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Karnal: घरौंडा तहसीलदार ने सरपंच से मांगी माफी, अभद्रता का था आरोप, मंत्री ने फटकारा, अनुपस्थित रहने पर नोटिस
Thu, 27 Jun 2024 12:45 AM IST
भूपेंद्र सिंह
गगन तलवार, अमर उजाला ब्यूरो, करनाल (हरियाणा)
गगन तलवार, अमर उजाला ब्यूरो, करनाल (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Thu, 27 Jun 2024 12:45 AM IST
सार
मंत्री से शिकायत के बाद तहसीलदार ने सरपंच से अभद्रता पर माफी मांगी। साथ ही बैठक में अनुपस्थित रहने पर नोटिस जारी किया गया है। राज्यमंत्री के समक्ष सरपंच ने घरौंडा तहसीलदार पर अभद्रता के आरोप लगाए थे। पास बैठे विधायक भी बोले कि इनका व्यवहार ठीक नहीं है।
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करनाल में मंत्री को जानकारी देते हुए शिकायतकर्ता।
- फोटो : संवाद
विस्तार
करनाल में कष्ट निवारण समिति की बैठक संपन्न होने के बाद जैसे ही राज्यमंत्री सुभाष सुधा ने आमजन की समस्याएं सुनना शुरू किया तो पीर बड़ौली गांव के सरपंच ने घरौंडा तहसीलदार पर अभद्रता के आरोप जड़ दिए। उन्होंने लिखित शिकायत देते हुए कहा कि तहसीलदार ने उन्हें अपने कार्यालय से अभद्रता करते हुए बाहर भेजा है।
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इस पर मंत्री का पारा चढ़ गया और उन्होंने तहसीलदार को मौके पर बुलाया। हालांकि तहसीलदार बैठक में उपस्थित नहीं थे। उन्हें मौके पर बुलाकर राज्यमंत्री ने करीब 20 मिनट तक मामले को सुना और उन्हें जमकर फटकार लगाई। इसके बाद तहसीलदार को माफी मांगनी पड़ी।
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वहीं बैठक से बिना पूर्व सूचना के अनुपस्थित रहने पर राज्यमंत्री ने उपायुक्त से तहसीलदार को नोटिस जारी करते हुए स्पष्टीकरण लेने के भी निर्देश दिए। मामले के दौरान सरपंच सोनू ने बताया कि वे किसी काम से तहसीलदार के कार्यालय गए थे। आरोप लगने पर राज्यमंत्री के पास बैठे घरौंडा विधायक ने भी आरोपों की पैरवी करते हुए तहसीलदार का व्यवहार ठीक न होने की बात कही। विधायक ने भी तहसीलदार को जनता के साथ ठीक व्यवहार करने की नसीदत दी।
अगली बार मामले सुनने से पहले लूंगा हाजिरी
राज्यमंत्री सुभाष सुधा ने अपनी पहली बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट किया कि राज्य सरकार की सोच है कि कार्यालयों में आने वाले शिकायतकर्ता की तुरंत सुनवाई की जाए और पूरा मान सम्मान दिया जाए। अगर अधिकारी सरकार की सोच के विपरित नागरिकों के साथ ठीक व्यवहार नहीं करेगे तो संबंधित अधिकारी को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
इसलिए अधिकारियों को अपनी कार्यशैली में परिवर्तन लाना होगा। इतना ही नहीं सभी विभागों के एचओडी बैठक में समय पर पहुंचना सुनिश्चित करेगें, अगर कोई भी अधिकारी बिना बताए गैर हाजिर रहा तो विभागीय कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। उन्होंने कहा कि अगली बार बैठक की शुरुआत में हाजिरी लिया करूंगा।