फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Karnal News ›   Do not hold the steering in the hands of minors, someone's life can go

Karnal News: नाबालिगों के हाथ में न पकड़ाएं स्टेयरिंग, जा सकती है किसी की जान

Sun, 30 Apr 2023 02:26 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल
संवाद न्यूज एजेंसी, करनाल Updated Sun, 30 Apr 2023 02:26 AM IST
विज्ञापन
Do not hold the steering in the hands of minors, someone's life can go
21.... हादसे में टूटी स्कूटी। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

करनाल। कुछ अभिभावक अपने नाबालिग बच्चों के हाथ में कार का स्टेयरिंग थमा रहे हैं। ऐसा करना कोई बड़प्पन नहीं बल्कि सड़क पर चल रहे लोगों की जान खतरे में डालना है। साथ ही ऐसे अभिभावक अपने लिए भी मुसीबत खड़ी कर रहे हैं। क्योंकि, अगर नाबालिग से सड़क दुघर्टना होती है तो अभिभावकों पर केस दर्ज किया जाएगा। वहीं जिम्मेदार होंगे। अभिभावकों की ऐसी ही लापरवाही शनिवार को करनाल के सेक्टर-13 में देखने को मिली। जहां 16 वर्षीय किशोर तेज रफ्तार कार चलाता आया और पांच वाहनों में टक्कर मार दी। इस हादसे में तीन बच्चों समेत चार लोग घायल हो गए। जिसमें घायल एक बच्चे की हालत गंभीर है।
शनिवार सुबह करीब 11:45 बजे किशोर तेज रफ्तार कार भगाता हुआ सेक्टर-13 की ओर जा रहा था। कार की गति बेहद तेज थी और ओवरटेक करने की जल्दबाजी में किशोर से कार अनियंत्रित हो गई और उसने तीन बाइक, एक स्कूटी व ई-रिक्शा को टक्कर मार दी। स्कूटी पर परिजनों के साथ जा रही बालिका माता-पिता के साथ सड़क पर गिर पड़ी। उसके सिर में चोट आई। वहीं, बाइक पर जा रहे दो युवक भी चपेट में आए और ई-रिक्शा में टक्कर लगी, जिसमें परिजनों के साथ दो बच्चे सवार थे। टक्कर लगते ही बच्चे सड़क पर गिर गए, इन्हें भी चोट आई। लोगों ने घायल बालकों को अस्पताल पहुंचाया और पुलिस को सूचना दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कार किशोर चला रहा था, जिसकी गति बहुत तेज थी। टक्कर मारने के बाद कार सड़क किनारे टकराकर रुक गई और मौके पर भीड़ जमा हो गई। लोगों ने किशोर को घेर लिया। उसके माता-पिता को बुलाया गया। इसके साथ ही पुलिस को सूचना दी गई।
विज्ञापन


मामले में घायलों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। जिनसे शिकायत के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। किशोर और उसके अभिभावकों से पूछताछ की जा रही है।
- जसविंदर कौर, प्रभारी, सेक्टर-13
परिजनों पर होगी कार्रवाई
अगर कोई नाबालिग वाहन चलाते वक्त हादसा कर देता है तो परिजनों पर कार्रवाई का प्रावधान है। किशोर पर भी कार्रवाई की जा सकती है, जुर्माना भी लगाया जा सकता है। इसके अलावा इंश्योरेंस कंपनी से भी क्लेम नहीं मिलेगा, क्योंकि इंश्योरेंस कंपनी देखती है कि हादसे के दौरान गाड़ी कौन चला रहा था। उसके पास लाइसेंस है या नहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन

- संदीप चौधरी, प्रधान, बार एसोसिएशन करनाल

बिना प्रशिक्षण न चलाएं वाहन, नियमों की जानकारी जरूरी

नाबालिग बच्चों को गाड़ी देने से अभिभावक बचें। जो भी व्यक्ति गाड़ी चलाए उसके पास ड्राइविंग लाइसेंस होना जरूरी है, क्योंकि सरकार की ओर से डीएल के लिए प्रशिक्षण भी अनिवार्य किया गया है। ऐसे में कम से कम ड्राइविंग लाइसेंस धारक को सड़क सुरक्षा नियमों का ज्ञान भी हो जाता है। गाड़ी चलाने से पहले मान्यता प्राप्त ड्राइविंग स्कूल से प्रशिक्षण भी जरूर लेना चाहिए। सड़क पर अपनी सुरक्षा के साथ-साथ अन्य लोगों की सुरक्षा की जिम्मेदारी भी चालक की होती है।
- सुभम भारद्वाज, सड़क सुरक्षा विशेषज्ञ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed