{"_id":"64c96a838b28be1da0043978","slug":"raid-of-agriculture-department-caught-packing-pesticides-fertilizers-in-the-name-of-other-brands-karnal-news-c-18-knl1008-187213-2023-08-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Karnal News: कृषि विभाग का छापा, दूसरे ब्रांड के नाम पर कीटनाशक, खाद की पैकिंग करते पकड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Karnal News: कृषि विभाग का छापा, दूसरे ब्रांड के नाम पर कीटनाशक, खाद की पैकिंग करते पकड़ा
विज्ञापन
कृषि विभाग का छापा, दूसरे ब्रांड के नाम पर कीटनाशक, खाद की पैकिंग करते पकड़ा
- बिना लाइसेंस दूसरी कंपनियों के ब्रांड को अपनी पैकिंग में भी भरने का मामला सामने आया
मौके से 400 किलो कीटनाशक, खाद जब्त. नमूने लेकर जांच को भेजे, फर्म के खिलाफ एफआईआर होगी, लाइसेंस भी निलंबित होगा
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। कृषि उपनिदेशक डॉ.आदित्य प्रताप डबास की अगुवाई में मंगलवार को कृषि एवं किसान कल्याण विभाग की टीम ने तरावड़ी के नडाना गांव में छापा मारा। छापे के दौरान यहां बिना अनुमति के दूसरी कंपनियों के नाम पर फर्जी तरीके से कीटनाशक और खाद पैकिंग का गोरखधंधा पकड़ा गया है। करीब चार क्विंटल खाद व कीटनाशक बरामद किया गया है, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। नमूने लेकर जांच के लिए लैब भेज दिया गया है। प्रथमदृष्टया धोखाधड़ी का मामला पाते हुए रिपोर्ट दर्ज करने के लिए तरावड़ी थाने में शिकायत दे दी है। ये कीटनाशक व उर्वरक नकली होने की आशंका हैं।
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग करनाल के उपनिदेशक को शिकायत मिली थी कि नडाना गांव में एक लाइसेंसी फर्म पारस क्रॉप हेल्थ में बिना किसी अनुमति व लाइसेंस के दूसरी कंपनियों के नाम पर कीटनाशक व खाद की पैकिंग कर रही है। दूसरी कंपनियों के रैपरों में नकली माल पैक किया जा रहा है। इस सूचना पर उपनिदेशक (कृषि) डॉ. आदित्य प्रताप डबास ने छापामारी की कमान संभाली।
गुणवत्ता नियंत्रण निरीक्षक सुनील कुमार बजाड़, सहायक पौधा संरक्षण अधिकारी सुरेश कुमार व पुलिस बल के साथ नडाना गांव की पारस क्रॉप हेल्थ फैक्टरी पर छापा मारा। उपनिदेशक ने बताया कि इस फर्म का लाइसेंस पारस क्रॉप हेल्थ के नाम से है, लेकिन मौके पर यहां मेरठ की एक कंपनी देव एग्रोटेक व दिल्ली की कंपनी जियोग्रीन आर्गेनिक के नाम लिखे रैपरों वाली शीशियों व पैकेटों में कीटनाशकों व खाद की पैकिंग की जा रही थी। जिसका फर्म मालिक के पास कोई लाइसेंस या अनुमति नहीं है। मौके पर करीब चार क्विंटल कीटनाशक व खाद बरामद किया गया है। जिसके नमूने ले लिए गए हैं, जिसे जांच के लिए लैबोरेटरी भेजा जाएगा। बरामद माल को पुलिस ने जब्त कर लिया है।
विज्ञापन
उपनिदेशक ने बताया कि इसके अलावा यहां तीन ऐसे उत्पाद भी मिले हैं, जिनके कीटनाशक को खुद की पैकिंग में भरा जा रहा था। इसमें अवतार, नॉरिक्टन व त्रिदेव उत्पाद शामिल हैं। इन उत्पादों को बनाने या पैकिंग करने का फर्म संचालक के पास कोई लाइसेंस नहीं है। इसलिए ये फर्टिलाइजर कंट्रोल ऑर्डर 1985 आदि नियमों का खुला उल्लंघन है। फर्म संचालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए शिकायत तरावड़ी थाना पुलिस को दी है।
नडाना गांव में फर्जी तरीके से बिना लाइसेंस व वैधानिक अनुमति के दूसरी कंपनियों के ब्रांड के रैपरों में कीटनाशक व खाद की पैकिंग करने, दूसरे उत्पादों को गलत तरीके से अपनी पैकिंग में भरने जैसी धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। एफआईआर दर्ज कर पुलिस जांच करेगी ही, साथ ही विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है। फर्म का लाइसेंस निलंबित करने के लिए भी लिखा जा रहा है।
-डॉ. आदित्य प्रताप डबास, उपनिदेशक (कृषि) करनाल
विज्ञापन
मौके से 400 किलो कीटनाशक, खाद जब्त. नमूने लेकर जांच को भेजे, फर्म के खिलाफ एफआईआर होगी, लाइसेंस भी निलंबित होगा
माई सिटी रिपोर्टर
करनाल। कृषि उपनिदेशक डॉ.आदित्य प्रताप डबास की अगुवाई में मंगलवार को कृषि एवं किसान कल्याण विभाग की टीम ने तरावड़ी के नडाना गांव में छापा मारा। छापे के दौरान यहां बिना अनुमति के दूसरी कंपनियों के नाम पर फर्जी तरीके से कीटनाशक और खाद पैकिंग का गोरखधंधा पकड़ा गया है। करीब चार क्विंटल खाद व कीटनाशक बरामद किया गया है, जिसे पुलिस ने जब्त कर लिया है। नमूने लेकर जांच के लिए लैब भेज दिया गया है। प्रथमदृष्टया धोखाधड़ी का मामला पाते हुए रिपोर्ट दर्ज करने के लिए तरावड़ी थाने में शिकायत दे दी है। ये कीटनाशक व उर्वरक नकली होने की आशंका हैं।
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग करनाल के उपनिदेशक को शिकायत मिली थी कि नडाना गांव में एक लाइसेंसी फर्म पारस क्रॉप हेल्थ में बिना किसी अनुमति व लाइसेंस के दूसरी कंपनियों के नाम पर कीटनाशक व खाद की पैकिंग कर रही है। दूसरी कंपनियों के रैपरों में नकली माल पैक किया जा रहा है। इस सूचना पर उपनिदेशक (कृषि) डॉ. आदित्य प्रताप डबास ने छापामारी की कमान संभाली।
विज्ञापन
गुणवत्ता नियंत्रण निरीक्षक सुनील कुमार बजाड़, सहायक पौधा संरक्षण अधिकारी सुरेश कुमार व पुलिस बल के साथ नडाना गांव की पारस क्रॉप हेल्थ फैक्टरी पर छापा मारा। उपनिदेशक ने बताया कि इस फर्म का लाइसेंस पारस क्रॉप हेल्थ के नाम से है, लेकिन मौके पर यहां मेरठ की एक कंपनी देव एग्रोटेक व दिल्ली की कंपनी जियोग्रीन आर्गेनिक के नाम लिखे रैपरों वाली शीशियों व पैकेटों में कीटनाशकों व खाद की पैकिंग की जा रही थी। जिसका फर्म मालिक के पास कोई लाइसेंस या अनुमति नहीं है। मौके पर करीब चार क्विंटल कीटनाशक व खाद बरामद किया गया है। जिसके नमूने ले लिए गए हैं, जिसे जांच के लिए लैबोरेटरी भेजा जाएगा। बरामद माल को पुलिस ने जब्त कर लिया है।
विज्ञापन
उपनिदेशक ने बताया कि इसके अलावा यहां तीन ऐसे उत्पाद भी मिले हैं, जिनके कीटनाशक को खुद की पैकिंग में भरा जा रहा था। इसमें अवतार, नॉरिक्टन व त्रिदेव उत्पाद शामिल हैं। इन उत्पादों को बनाने या पैकिंग करने का फर्म संचालक के पास कोई लाइसेंस नहीं है। इसलिए ये फर्टिलाइजर कंट्रोल ऑर्डर 1985 आदि नियमों का खुला उल्लंघन है। फर्म संचालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए शिकायत तरावड़ी थाना पुलिस को दी है।
नडाना गांव में फर्जी तरीके से बिना लाइसेंस व वैधानिक अनुमति के दूसरी कंपनियों के ब्रांड के रैपरों में कीटनाशक व खाद की पैकिंग करने, दूसरे उत्पादों को गलत तरीके से अपनी पैकिंग में भरने जैसी धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। एफआईआर दर्ज कर पुलिस जांच करेगी ही, साथ ही विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है। फर्म का लाइसेंस निलंबित करने के लिए भी लिखा जा रहा है।
-डॉ. आदित्य प्रताप डबास, उपनिदेशक (कृषि) करनाल