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वारदात के बाद विदेश भागने की फिराक में था नरेश

Thu, 25 Oct 2018 12:33 AM IST
Updated Thu, 25 Oct 2018 12:33 AM IST
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वारदात के बाद विदेश भागने की फिराक में था नरेश
अमर उजाला ब्यूरो
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करनाल। भाजपा नेता तेजेंद्र बग्गा की हत्या के बाद आरोपी नरेश वासी असंध सिंगापुर जाने की फिराक में था। पुलिस सूत्रों का दावा है कि वारदात से पहले ही नरेश का सिंगापुर जाने की तैयारी की जा चुकी थी। इसके बाद उसे पूर्व सरपंच अमेरिका में सैटल कराने की तैयारी में था। हालांकि, पुलिस की तत्परता के कारण आरोपी काबू आ गया।
बता दें कि पूर्व सरपंच राज वर्ष 2016 में हत्या के प्रयास के मामले में जेल में 18 माह तक रहा। इसी दौरान नरेश और अंकित भी जेल में बंद थे। इसी दौरान इनकी मुलाकात हुई। बेल मिलने के बाद राज गैर कानूनी तरीके से अमेरिका में पहुंच गया। इसी प्रकार, बग्गा से राज का प्रॉपर्टी विवाद चलता रहा। पुलिस पूछताछ में नरेश ने बताया कि वह भी विदेश जाना चाह रहा था, लेकिन उसके पास पैसे नहीं थे। इस पर राज ने उसके पास वाट्सएप कालिंग की और कहा कि उसे वह चार लाख रुपये दे देगा, इसके बदले उन्हें बग्गा को सबक सिखाना होगा।
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पूछताछ में नरेश ने यह भी खुलासा किया राज ने कहा कि हत्या की वारदात को अंजाम देने के अगले दिन ही उसे वह सिंगापुर भेज देगा। ऐसे में वारदात के बाद से ही नरेश किसी भी तरह से दिल्ली भागने की तैयारी में था, लेकिन वह गाड़ी समेत सीआईए वन टीम के हत्थे चढ़ गया। पुलिस सूत्रों का दावा है कि 23 अक्तूूबर को ही नरेश ने सिंगापुर के लिए उड़ान भरनी थी, इसके लिए पहले ही से सारी कागजी प्रक्रिया पूरी कर ली गई थी।
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धमकी के बाद भी बग्गा को क्यों नहीं दी गई पुलिस सुरक्षा
जब बग्गा को लगातार राज की ओर से धमकी मिल रही थी तो पुलिस ने उसकी सुरक्षा को लेकर कोई बंदोबस्त नहीं किए? अगर उसको सुरक्षा मुहैया कराई गई होती तो शायद ये वारदात नहीं होती। पूरे प्रकरण में सबसे बड़ा सवाल ये है कि आखिरकार युवकों के पास रिवॉल्वर किसने और कैसे पहुंचाया? क्योंकि इस प्रकार से आसानी से अवैध हथियार मिलना शहर के लोगों की सुरक्षा के लिए खतरनाक है।

पूर्व सरपंच को अमेरिका से लाना लंबी प्रक्रिया
इस मामले में पुलिस संधीर के पूर्व सरपंच राज को मुख्य आरोपी बना रही है और उसके खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। हालांकि, पुलिस द्वारा राज सिंह तक पहुंचना आसान नहीं है। बता दें कि एक तो राज अदालत से भगोड़ा घोषित है, दूसरा वह गैर कानूनी तरीके से अमेरिका में रह रहा है। ऐसे में उसको सलाखों तक पहुंचाने में पुलिस को लंबी कानूनी प्रक्रिया से गुजरना होगा। इसमें समय लगना तय है। इसमें रेड कार्नर जारी कराने समेत कई अन्य प्रक्रियाएं हैं।

पूर्व सरपंच राज पर हैं 12 केस दर्ज
बता दें कि गांव संधीर के पूर्व सरपंच राज के खिलाफ विभिन्न धाराओं में और विभिन्न थानों में 12 केस दर्ज हैं। हत्या के प्रयास के एक मामले में वह बेल पर बाहर आया था और इसके बाद वापस नहीं गया। इस मामले में भी राज ने दोनों युवकों को पहले हत्या के लिए तैयार किया और फिर लगातार उनको गाइड किया। पुलिस ने इनके बीच वाट्सएप पर हुई वायस कालिंग की रिकार्डिंग बरामद की हैं।


कानूनी प्रक्रिया के तहत होगी कार्रवाई : एसपी
इस बारे में एसपी सुरेंद्र भौरिया ने कहा कि अमेरिका से किसी को यहां पर लाने के लिए एक प्रोटोकाल है, कानून और पॉलिसी के हिसाब से पुलिस काम करेगी। इस मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है। हमारे पास राज के खिलाफ पुख्ता सबूत हैं और उसकी गिरफ्तारी को लेकर एंबेंसी से संपर्क साधा जाएगा।
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