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नकली पुलिस बनकर असली पुलिस में भर्ती का झांसा, गलत धंधे में घकेलने की थी साजिश, दो युवतियां गिरफ्तार
ब्यूरो/अमर उजाला, करनाल
Updated Mon, 05 Dec 2016 12:37 AM IST
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दो युवतियां गिरफ्तार
- फोटो : Amar Ujala
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नकली पुलिस बनकर एक युवती को असली पुलिस में भर्ती कराने का झांसा देने व उसे गलत धंधे में धकेलने की साजिश का पर्दाफाश हुआ है। सिटी थाना पुलिस ने इस मामले में फरीदाबाद व एक लाडवा की युवती को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। उधर, पुलिस ने उनके कब्जे से करनाल की एक युवती को भी बरामद कर लिया है।
मामले के अनुसार, दो माह पहले शिवाजी कॉलोनी में दो लड़कियों ने किराये पर एक कमरा लिया। इनमें से लाडवा के गांव राहड़ा निवासी सीमा ने खुद को पुलिस में एएसआई बताया, वहीं, उसके साथ ही फरीदाबाद की युवती रजनी भी साथ थी। धीरे-धीरे उन्होंने पड़ोस की एक लड़की से दोस्ती कर ली और कुछ दिनों में ही वे घुल मिल गई। दोनों शातिर युवतियों ने करनाल की युवती को पुलिस में भर्ती कराने का झांसा दिया, इस पर 12वीं पास लड़की उनके बहकावे में आ गई। लड़कियों ने कहा कि वे उसे पुलिस में भर्ती करा देंगे, लेकिन इस बारे में परिजनों को कुछ नहीं बताना और बाहर जाना पड़ेगा। आरोपी युवतियों ने यह भी कहा कि उनकी पुलिस के कई बड़े अधिकारियों के साथ जान पहचान है।
युवतियों की दोस्ती की गिरफ्त के झांसे में फंसी युवती परिजनों को बिना बताए ही उनके साथ चली गई। परिजनों को शक हुआ तो उन्होंने मामले की जानकारी सिटी थाना पुलिस को दी। पुलिस मामले की जांच कर रही थी। रविवार को पुलिस ने दोनों युवतियों को गिरफ्तार कर लिया और उनके कब्जे से करनाल की युवती को भी बरामद कर परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने दोनों आरोपियों लड़कियों से पूछताछ की तो उनकी पहचान सीमा निवासी राहड़ा, लाडवा (कुरुक्षेत्र) व फरीदाबाद के रूप में हुई है। पूछताछ में पता चला कि दोनों आरोपी लड़कियों को सप्लाई करने का धंधा करती हैं और करनाल की युवती को भी वे गलत धंधे में धकेलने को लेकर ही अपने साथ लेकर गई थी और उसको घर से बाहर निकालने के लिए पुलिस में सिपाही लगाने का झांसा दिया था।
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एक है बीएससी तक पढ़ी
मूलरूप से यूपी की रहने वाली रजनी फिलहाल फरीदाबाद में रहती है और वह बीएससी तक पढ़ी है, वहीं सीमा 12वीं कक्षा तक पढ़ी है। काफी दिन पहले वे दोस्त बन गई और इसके बाद उन्होंने पैसे कमाने के लिए नई-नई लड़कियों को वैश्यावृत्ति के धंधे में लाने को धंधा बना लिया। करनाल में भी दो माह पहले वे दोनों इसी मकसद से आई थी और अपनी भोली-भोली बातों के जरिये लड़की को फंसा लिया। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने माना है कि उनका गुड़गांव और फरीदाबाद में कई स्थानों पर नेटवर्क है।
कई दिन तक कटवाती रही चक्कर
करनाल से युवती को अपने साथ ले जाने के बाद दोनों शातिर आरोपी उसको लेकर चक्कर कटवाती रही जब करनाल की युवती ने पुलिस अधिकारियों से मिलाने के बारे में पूछा तो वे बहाने बनाती रही कि वो आज नहीं मिले। वे कभी उसे फरीदाबाद ले गए तो कभी अंबाला। इसके बाद उसे गुड़गांव भी ले जाया गया। करनाल की युवती को उनकी हरकतों पर शक हुआ और सप्ताह में एक भी पुलिस अधिकारी नहीं मिलाने पर उसने वापस करनाल छोड़ने की बात कही, इस पर दोनों आरोपियों ने उसे धमकी दी।
किरायदारों की रखें पूरी जानकारी
सिटी थाना प्रभारी मोहन लाल ने शहरवासियों से अपील है कि किसी को भी मकान किराये पर देने से पहले उसकी आईडी लें और इसकी सूचना पुलिस को जरूर दें। साथ ही अपने बच्चों का ध्यान रखें। इसके साथ ही संदिग्ध लोगों पर भी जनता नजर रखे, ताकि वे कोई गलत हरकत या वारदात न कर सकें। इस पूरे मामले की जांच की जा रही है कि आखिर महिलाओं के तार कहां कहां पर जुड़े थे?
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मामले के अनुसार, दो माह पहले शिवाजी कॉलोनी में दो लड़कियों ने किराये पर एक कमरा लिया। इनमें से लाडवा के गांव राहड़ा निवासी सीमा ने खुद को पुलिस में एएसआई बताया, वहीं, उसके साथ ही फरीदाबाद की युवती रजनी भी साथ थी। धीरे-धीरे उन्होंने पड़ोस की एक लड़की से दोस्ती कर ली और कुछ दिनों में ही वे घुल मिल गई। दोनों शातिर युवतियों ने करनाल की युवती को पुलिस में भर्ती कराने का झांसा दिया, इस पर 12वीं पास लड़की उनके बहकावे में आ गई। लड़कियों ने कहा कि वे उसे पुलिस में भर्ती करा देंगे, लेकिन इस बारे में परिजनों को कुछ नहीं बताना और बाहर जाना पड़ेगा। आरोपी युवतियों ने यह भी कहा कि उनकी पुलिस के कई बड़े अधिकारियों के साथ जान पहचान है।
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युवतियों की दोस्ती की गिरफ्त के झांसे में फंसी युवती परिजनों को बिना बताए ही उनके साथ चली गई। परिजनों को शक हुआ तो उन्होंने मामले की जानकारी सिटी थाना पुलिस को दी। पुलिस मामले की जांच कर रही थी। रविवार को पुलिस ने दोनों युवतियों को गिरफ्तार कर लिया और उनके कब्जे से करनाल की युवती को भी बरामद कर परिजनों को सौंप दिया। पुलिस ने दोनों आरोपियों लड़कियों से पूछताछ की तो उनकी पहचान सीमा निवासी राहड़ा, लाडवा (कुरुक्षेत्र) व फरीदाबाद के रूप में हुई है। पूछताछ में पता चला कि दोनों आरोपी लड़कियों को सप्लाई करने का धंधा करती हैं और करनाल की युवती को भी वे गलत धंधे में धकेलने को लेकर ही अपने साथ लेकर गई थी और उसको घर से बाहर निकालने के लिए पुलिस में सिपाही लगाने का झांसा दिया था।
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एक है बीएससी तक पढ़ी
मूलरूप से यूपी की रहने वाली रजनी फिलहाल फरीदाबाद में रहती है और वह बीएससी तक पढ़ी है, वहीं सीमा 12वीं कक्षा तक पढ़ी है। काफी दिन पहले वे दोस्त बन गई और इसके बाद उन्होंने पैसे कमाने के लिए नई-नई लड़कियों को वैश्यावृत्ति के धंधे में लाने को धंधा बना लिया। करनाल में भी दो माह पहले वे दोनों इसी मकसद से आई थी और अपनी भोली-भोली बातों के जरिये लड़की को फंसा लिया। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने माना है कि उनका गुड़गांव और फरीदाबाद में कई स्थानों पर नेटवर्क है।
कई दिन तक कटवाती रही चक्कर
करनाल से युवती को अपने साथ ले जाने के बाद दोनों शातिर आरोपी उसको लेकर चक्कर कटवाती रही जब करनाल की युवती ने पुलिस अधिकारियों से मिलाने के बारे में पूछा तो वे बहाने बनाती रही कि वो आज नहीं मिले। वे कभी उसे फरीदाबाद ले गए तो कभी अंबाला। इसके बाद उसे गुड़गांव भी ले जाया गया। करनाल की युवती को उनकी हरकतों पर शक हुआ और सप्ताह में एक भी पुलिस अधिकारी नहीं मिलाने पर उसने वापस करनाल छोड़ने की बात कही, इस पर दोनों आरोपियों ने उसे धमकी दी।
किरायदारों की रखें पूरी जानकारी
सिटी थाना प्रभारी मोहन लाल ने शहरवासियों से अपील है कि किसी को भी मकान किराये पर देने से पहले उसकी आईडी लें और इसकी सूचना पुलिस को जरूर दें। साथ ही अपने बच्चों का ध्यान रखें। इसके साथ ही संदिग्ध लोगों पर भी जनता नजर रखे, ताकि वे कोई गलत हरकत या वारदात न कर सकें। इस पूरे मामले की जांच की जा रही है कि आखिर महिलाओं के तार कहां कहां पर जुड़े थे?