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53 हजार डिफॉल्टर उपभोक्ताओं में फंसे थे 113 करोड़,66 प्रतिशत ने अपनाई बिल सेटलमेंट योजना
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अमर उजाला ब्यूरो
महेंद्रगढ़। दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण की बिल सेटलमेंट योजना वीरवार को खत्म हो जाएगी। 66 प्रतिशत से अधिक डिफाल्टर उपभोक्ताओं ने योजना में हिस्सा लिया। जिले के 53 हजार डिफाल्टर बिजली उपभोक्ताओं पर 113 करोड़ रुपये का बिल बकाया था। इनमें से 35 हजार उपभोक्ताओं ने योजना का लाभ उठाते हुए 9.9 करोड़ रुपये जमा करवाकर करीब 58 करोड़ रुपये माफ करवा लिए। करीब 18 हजार डिफाल्टर उपभोक्ताओं ने योजना में हिस्सा नहीं लिया। इन डिफाल्टर उपभोक्ताओं में बिजली निगम के करीब 45 करोड़ रुपये फंसे रह गए हैं। अब बचे हुए डिफाल्टर उपभोक्ताओं के खिलाफ निगम एक फरवरी के बाद कनेक्शन काटने का अभियान शुरू करेगा।
बता दें कि डीएचबीवीएन ने नवंबर माह में बिजली बिल सेटलमेंट योजना शुरू की थी। एक माह के लिए शुरू की गई यह योजना पहले 31 दिसंबर तक शुरू की थी, लेकिन उपभोक्ताओं का रुझान देखकर निगम ने योजना का 31 जनवरी तक बढ़ा दी थी। योजना के तहत बिजली निगम ने करीब 66 प्रतिशत का लक्ष्य हासिल किया। महेंद्रगढ़ जिले में बिजली निगम के कुल 53 हजार 289 उपभोक्ता डिफाल्टर थे। इन उपभोक्ताओं पर निगम के 113 करोड़ 29 लाख रुपये बकाया थे। लंबे समय से यह उपभोक्ता बिल अदा नहीं कर रहे थे। ग्रामीण क्षेत्रों में 41 हजार 550 उपभोक्ता डिफाल्टर हो चुके थे। शहरी क्षेत्र में 11 हजार 739 उपभोक्ता डिफाल्टर थे। बिल माफी योजना के तहत ग्रामीण एरिया में 29148 उपभोक्ताओं ने योजना में हिस्सा लेकर डिफाल्टर होने का दाग धो लिया तो शहरी क्षेत्र के 6153 उपभोक्ताओं ने बिजली बिल सेटलमेंट कराई। कुल 35 हजार 301 उपभोक्ताओं ने स्कीम का लाभ उठाया। अब निगम के 17901 डिफाल्टर रह गए हैं।
9.94 करोड़ जमा कराए 58 करोड़ हुए माफ
बिजली निगम के डिफाल्टरों में 113 करोड़ 29 लाख रुपये फंसे हुए थे, जिसमें से उपभोक्ताओं ने 9.94 करोड़ रुपये जमा कराए। बिजली निगम ने योजना के तहत उक्त डिफाल्टर उपभोक्ताओं के 58 करोड़ 36 लाख रुपये के माफ कर दिए।
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17901 उपभोक्ताओं में फंसे 45 करोड़
बिजली निगम के अब 17901 उपभोक्ताओं पर 44.99 करोड़ रुपये रह गए हैं। निगम के आंकड़ों के अनुसार डिफाल्टरों में 45907 घरेलू कनेक्शन वाले उपभोक्ता थे। 7282 गैर घरेलू उपभोक्ता थे। इसमें से 32893 घरेलू उपभोक्ताओं ने बिल अदा कर दिए। 2408 गैर घरेलू उपभोक्ताओं ने निगम की योजना का फायदा उठाया।
वर्जन
बिजली बिल सेटलमेंट योजना काफी अच्छी साबित हुुई। करीब 66 प्रतिशत डिफाल्टर उपभोक्ताओं ने योजना में हिस्सा लेकर बिल जमा कराए। 53 हजार उपभोक्ताओं में से 35 हजार से अधिक उपभोक्ता सेटलमेंट के बाद सामान्य श्रेणी में आ गए। एक फरवरी के बाद डिफाल्टर उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटने का अभियान शुरू करेंगे।
- बुधराम पंवार, कार्यकारी अभियंता, डीएचबीवीएन, महेंद्रगढ़।
कहां कितने डिफाल्टर
सब डिविजन डिफाल्टर बिल जमा कराने वाले डिफाल्टर
सिटी नारनौल 5371 2904
सब अर्बन नारनौल 8159 4862
अटेली 5457 5144
नांगल चौधरी 9195 6251
सिटी महेंद्रगढ़ 8986 4962
सब अर्बन महेंद्रगढ़ 7721 4770
कनीना 8400 6408
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महेंद्रगढ़। दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण की बिल सेटलमेंट योजना वीरवार को खत्म हो जाएगी। 66 प्रतिशत से अधिक डिफाल्टर उपभोक्ताओं ने योजना में हिस्सा लिया। जिले के 53 हजार डिफाल्टर बिजली उपभोक्ताओं पर 113 करोड़ रुपये का बिल बकाया था। इनमें से 35 हजार उपभोक्ताओं ने योजना का लाभ उठाते हुए 9.9 करोड़ रुपये जमा करवाकर करीब 58 करोड़ रुपये माफ करवा लिए। करीब 18 हजार डिफाल्टर उपभोक्ताओं ने योजना में हिस्सा नहीं लिया। इन डिफाल्टर उपभोक्ताओं में बिजली निगम के करीब 45 करोड़ रुपये फंसे रह गए हैं। अब बचे हुए डिफाल्टर उपभोक्ताओं के खिलाफ निगम एक फरवरी के बाद कनेक्शन काटने का अभियान शुरू करेगा।
बता दें कि डीएचबीवीएन ने नवंबर माह में बिजली बिल सेटलमेंट योजना शुरू की थी। एक माह के लिए शुरू की गई यह योजना पहले 31 दिसंबर तक शुरू की थी, लेकिन उपभोक्ताओं का रुझान देखकर निगम ने योजना का 31 जनवरी तक बढ़ा दी थी। योजना के तहत बिजली निगम ने करीब 66 प्रतिशत का लक्ष्य हासिल किया। महेंद्रगढ़ जिले में बिजली निगम के कुल 53 हजार 289 उपभोक्ता डिफाल्टर थे। इन उपभोक्ताओं पर निगम के 113 करोड़ 29 लाख रुपये बकाया थे। लंबे समय से यह उपभोक्ता बिल अदा नहीं कर रहे थे। ग्रामीण क्षेत्रों में 41 हजार 550 उपभोक्ता डिफाल्टर हो चुके थे। शहरी क्षेत्र में 11 हजार 739 उपभोक्ता डिफाल्टर थे। बिल माफी योजना के तहत ग्रामीण एरिया में 29148 उपभोक्ताओं ने योजना में हिस्सा लेकर डिफाल्टर होने का दाग धो लिया तो शहरी क्षेत्र के 6153 उपभोक्ताओं ने बिजली बिल सेटलमेंट कराई। कुल 35 हजार 301 उपभोक्ताओं ने स्कीम का लाभ उठाया। अब निगम के 17901 डिफाल्टर रह गए हैं।
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9.94 करोड़ जमा कराए 58 करोड़ हुए माफ
बिजली निगम के डिफाल्टरों में 113 करोड़ 29 लाख रुपये फंसे हुए थे, जिसमें से उपभोक्ताओं ने 9.94 करोड़ रुपये जमा कराए। बिजली निगम ने योजना के तहत उक्त डिफाल्टर उपभोक्ताओं के 58 करोड़ 36 लाख रुपये के माफ कर दिए।
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17901 उपभोक्ताओं में फंसे 45 करोड़
बिजली निगम के अब 17901 उपभोक्ताओं पर 44.99 करोड़ रुपये रह गए हैं। निगम के आंकड़ों के अनुसार डिफाल्टरों में 45907 घरेलू कनेक्शन वाले उपभोक्ता थे। 7282 गैर घरेलू उपभोक्ता थे। इसमें से 32893 घरेलू उपभोक्ताओं ने बिल अदा कर दिए। 2408 गैर घरेलू उपभोक्ताओं ने निगम की योजना का फायदा उठाया।
वर्जन
बिजली बिल सेटलमेंट योजना काफी अच्छी साबित हुुई। करीब 66 प्रतिशत डिफाल्टर उपभोक्ताओं ने योजना में हिस्सा लेकर बिल जमा कराए। 53 हजार उपभोक्ताओं में से 35 हजार से अधिक उपभोक्ता सेटलमेंट के बाद सामान्य श्रेणी में आ गए। एक फरवरी के बाद डिफाल्टर उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटने का अभियान शुरू करेंगे।
- बुधराम पंवार, कार्यकारी अभियंता, डीएचबीवीएन, महेंद्रगढ़।
कहां कितने डिफाल्टर
सब डिविजन डिफाल्टर बिल जमा कराने वाले डिफाल्टर
सिटी नारनौल 5371 2904
सब अर्बन नारनौल 8159 4862
अटेली 5457 5144
नांगल चौधरी 9195 6251
सिटी महेंद्रगढ़ 8986 4962
सब अर्बन महेंद्रगढ़ 7721 4770
कनीना 8400 6408