फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   लावारिस पशु शहरवासियों को दे रहे जीवन भर का दर्द

लावारिस पशु शहरवासियों को दे रहे जीवन भर का दर्द

Sat, 30 Mar 2019 11:39 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 30 Mar 2019 11:39 PM IST
विज्ञापन
लावारिस पशु शहरवासियों को दे रहे जीवन भर का दर्द
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

महेंद्रगढ़। लावारिस पशुओं ने शहर में कई लोगों को जीवन भर का दर्द दिया है। लावारिस पशुओं को देखकर अब घबराहट होने लगती है। ऐसे लोग लावारिस पशुओं के कारण अपने परिजनों को खो चुके हैं। कुुछ लोग चोटिल हो चुके हैं। पशुओं का आतंक अब भी कम नहीं हुआ। हाईवे से लेकर शहर की रिहायशी कालोनियों तक में पशुओं के झुंड नजर आते हैं। लोग इन गोवंश से बचकर निकलते हैं। सब्जी मंडी में छोटे बच्चे या बुजुर्ग अपने हाथ में सब्जी लेकर नहीं आ सकते। हाथ में सब्जी के थैले पर लावारिस पशु किसी ओर से भी धावा बोल सकते हैं।
सुरेश सैनी ने कहा लावारिस पशुओं का दर्द मेरे परिवार को पता है। हमने पिता को खोया है। लावारिस सांड़ों के कारण हमारे सिर से पिता का साया उठ गया। घर का मुखिया चले जाने के कारण पूरे परिवार को इसका दंश झेलना पड़ रहा है। लावारिस गोवंश को देखकर हम खौफ में है। हमारे पिता के चले जाने के बाद भी प्रशासन ने कोई काम नहीं किया। एक भी लावारिस पशु को नहीं पकड़ा। अगर यह हादसा किसी बड़े अधिकारी या किसी बड़े नेता के परिवार के साथ हुआ होता तो लावारिस पशुओं को जब तक गोशाला भेज दिया जाता। शहर का ऐसा कोई कोना नहीं जहां लावारिस पशुओं का आतंक न हो।
विज्ञापन

यदुवंशी स्कूल में प्रवक्ता मनोज कुमार ने बताया कि 29 मार्च की शाम करीब साढ़े 5 बजे घर पर थे। घर के पास ही बच्चे खेल रहे थे। एक बछड़ा बच्चों के पीछे दौड़ने लगा। जब मनोज बच्चों को बचाने के लिए एक छोटी सी डंडी लेकर बछड़े की ओर गए तो बछड़े ने उन पर हमला बोल दिया। एक दीवार के पास पटक दिया। लावारिस गोवंश दोबारा हमला करने ही वाला था कि इसी बची मनोज कुमार के बेटे नीतेश ने अपने बल्ले से मारकर गोवंश को भगाया। मनोज कुमार ने बताया कि उसे कुछ चोटें आई। यह लावारिस गोवंश पूरे एरिया में आतंक का प्रयाय बना है।
विज्ञापन
विज्ञापन


धर्मबीर पटवारी ने अपनी पीड़ा सुनाते हुए बताया कि 20 जुलाई 2018 को महेंद्रगढ़ सब्जी मंडी में सीएम की रैली के लिए तैयारियों को जांच रहे थे, जिसमें एडीसी, एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार भी शामिल थे। पीछे की ओर खड़े पटवारी धर्मबीर को लावारिस पशु ने सींगो पर उठाकर कई फीट ऊपर उछाल दिया। गनीमत रही कि वह एक गाड़ी के बोनट पर गिरते हुए नीचे पड़े। अगर सीधे जमीन पर आते तो कई हड्डियां टूट जाती। धर्मबीर पटवारी ने कहा कि गोवंश को लेकर देखकर अब पहले ही दूर हो जाता हूं।

सोमबीर ने बताया कि लावारिस पशु उसे चोटिल कर चुके हैं। पूरे शहर में लावारिस गोवंश का आतंक है। कहीं भी जाओ पशुओं का सामना करना ही पड़ेगा। अब कहां कहां बचेंगे। सोमबीर ने कहा कि गोवंश ने उसे सींग से मारा तो उसे कुछ चोट आई थी। उसे घाव तो भर गए लेकिन मन में हमेशा के लिए डर बैठ गया। अब घर से निकलते ही मन में डर रहता है। पता नहीं पशु कहां से आकर मार देगा।


बुचौली रोड निवासी निरंजन ने बताया कि लावारिस पशुओं के कारण चारों ओर खतरा रहता है। उसने बताया कि वह भी पशु की चपेट में आकर घायल हो चुका है। पशु की चोट के कारण कई दिन तक काम पर नहीं जा सका। नगर पालिका को लावारिस पशुओं को पकड़ने के लिए शिकायत भी दी थी। पालिका ने पशुओं को पकड़ने के लिए अभी कोई अभियान नहीं चलाया। अब आचार संहिता का हवाला दे रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed