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फर्जी राशन कार्ड से हड़प रहे गरीबों का राशन, दो नए केस
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संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। फर्जी राशन कार्ड बनाने और गरीबों का राशन डकारने के मामले बढ़ते जा रहे हैं। डीएफएससी विभाग की ओर से सेक्टर-32,33 थाना में दो और मामले दर्ज कराए गए हैं। पहले मामले में 33 फर्जी राशन कार्ड बनाकर उसका राशन हड़पने और दूसरे में डिपो धारक की ओर से राशन नहीं बांटने के आरोप हैं। फर्जी राशन कार्ड बनाने में माडल टाउन निवासी राजकरण, डिपो धारक विनोद कुमार, ललिता और सुरेश नामजद हैं, जबकि दूसरे मामले में डिपो धारक जितेंद्र डिपो धारक चार चमन, विकास कुमार डिपो धारक इंद्रा कॉलोनी और अरुण उर्फ अभिषेक निवासी इंद्रा कॉलोनी शामिल हैं।
विदित हो कि अभी तक डीएफएससी विभाग की ओर से इस तरह के पांच मामले दर्ज कराए गए हैं, जिनमें 225 राशन कार्ड फर्जी बनाए गए हैं और करीब 99 लाख रुपये का राशन का गबन किया गया है। इन मामलों में पुलिस अभी तक डीएफएससी निरीक्षक सहित करीब तीन लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें एक आरोपी अरुण उर्फ अभिषेक कुछ दिन पहले पेशी के दौरान कोर्ट परिसर की दूसरी मंजिल से भी कूद गया था, जिसे रीढ़ की हड्डी में चोट लगी हुई है। फर्जी राशन कार्ड में यह भी खुलासा हुआ है कि आरोपी फर्जी राशन कार्ड बनाने के लिए जिले के एक व्यक्ति को लेते थे और फिर उसमें सात से आठ यूपी के लोगों को जोड़ देते थे। इस तरह फर्जी बीपीएल राशन कार्ड बनाए गए हैं, जिनका एडीसी कार्यालय से जारी बीपीएल लिस्ट में नाम भी नहीं होता था।
नॉमिनी बनकर किया जाता था राशन गबन
आरोप है कि पकड़ा गया आरोपी अरुण उर्फ अभिषेक निवासी इंद्रा कॉलोनी चार चमन डिपो धारक जितेंद्र की पीओएस मशीन में नॉमिनी था और वही सभी के साथ मिलकर राशन का गबन करता था।
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इसी प्रकार दूसरे मामले में मॉडल टाउन स्थित विनोद के डिपो में ललिता नाम की महिला नॉमिनी थी और वहीं एक और डिपो जिसकी सप्लाई विनोद के डिपो से जुड़ी थी। उस मशीन में राजकरण नॉमिनी था, जो फर्जी 33 राशन कार्ड के राशन का गबन कर रहा था। फिलहाल यह आरोपी फरार है।
शिकायतकर्ता ने लगाई सुरक्षा की गुहार
इन मामलों की शिकायत देने वाले गांव खराजपुर निवासी विकास का कहना है कि इस मामले में अरुण उर्फ अभिषेक के साथ राजकरण मुख्य आरोपी है। ये दोनों मिलकर फर्जी राशन कार्ड बनाकर राशन डकार रहे थे। शिकायतकर्ता का कहना है कि उसे दो बार धमकी मिल चुकी है। इस बारे में उसने जिला पुलिस से भी सुरक्षा की गुहार लगाई है तो वहीं हाई कोर्ट में भी अपील डाली है ताकि उसे सुरक्षा मिल सके।
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करनाल। फर्जी राशन कार्ड बनाने और गरीबों का राशन डकारने के मामले बढ़ते जा रहे हैं। डीएफएससी विभाग की ओर से सेक्टर-32,33 थाना में दो और मामले दर्ज कराए गए हैं। पहले मामले में 33 फर्जी राशन कार्ड बनाकर उसका राशन हड़पने और दूसरे में डिपो धारक की ओर से राशन नहीं बांटने के आरोप हैं। फर्जी राशन कार्ड बनाने में माडल टाउन निवासी राजकरण, डिपो धारक विनोद कुमार, ललिता और सुरेश नामजद हैं, जबकि दूसरे मामले में डिपो धारक जितेंद्र डिपो धारक चार चमन, विकास कुमार डिपो धारक इंद्रा कॉलोनी और अरुण उर्फ अभिषेक निवासी इंद्रा कॉलोनी शामिल हैं।
विदित हो कि अभी तक डीएफएससी विभाग की ओर से इस तरह के पांच मामले दर्ज कराए गए हैं, जिनमें 225 राशन कार्ड फर्जी बनाए गए हैं और करीब 99 लाख रुपये का राशन का गबन किया गया है। इन मामलों में पुलिस अभी तक डीएफएससी निरीक्षक सहित करीब तीन लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें एक आरोपी अरुण उर्फ अभिषेक कुछ दिन पहले पेशी के दौरान कोर्ट परिसर की दूसरी मंजिल से भी कूद गया था, जिसे रीढ़ की हड्डी में चोट लगी हुई है। फर्जी राशन कार्ड में यह भी खुलासा हुआ है कि आरोपी फर्जी राशन कार्ड बनाने के लिए जिले के एक व्यक्ति को लेते थे और फिर उसमें सात से आठ यूपी के लोगों को जोड़ देते थे। इस तरह फर्जी बीपीएल राशन कार्ड बनाए गए हैं, जिनका एडीसी कार्यालय से जारी बीपीएल लिस्ट में नाम भी नहीं होता था।
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नॉमिनी बनकर किया जाता था राशन गबन
आरोप है कि पकड़ा गया आरोपी अरुण उर्फ अभिषेक निवासी इंद्रा कॉलोनी चार चमन डिपो धारक जितेंद्र की पीओएस मशीन में नॉमिनी था और वही सभी के साथ मिलकर राशन का गबन करता था।
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इसी प्रकार दूसरे मामले में मॉडल टाउन स्थित विनोद के डिपो में ललिता नाम की महिला नॉमिनी थी और वहीं एक और डिपो जिसकी सप्लाई विनोद के डिपो से जुड़ी थी। उस मशीन में राजकरण नॉमिनी था, जो फर्जी 33 राशन कार्ड के राशन का गबन कर रहा था। फिलहाल यह आरोपी फरार है।
शिकायतकर्ता ने लगाई सुरक्षा की गुहार
इन मामलों की शिकायत देने वाले गांव खराजपुर निवासी विकास का कहना है कि इस मामले में अरुण उर्फ अभिषेक के साथ राजकरण मुख्य आरोपी है। ये दोनों मिलकर फर्जी राशन कार्ड बनाकर राशन डकार रहे थे। शिकायतकर्ता का कहना है कि उसे दो बार धमकी मिल चुकी है। इस बारे में उसने जिला पुलिस से भी सुरक्षा की गुहार लगाई है तो वहीं हाई कोर्ट में भी अपील डाली है ताकि उसे सुरक्षा मिल सके।