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Karnal News: भाषण मुकाबले में किरण ने मारी बाजी
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करनाल। दयाल सिंह कॉलेज में भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। विधिक साक्षरता प्रकोष्ठ एवं राजनीतिक विज्ञान संघ की ओर से आयोजित प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने उत्साह से हिस्सा लिया। राजकीय महिला महाविद्यालय की किरण प्रथम, दयाल सिंह कॉलेज की तनु द्वितीय और खालसा कॉलेज की महक प्रीत कौर तृतीय रहीं।
शिक्षा का हक- नई राह, नई पहचान विषय पर विद्यार्थियों ने प्रस्तुति दी। प्रस्तुति देते हुए विद्यार्थियों ने कहा कि शिक्षा ही व्यक्ति को उसका हक दिलाती है, क्योंकि शिक्षित को अपने हक के प्रति पता होता है और वह अपने अधिकारों का हनन नहीं होने देता। कार्यक्रम में सीजेएम इरम हसन ने मुख्यातिथि के तौर पर शिरकत की। सीजेएम ने कहा कि शिक्षा न केवल एक मौलिक अधिकार है बल्कि सामाजिक परिवर्तन का एक प्रभावशाली साधन भी है।
विद्यार्थियों से विधिक अधिकारों एवं कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया और बताया कि एक सशक्त एवं जागरूक समाज के निर्माण में शिक्षा की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। प्रतियोगिता ने विद्यार्थियों को अपने विचार प्रस्तुत करने, सार्वजनिक भाषण कौशल को निखारने और सामाजिक मुद्दों की गहरी समझ विकसित करने का मंच प्रदान किया। निर्णायक की भूमिका डॉ. भूपेंद्र कुमार, डॉ. जय कुमार, दिनेश कुमार और डॉ. यशवन्ती मौजूद रहे।
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शिक्षा का हक- नई राह, नई पहचान विषय पर विद्यार्थियों ने प्रस्तुति दी। प्रस्तुति देते हुए विद्यार्थियों ने कहा कि शिक्षा ही व्यक्ति को उसका हक दिलाती है, क्योंकि शिक्षित को अपने हक के प्रति पता होता है और वह अपने अधिकारों का हनन नहीं होने देता। कार्यक्रम में सीजेएम इरम हसन ने मुख्यातिथि के तौर पर शिरकत की। सीजेएम ने कहा कि शिक्षा न केवल एक मौलिक अधिकार है बल्कि सामाजिक परिवर्तन का एक प्रभावशाली साधन भी है।
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विद्यार्थियों से विधिक अधिकारों एवं कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया और बताया कि एक सशक्त एवं जागरूक समाज के निर्माण में शिक्षा की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। प्रतियोगिता ने विद्यार्थियों को अपने विचार प्रस्तुत करने, सार्वजनिक भाषण कौशल को निखारने और सामाजिक मुद्दों की गहरी समझ विकसित करने का मंच प्रदान किया। निर्णायक की भूमिका डॉ. भूपेंद्र कुमार, डॉ. जय कुमार, दिनेश कुमार और डॉ. यशवन्ती मौजूद रहे।
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