मौके पर पहुंच जाए। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि कस्बों में भी दमकल की व्यवस्था की जाए।

किसान रखे इन बातों का ध्यान-
दमकल किसानों की पहुंच से दूर है, ऐसे में किसानों को ही सावधानी बरतने की आवश्यकता है। किसानों को चाहिए कि वे अपने फसल के पुले बिजली के तार व खंभे के पास न रखें। खेत से जा रही बिजली की लाइन के नीचे फसल की ढेरी न लगाएं, खलिहानों को रेलवे लाइन व आम रास्तों से दूर ही बनाएं, ताकि कोई उन पर ज्वलनशील पदार्थ न डाल सके। यदि खेत से जा रहे तार ढीले हैं तो इसकी जानकारी पहले ही बिजली निगम को दें। फसल की कटाई करते समय व निकालते समय बीड़ी, सिगरेट व हुक्के आदि का प्रयोग न करें।

रेवाड़ी रोड पर भरने जाते पानी
दमकल विभाग के कर्मचारियों ने बताया कि दमकल में पानी भरने के लिए रेवाड़ी रोड स्थित जलघर में जाना पड़ता है। ऐसे में उनका समय काफी खराब हो जाता है। अगर नप में ही पानी भरने की सुविधा हो जाए तो काफी सुविधा होगी।

2017 में फसलों में आग लगने की घटनाएं
पिछले वर्ष गर्मियों की मौसम में गांव जाटवास में करीब दो एकड़, खैरोली में एक एकड़, बवाना में करीब डेढ़, पाथेड़ा गांव में करीब तीन एकड़, झगड़ोली में करीब दो एकड़, ढाणी बठोठा में करीब डेढ़ एकड़, कनीना में करीब तीन एकड़, घड़ी खुड़ाना में करीब एक एकड़, खातोद में करीब दो एकड़, कनीना में डेढ़ एकड़ में फसल जलकर राख हो चुकी है। इनके अलावा धरसूं गांव में छह बार, ढाणी बाठोठा में पांच बार, पांचनौता, कारोली, मारोली, डोहर, गुलावला, चंदपुरा, टहला, आकोली आदि में भी करीब 120 एकड़ फसल में आग लग चुकी है। इस सीजन में आगजनी की 80 से 100 काल फायरबिग्रेड के पास आ चुकी हैं। नारनौल में करीब ढाई एकड़, गांव भांखरी में दो एकड़, मालड़ा में पांच एकड़, ताजपुर में दो एकड़ फसल जलकर राख हो गई थी।


खेतों में होने वाली आगजनी आदि की घटनाओं से निपटने के लिए दमकल विभाग पूरी तरह चौकन्ना है। इसके लिए गाड़ियों को पानी से भरकर तैयार रखा जाता है। खराब पड़ी दो गाड़िों को ठीक कराने के लिए उच्चाधिकारियों को लिखा हुआ है। वहीं, फायर कर्मियों की भी ड्यूटी बढ़ा दी जाएगी।
-सुरेश मान, फायर आफिसर, दमकल विभाग नारनौल
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed