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1280 एकड़ में बनेगा मल्टी मॉडल लॉजिस्टक हब
Updated Wed, 20 Jun 2018 12:40 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
निजामपुर/नारनौल। उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि जिले में बनने वाला मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक हब हरियाणा का विकास द्वार बनेगा। केंद्रीय कैबिनेट कमेटी ने इस प्रोजेक्ट के लिए 1029 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति दे दी है। सरकार प्रोजेक्ट पर सरकार जल्द से जल्द शुरू करवाना चाहती है।
मंत्री गोयल ने उक्त बात मंगलवार को जिले में दिल्ली-मुंबई फ्रेट कॉरिडोर के साथ बनने वाले मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक हब की साइट का दौरा करते हुए कही। इस दौरान उनके साथ अतिरिक्त मुख्य सचिव देवेंद्र सिंह, नांगल चौधरी के विधायक डॉ. अभय सिंह यादव व नारनौल के विधायक ओमप्रकाश यादव भी मौजूद रहे। उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री ने कहा कि इस प्रोजेक्ट व सड़कों के लिए 1280 एकड़ जमीन सीधे किसानों से खरीदी जानी है। इसमें से अब तक 915 एकड़ खरीदी जा चुकी है। जमीन खरीदने का कार्य लगभग 72 फीसदी पूरा हो चुका है। इसकी साइट का ले-ऑउट प्लान तैयार हो चुका है।
उन्होंने कहा कि शेष बची हुई जमीन के लिए 17 नवंबर 2017 में हरियाणा कंसोलिडेशन स्पेशल एक्ट 2017 लागू हो चुका है। इसके लिए एसडीएम नारनौल को सक्षम प्राधिकारी बनाया गया है। इसमें 74.58 एकड़ जमीन में अंदरूनी हिस्सों में 60 मीटर चौड़ी सड़क बनेगी। इसके लिए गांव शाहपुर अव्वल, बसीरपुर, मुकंदपुरा व ताजीपुर की जमीन ली गई है। इसके अलावा गांव तलोट, घाटासेर व बसीरपुर की जमीन इस प्रोजेक्ट के लिए ली जा रही है।
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इससे पूर्व मंत्री ने नारनौल के पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में इस प्रोजेक्ट के दायरे में आने वाले गांवों के नागरिकों व जनप्रतिनिधियों से बातचीत की। उन्होंने ग्रामीणों इस प्रोजेक्ट को जल्द शुरू करवाने में अपना सहयोग देने की अपील। उन्होंने ग्रामीणों को कहा कि यह बनने के बाद आने वाली पीढ़ियों का भविष्य स्वर्णिम होगा। यहां पर दुनिया भर की बड़ी-बड़ी कंपनियां अपना उद्योग स्थापित करने के लिए आएंगी।
इस मौके पर उद्योग विभाग के निदेशक अशोक सांगवान, उपायुक्त डॉ. गरिमा मित्तल, एचएसआईडीसी के अतिरिक्त प्रबंध निदेशक नरहरि बांगड़, अतिरिक्त उपायुक्त महावीर प्रसाद, एसडीएम जगदीश शर्मा, सीनियर मैनेजर एस्टेट एसएस लांबा के अलावा अन्य अधिकारी मौजूद थे।
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निजामपुर/नारनौल। उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि जिले में बनने वाला मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक हब हरियाणा का विकास द्वार बनेगा। केंद्रीय कैबिनेट कमेटी ने इस प्रोजेक्ट के लिए 1029 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति दे दी है। सरकार प्रोजेक्ट पर सरकार जल्द से जल्द शुरू करवाना चाहती है।
मंत्री गोयल ने उक्त बात मंगलवार को जिले में दिल्ली-मुंबई फ्रेट कॉरिडोर के साथ बनने वाले मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक हब की साइट का दौरा करते हुए कही। इस दौरान उनके साथ अतिरिक्त मुख्य सचिव देवेंद्र सिंह, नांगल चौधरी के विधायक डॉ. अभय सिंह यादव व नारनौल के विधायक ओमप्रकाश यादव भी मौजूद रहे। उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री ने कहा कि इस प्रोजेक्ट व सड़कों के लिए 1280 एकड़ जमीन सीधे किसानों से खरीदी जानी है। इसमें से अब तक 915 एकड़ खरीदी जा चुकी है। जमीन खरीदने का कार्य लगभग 72 फीसदी पूरा हो चुका है। इसकी साइट का ले-ऑउट प्लान तैयार हो चुका है।
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उन्होंने कहा कि शेष बची हुई जमीन के लिए 17 नवंबर 2017 में हरियाणा कंसोलिडेशन स्पेशल एक्ट 2017 लागू हो चुका है। इसके लिए एसडीएम नारनौल को सक्षम प्राधिकारी बनाया गया है। इसमें 74.58 एकड़ जमीन में अंदरूनी हिस्सों में 60 मीटर चौड़ी सड़क बनेगी। इसके लिए गांव शाहपुर अव्वल, बसीरपुर, मुकंदपुरा व ताजीपुर की जमीन ली गई है। इसके अलावा गांव तलोट, घाटासेर व बसीरपुर की जमीन इस प्रोजेक्ट के लिए ली जा रही है।
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इससे पूर्व मंत्री ने नारनौल के पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में इस प्रोजेक्ट के दायरे में आने वाले गांवों के नागरिकों व जनप्रतिनिधियों से बातचीत की। उन्होंने ग्रामीणों इस प्रोजेक्ट को जल्द शुरू करवाने में अपना सहयोग देने की अपील। उन्होंने ग्रामीणों को कहा कि यह बनने के बाद आने वाली पीढ़ियों का भविष्य स्वर्णिम होगा। यहां पर दुनिया भर की बड़ी-बड़ी कंपनियां अपना उद्योग स्थापित करने के लिए आएंगी।
इस मौके पर उद्योग विभाग के निदेशक अशोक सांगवान, उपायुक्त डॉ. गरिमा मित्तल, एचएसआईडीसी के अतिरिक्त प्रबंध निदेशक नरहरि बांगड़, अतिरिक्त उपायुक्त महावीर प्रसाद, एसडीएम जगदीश शर्मा, सीनियर मैनेजर एस्टेट एसएस लांबा के अलावा अन्य अधिकारी मौजूद थे।