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स्नेह-सहयोग का माहौल ही फायदेमंद : अंजलि
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संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। परिवार की खुशहाली और समृद्धि तभी संभव है जबकि परिवार का कोई भी सदस्य स्वार्थी और दुर्गुणी न हो। सभी सदस्यों को इन बुराइयों से बचना चाहिए। यह बात कथावाचक विदुषि बहन अंजलि ने श्रद्धानंद अनाथालय ट्रस्ट की ओर से वैदिक श्रीराम कथा महोत्सव के चौथे दिन श्रीराम वनवास का वर्णन करते हुए कहीं।
उन्होंने कहा कि यदि परिवार में धर्म-कर्तव्यों के प्रति पूरी आस्था और समर्पण होगा तो वे अच्छी तरह से समझ पाएंगे कि स्वार्थ की बजाए स्नेह-सहयोग का माहौल ही फायदेमंद है। किसी भी परिवार में बिखराव या मनमुटाव तभी पैदा होता है, जबकि सदस्यों में अपने कर्तव्य की बजाए अधिकार को पाने की अधिक जल्दी होती है। समर्पण, त्याग और सहनशक्ति से ही परिवार खुशहाली से आगे बढ़ता है। उन्होंने कहा कि माता-पिता के प्रति सेवा का भाव क्या होता है, यह सीखने के लिए श्री राम के जीवन का अनुसरण करें।
भगवान के कृपा पात्र बनकर ही घर में स्वर्ग जैसा वातावरण तैयार किया जा सकता है। मौके पर चीफ विजिलेंस ऑफिसर हरियाणा शशीकांत शर्मा, धर्माचार्य मोहनलाल, गायत्री परिवार से संदीप गौतम, डीएसपी सुरेश शर्मा, पूर्व विजिलेंस अधिकारी सत्यनारायण शर्मा व आयकर अधिकारी विनय मल्होत्रा ने शिरकत की।
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करनाल। परिवार की खुशहाली और समृद्धि तभी संभव है जबकि परिवार का कोई भी सदस्य स्वार्थी और दुर्गुणी न हो। सभी सदस्यों को इन बुराइयों से बचना चाहिए। यह बात कथावाचक विदुषि बहन अंजलि ने श्रद्धानंद अनाथालय ट्रस्ट की ओर से वैदिक श्रीराम कथा महोत्सव के चौथे दिन श्रीराम वनवास का वर्णन करते हुए कहीं।
उन्होंने कहा कि यदि परिवार में धर्म-कर्तव्यों के प्रति पूरी आस्था और समर्पण होगा तो वे अच्छी तरह से समझ पाएंगे कि स्वार्थ की बजाए स्नेह-सहयोग का माहौल ही फायदेमंद है। किसी भी परिवार में बिखराव या मनमुटाव तभी पैदा होता है, जबकि सदस्यों में अपने कर्तव्य की बजाए अधिकार को पाने की अधिक जल्दी होती है। समर्पण, त्याग और सहनशक्ति से ही परिवार खुशहाली से आगे बढ़ता है। उन्होंने कहा कि माता-पिता के प्रति सेवा का भाव क्या होता है, यह सीखने के लिए श्री राम के जीवन का अनुसरण करें।
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भगवान के कृपा पात्र बनकर ही घर में स्वर्ग जैसा वातावरण तैयार किया जा सकता है। मौके पर चीफ विजिलेंस ऑफिसर हरियाणा शशीकांत शर्मा, धर्माचार्य मोहनलाल, गायत्री परिवार से संदीप गौतम, डीएसपी सुरेश शर्मा, पूर्व विजिलेंस अधिकारी सत्यनारायण शर्मा व आयकर अधिकारी विनय मल्होत्रा ने शिरकत की।
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