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Kurukshetra News: शहर में 200 कोचिंग संस्थान, फायर अनापत्ति प्रमाणपत्र सिर्फ दाे के पास
Tue, 23 Jun 2026 03:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र
Updated Tue, 23 Jun 2026 03:14 AM IST
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कुरुक्षेत्र। इस तरह बहुमंजिला इमारतों व भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में संचालित हो रही हैं कोचिंग स
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कुरुक्षेत्र। शहर में करीब 200 कोचिंग संस्थान संचालित हैं। इनमें आईलेट्स, बैंकिंग, एसएससी, यूपीएससी, एचएसएससी, रेलवे, डिफेंस, नीट, जेई-मैंस और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करवाने वाले संस्थान शामिल हैं।
चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से केवल दो संस्थानों के पास ही दमकल विभाग की अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) है। जिन संस्थानों ने एनओसी ली हुई है, वहां भी सुरक्षा मानकों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
एक एनओसी धारक कोचिंग संस्थान ने अपनी सीढि़यों में बिना किसी पानी की आपूर्ति करने वाली पाइप के ट्यूब बॉक्स लटका रखा है, जब उसके अंदर जाकर देखा तो उसके पास दो आग बुझाने के सिलिंडर थे, जो उसके गार्ड की कुर्सी के पास पड़े थे और उनकी मियाद निकल चुकी थी। संचालकों से बात करने पर जबाव मिलता है कि उनके पास दमकल विभाग से एनओसी है और सिलिंडरों की मियाद आज ही पूरी हुई है।
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सुरक्षा के नाम पर सिर्फ दिखावा
शहर के कई कोचिंग संस्थान बहुमंजिला इमारतों में संचालित हो रहे हैं। कहीं पहली, दूसरी और तीसरी मंजिल पर सैकड़ों छात्र पढ़ रहे हैं तो कहीं बेसमेंट तक में कक्षाएं लगाई जा रही हैं। जबकि दिल्ली में हुए चर्चित कोचिंग हादसे के बाद बेसमेंट में कोचिंग संचालन पर स्पष्ट रोक लगाई जा चुकी है। जब मौके पर कई संस्थानों में जाकर पड़ताल की गई तो सिर्फ एक दो ही संस्थानों में आग बुझाने के नाम पर केवल पांच-पांच किलो के एक-दो सिलिंडर लटके मिले। न तो पर्याप्त फायर फाइटिंग सिस्टम है, न इमरजेंसी अलार्म, न ही आपातकालीन निकासी की समुचित व्यवस्था। ऐसे में यदि किसी भवन में आग लग जाए तो सैकड़ों छात्रों की जान खतरे में पड़ सकती है।
हर दिन हजारों छात्र पहुंचते हैं संस्थान में पढ़ने
सुबह से देर शाम तक शहर के कोचिंग संस्थानों में हजारों छात्र-छात्राओं की आवाजाही रहती है। कई संस्थानों में एक समय में 100 से 300 तक छात्र मौजूद रहते हैं। इन संस्थानों में लगभग की संकरी सीढ़ियां हैं, न ही किसी में आपातकालीन रास्ता है और सभी भीड़भाड़ वाली इमारतों में संचालित है। शहर में अधिकांश कोचिंग संस्थान सुरक्षा मानकों पर खरे नहीं उतर रहे है।
संस्थानों की होगी जांच : संदीप
जिला दमकल अधिकारी संदीप ने बताया कि विभाग ने हाल ही में रोहतक में हुए होटल अग्निकांड के बाद जिले के होटलों की जांच अभियान चलाया हुआ है और अब तक 85 होटलों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। विभाग का कहना है कि अब लखनऊ अग्निकांड के बाद कोचिंग संस्थानों की भी जांच की जाएगी। संवाद
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चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से केवल दो संस्थानों के पास ही दमकल विभाग की अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) है। जिन संस्थानों ने एनओसी ली हुई है, वहां भी सुरक्षा मानकों को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
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एक एनओसी धारक कोचिंग संस्थान ने अपनी सीढि़यों में बिना किसी पानी की आपूर्ति करने वाली पाइप के ट्यूब बॉक्स लटका रखा है, जब उसके अंदर जाकर देखा तो उसके पास दो आग बुझाने के सिलिंडर थे, जो उसके गार्ड की कुर्सी के पास पड़े थे और उनकी मियाद निकल चुकी थी। संचालकों से बात करने पर जबाव मिलता है कि उनके पास दमकल विभाग से एनओसी है और सिलिंडरों की मियाद आज ही पूरी हुई है।
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सुरक्षा के नाम पर सिर्फ दिखावा
शहर के कई कोचिंग संस्थान बहुमंजिला इमारतों में संचालित हो रहे हैं। कहीं पहली, दूसरी और तीसरी मंजिल पर सैकड़ों छात्र पढ़ रहे हैं तो कहीं बेसमेंट तक में कक्षाएं लगाई जा रही हैं। जबकि दिल्ली में हुए चर्चित कोचिंग हादसे के बाद बेसमेंट में कोचिंग संचालन पर स्पष्ट रोक लगाई जा चुकी है। जब मौके पर कई संस्थानों में जाकर पड़ताल की गई तो सिर्फ एक दो ही संस्थानों में आग बुझाने के नाम पर केवल पांच-पांच किलो के एक-दो सिलिंडर लटके मिले। न तो पर्याप्त फायर फाइटिंग सिस्टम है, न इमरजेंसी अलार्म, न ही आपातकालीन निकासी की समुचित व्यवस्था। ऐसे में यदि किसी भवन में आग लग जाए तो सैकड़ों छात्रों की जान खतरे में पड़ सकती है।
हर दिन हजारों छात्र पहुंचते हैं संस्थान में पढ़ने
सुबह से देर शाम तक शहर के कोचिंग संस्थानों में हजारों छात्र-छात्राओं की आवाजाही रहती है। कई संस्थानों में एक समय में 100 से 300 तक छात्र मौजूद रहते हैं। इन संस्थानों में लगभग की संकरी सीढ़ियां हैं, न ही किसी में आपातकालीन रास्ता है और सभी भीड़भाड़ वाली इमारतों में संचालित है। शहर में अधिकांश कोचिंग संस्थान सुरक्षा मानकों पर खरे नहीं उतर रहे है।
संस्थानों की होगी जांच : संदीप
जिला दमकल अधिकारी संदीप ने बताया कि विभाग ने हाल ही में रोहतक में हुए होटल अग्निकांड के बाद जिले के होटलों की जांच अभियान चलाया हुआ है और अब तक 85 होटलों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। विभाग का कहना है कि अब लखनऊ अग्निकांड के बाद कोचिंग संस्थानों की भी जांच की जाएगी। संवाद

कुरुक्षेत्र। इस तरह बहुमंजिला इमारतों व भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में संचालित हो रही हैं कोचिंग स

कुरुक्षेत्र। इस तरह बहुमंजिला इमारतों व भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में संचालित हो रही हैं कोचिंग स