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रामनगर में घर-घर की डेंगू मच्छर के लारवा की जांच
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घरौंडा ब्राह्मणों वाली गली में फोगिंग करते स्वास्थ्यकर्मी।
करनाल। रामनगर स्थित शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के कर्मचारियों ने शनिवार को क्षेत्र में घर-घर डेंगू के मच्छर के लारवा की जांच की। विशेष अभियान में एएनएम, आशा वर्कर व मलेरिया रोकथाम कर्मचारियों ने पूरा दिन घरों में लगे वाटर कूलर, फ्रिज व संभावित वस्तुओं को खंगाला। करीब 3096 घरों में जांच की गई और इनमें से करीब 96 घरों में मच्छर का लारवा मिला है। पानी की 28 टंकियों में, कुछ कूलर में तथा इसके अलावा गमलों में भी लारवा पाया गया।
स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी डॉ. सीमा मोर ने कहा कि बारिश का मौसम है। घरों में और आसपास पानी का ठहराव नहीं होने दें। कूलर व गमले का पानी दो-तीन दिन में बदलते रहें। यदि मच्छर का लारवा उत्पन्न हो तो तुरंत स्वास्थ्य केंद्र में सूचना दें। स्वास्थ्य विभाग की ओर से त्वरित प्रभावी कार्रवाई की जाएगी। यदि किसी नागरिक को बुखार के लक्षण हों तो वह केंद्र में पहुंचकर स्वास्थ्य जांच करवाए। पीएचसी में बुखार की जांच की सुविधा उपलब्ध है।
उन्होंने क्षेत्रवासियों को कहा कि लारवा पाया जाने पर टैमीफोर्स दवाई का छिड़काव कराया जाता है। इसके अलावा चाहिए कि कूलर के पानी में सरसों के तेल की कुछ बूंदें डाल दें। लारवा का अंडा भारी होता है और सरसों का तेल हल्का होने के कारण ऊपर सतह बना लेगा। जिसके चलते लारवा पनपने नहीं पाएगा।
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स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी डॉ. सीमा मोर ने कहा कि बारिश का मौसम है। घरों में और आसपास पानी का ठहराव नहीं होने दें। कूलर व गमले का पानी दो-तीन दिन में बदलते रहें। यदि मच्छर का लारवा उत्पन्न हो तो तुरंत स्वास्थ्य केंद्र में सूचना दें। स्वास्थ्य विभाग की ओर से त्वरित प्रभावी कार्रवाई की जाएगी। यदि किसी नागरिक को बुखार के लक्षण हों तो वह केंद्र में पहुंचकर स्वास्थ्य जांच करवाए। पीएचसी में बुखार की जांच की सुविधा उपलब्ध है।
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उन्होंने क्षेत्रवासियों को कहा कि लारवा पाया जाने पर टैमीफोर्स दवाई का छिड़काव कराया जाता है। इसके अलावा चाहिए कि कूलर के पानी में सरसों के तेल की कुछ बूंदें डाल दें। लारवा का अंडा भारी होता है और सरसों का तेल हल्का होने के कारण ऊपर सतह बना लेगा। जिसके चलते लारवा पनपने नहीं पाएगा।
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