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रैली करने पहुंचे भाकियू प्रदेशाध्यक्ष सहित 300 किसानों पर मामला दर्ज

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 12 Sep 2020 01:27 AM IST
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case filed on 300 farmer included  bhartiya kisan union leader
तीन अध्यादेशों के विरोध में रैली करने वाले भाकियू प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी, प्रदेश प्रवक्ता राकेश बैंक, जिला प्रधान कृष्ण सहित 300 से किसानों के खिलाफ पुलिस ने केस दर्ज किया है। इसमें थानेसर सदर और शाहाबाद थाना में किसानों के खिलाफ हत्या के प्रयास, सरकारी आदेशों का उल्लंघन व आपदा प्रबंधन अधिनियम का उल्लंघन करने के आरोप में दो मामले और सदर थाना पुलिस में 8-बी राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम व 3-पीडीपीपी एक्ट और रास्ता रोकने का केस दर्ज किया है। वहीं मामूमाजरा के किसान पर एसडीएम को जाने से मारने के प्रयास का मामला दर्ज किया गया है। समाचार लिखे जाने तक कोई गिरफ्तारी नहीं हो पाई। वहीं भाकियू प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह ने कहा है सरकार तारीख व समय बताएं वह खुद जेल जाने को तैयार है।
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थाना शाहाबाद में दी शिकायत में थाना प्रभारी देवेंद्र कुमार ने बताया कि सरकार ने कोरोना को देखते हुए किसानों की पिपली रैली पर रोक लगाई हुई थी। उसके बावजूद भी भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी ने अधिक संख्या में किसानों को पिपली पंहुचने के लिए कहा। रैली वाले दिन वह पुलिस टीम के साथ शरीफगढ़ जीटी रोड पर नाके पर थे। इस बीच एसडीएम डॉ. किरण सिंह, तहसीलदार टीआर गौतम व नपा सचिव सुरेंद्र मलिक मौके पर आ गए। इसी बीच भाकियू के प्रेस प्रवक्ता राकेश बैंस, पंकज हबाना करीब सौ से डेढ़ सौ किसानों को ट्रेक्टर-ट्रालियों, बाइकों व अन्य वाहनों में लेकर आ गया। मौजूद अधिकारियों व पुलिस ने किसानों को रोकने की कोशिश की तो इन किसानों ने मछरौली जाने वाली सड़क के पास जीटी रोड जाम करने की कोशिश की। कुछ देर बाद जसबीर सिंह मामूमाजरा करीब सौ डेढ़ सौ किसानों को लेकर आ गए। इस दौरान मामूमाजरा के किसान ने सड़क पर किसानों को समझा रही एसडीएम डॉ. किरण सिंह पर जान से मारने की नीयत से ट्रैक्टर चढ़ाने की कोशिश की। अगर डॉ. किरण साइड में न हटती तो वह एसडीएम पर ट्रैक्टर चढ़ा देता। इस तरह किसान बेरिकेट तोड़ते हुए पिपली की ओर आगे बढ़ गए। शिकायत पर पुलिस ने प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी, प्रेस प्रवक्ता राकेश बैंस, जसबीर सिंह मामूमाजरा व पंकज हबाना सहित करीब 300 किसानों पर धारा 144 तोड़ने, नियमों की अवहेलना करने सहित कईं धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।
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सदर थाना थानेसर में दर्ज हुए दूसरे मामले में एसएचओ नरेश कुमार ने बताया कि पिपली चौक पर गांव बिहोली निवासी जसविंद्र सिंह, गांव मामू माजरा निवासी जसबीर सिंह, कप्तान सिंह, रामनगर निवासी बलकार सिंह, माजरी मोहल्ला निवासी राकेश, चकचानपुर निवासी लाल चंद, बीड़ मथाना निवासी महिंद्र सिंह, इंद्री के पूर्व सरपंच ऋषिपाल, बीबीपुर जाटान निवासी रामपाल, बारवा निवासी सोहन सिंह, भाकियू के जिलाध्यक्ष कृष्ण, प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढुनी, सुरेश कुमार, खरींडवा निवासी सज्जन सिंह व मथाना निवासी कर्म सिंहने सरकार के आदेशों का उल्लंघन किया। आरोपियों ने अपने वाहनों से पुलिस अधिकारियों को कुचलने का प्रयास किया और सरकारी ड्यूटी में बाधा पहुंचाई। आरोपियों ने पुलिस अधिकारियोंव कर्मचारियों के साथ हाथापाई भी की। तीसरे मामले में ड्यूटी मजिस्ट्रेट साहब सिंह ने सदर थाना पुलिस में शिकायत दर्ज कराई कि भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढुनी,भाकियू के जिलाध्यक्ष कृष्ण, गांव बिहोली निवासी जसविंद्र सिंह, कप्तान सिंह, माजरी मोहल्ला निवासी राकेश, गांव मामू माजरा निवासी जसबीर सिंह, रामनगर निवासी बलकार सिंह, चकचानपुर निवासी लाल चंद, बीड़ मथाना निवासी महिंद्र सिंह, इंद्री के पूर्व सरपंच ऋषिपाल, बीबीपुर जाटान निवासी रामपाल, बारवा निवासी सोहन सिंह, सुरेश कुमार, खरींडवा निवासी सज्जन सिंहव मथाना निवासी कर्म सिंह ने सरकार के आदेशों का उल्लंघन किया। तीनों मामलों में अभी गिरफ्तारी बाकी है।
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मुकदमों से नहीं घबराते किसान
शाहाबाद पुलिस द्वारा दर्ज किए गए मामलों पर पक्ष देते हुए भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी व भाकियू के प्रेस प्रवक्ता राकेश बैंस ने कहा कि पुलिस द्वारा दर्ज किए जा रहे मुकदमों से किसान घबराने वाले नहीं है और न ही न ही अपने आंदोलन को वापस लेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार समय व तारीख किसान गिरफ्तारी देकर जेल जाने को तैयार हैं। उन्होंने कहा कि किसानों की पिपली रैली से प्रदेश सरकार बौखलाहट में है और किसानों को दबाने का प्रयास कर रही है। लेकिन जब तक काले अध्यादेशों को वापस नहीं लिया जाता तब तक किसानों का संघर्ष जारी रहेगा।
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