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तीर्थ पुरोहितों को पहचान पत्र होंगे जारी
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सूर्यग्रहण के मेले पर श्रीब्राह्मण एवं तीर्थोद्धार सभा तीर्थ पुरोहितों को पहचान पत्र जारी करेगी। सभा द्वारा अधिकृत पहचान पत्र धारक तीर्थ पुरोहित ही सूर्यग्रहण मेले में सन्निहित सरोवर और ब्रह्मसरोवर पर पूजा अर्चना करवाने के अधिकारी होंगे। यह जानकारी देते हुए सभा के प्रधान श्याम सुंदर तिवारी ने बताया कि पहचान पत्र बनाने के लिए तीर्थ पुरोहित वर्धराज मंदिर दो पासपोर्ट साइज फोटो वर्धराज मंदिर में जमा करवानी होगी, जिसके बाद उन्हें पहचान पत्र जारी किया जाएगा।
तिवारी ने बताया कि पहचान पत्र धारक तीर्थ पुरोहितों की सूची सभा द्वारा कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड के कार्यालय में सौंपी जाएगी। इस प्रकार जिन तीर्थ पुरोहितों के पास सभा द्वारा जारी पहचान पत्र होंगे वही तीर्थ पुरोहित सूर्यग्रहण में श्रद्धालुओं से पूजा अर्चना करवाने के अधिकारी होंगे, अन्य किसी बाहरी ब्राह्मण को तीर्थों पर सूर्यग्रहण के दौरान पूजा करवाने का कोई अधिकार नहीं होगा।
उन्होंने बताया कि शास्त्रों के अनुसार सूर्यग्रहण में स्थानीय तीर्थ पुरोहितों से ही पूजा करवाने का अधिकार है और स्थानीय तीर्थ पुरोहितों को ही दान देने से ही पुण्य की प्राप्ति होती है। इसलिए श्रद्धालुओं से अपील कि वे पहचान पत्र धारक तीर्थ पुरोहितों से ही पूजा करवाकर पुण्य के भागी बने। उन्होंने सूर्यग्रहण के अवसर पर आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की कि वे धर्मनगरी को साव सुथरा रखने के लिए सहयोग दें और सफाई का विशेष ध्यान रखें। उन्होंने बताया कि सूर्यग्रहण पर शास्त्रों के अनुसार ब्रह्मसरोवर के साथ-साथ सन्निहित सरोवर में स्नान, पूजन व दान करने का विशेष महत्व है। सभा की ओर से भी मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए विशेष प्रबंध किए जाएंगे ताकि आने वाले श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो।
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तिवारी ने बताया कि पहचान पत्र धारक तीर्थ पुरोहितों की सूची सभा द्वारा कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड के कार्यालय में सौंपी जाएगी। इस प्रकार जिन तीर्थ पुरोहितों के पास सभा द्वारा जारी पहचान पत्र होंगे वही तीर्थ पुरोहित सूर्यग्रहण में श्रद्धालुओं से पूजा अर्चना करवाने के अधिकारी होंगे, अन्य किसी बाहरी ब्राह्मण को तीर्थों पर सूर्यग्रहण के दौरान पूजा करवाने का कोई अधिकार नहीं होगा।
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उन्होंने बताया कि शास्त्रों के अनुसार सूर्यग्रहण में स्थानीय तीर्थ पुरोहितों से ही पूजा करवाने का अधिकार है और स्थानीय तीर्थ पुरोहितों को ही दान देने से ही पुण्य की प्राप्ति होती है। इसलिए श्रद्धालुओं से अपील कि वे पहचान पत्र धारक तीर्थ पुरोहितों से ही पूजा करवाकर पुण्य के भागी बने। उन्होंने सूर्यग्रहण के अवसर पर आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की कि वे धर्मनगरी को साव सुथरा रखने के लिए सहयोग दें और सफाई का विशेष ध्यान रखें। उन्होंने बताया कि सूर्यग्रहण पर शास्त्रों के अनुसार ब्रह्मसरोवर के साथ-साथ सन्निहित सरोवर में स्नान, पूजन व दान करने का विशेष महत्व है। सभा की ओर से भी मेले में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए विशेष प्रबंध किए जाएंगे ताकि आने वाले श्रद्धालुओं को कोई असुविधा न हो।
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