बाबैन। जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा पीने के पानी की जांच करने के लिए बाबैन, बिंट, कसीथल, रामपुरा, कलाल माजरा, जालखेड़ी सहित गांवों में विशेष अभियान चलाया गया। जनस्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता सुमित गर्ग की देखरेख में चलाए गए इस अभियान में बीआरसी सोमपाल, गुलशन कुमार, जेई महावीर सिंह, उज्जवल, दयानंद, जगदीश व ओमप्रकाश की टीम ने पानी के सैंपल एकत्रित किए।
बीआरसी सोमपाल ने कहा कि समय-समय पर पानी की टेस्टिंग करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि पानी की टेस्टिंग से पानी में उपस्थित हानिकारक बैक्टीरिया, वायरस, और रसायनों (जैसे आर्सेनिक, फ्लोराइड, और नाइट्रेट) की पहचान होती है, जो बीमारियों का कारण बन सकते हैं। उन्होंने कहा कि समय पर पानी की टेस्टिंग होने से दूषित पानी के सेवन से होने वाले रोग, जैसे टाइफाइड, हैजा, हेपेटाइटिस और डायरिया से बचाव होता है। उन्होंने कहा कि पानी की टेस्टिंग से यह पता चलता है कि पानी पीने योग्य है या नहीं जिससे पानी की गुणवत्ता में सुधार के लिए आवश्यक उपाय किए जा सकते हैं।