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तहसील में शुरू हुआ रजिस्ट्रियों का कार्य
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- फोटो : Kaithal
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लघु सचिवालय स्थित तहसील कार्यालय में रजिस्ट्री से संबंधित कार्य बुधवार को फिर से शुरू हो गया। रजिस्टरी शुरू होने के इंतजार में बैठे प्रॉपर्टी डीलर, अर्जन नवीस व नंबरदारों सहित टाइपिस्टों ने भी कार्य शुरू होने से राहत की सांस ली। पिछले कई दिनों से ये सभी व्यक्ति रोजगार से संबंधित मार को झेल रहे थे। हालांकि अब भी रजिस्टरी की प्रक्रिया पहले की तरह ही रहेगा, लेकिन हर रोज होने वाली रजिस्ट्री की सूचना संबंधित वेबसाइट पर अपडेट होगी।
हालांकि कार्यालय में रोजाना 100 रजिस्टरी करवाई जा सकती हैं, लेकिन इससे कम कितनी भी हो सकती हैं। तहसील कार्यालय में रजिस्टरी होने की सूचना मिलते ही लोग अपने कार्य करवाने के लिए लघु सचिवालय में पहुंचे। बुधवार को पहले ही दिन सुबह से लेकर शाम तक 17 रजिस्ट्रियां हुई। शहर विभिन्न कॉलोनियों सहित गांवों से 55 के करीब लोग रजिस्टरी करवाने व अन्य कार्यों से कार्यालय में पहुंचे।
टोकन मिलने का नियम बदला
दोबारा शुरू हुई रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया में एक बदलाव भी देखने में आया है। पहले टोकन कार्यालय में और बाहर मिलते थे, लेकिन अब केवल बाहर से ही आवश्यक दस्तावेजों के साथ टोकन ऑनलाइन लगवाना होगा। उसके बाद ही रजिस्ट्रेशन का कार्य हो पाएगा।
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कोरोना से बचाव के लिए किए गए आवश्यक प्रबंध
कार्यालय में कोरोना से बचाव के लिए जरूरी प्रबंध जैसे मास्क व सैनिटाइजर की तो उपलब्धता रही, लेकिन वहां काम से आए लोगों के बीच सामाजिक दूरी नहीं थी। लघु सचिवालय की बिल्डिंग में आने से पहले ही गेट पर लोगों के हाथ सैनिटाइज करवा कर और उन्हें मास्क पहनने को कहने के लिए कर्मचारी तैनात कि गए। इसके अलावा अधिकारियों और कर्मचारियों के पास भी मास्क और सैनिटाइजर उपलब्ध रहे।
तीन साल की रजिस्ट्रियों की चल रही है अलग से जांच-
कार्यालय में पिछले तीन वर्षों में हुई रजिस्ट्रियों की अलग से जांच की जा रही है। इनमें 3 अप्रैल 2017 से लेकर 21 जुलाई 2020 तक हुई रजिस्ट्रियां शामिल हैं। इन सभी की जांच एसडीएम कैथल कर रहे हैं।
रजिस्ट्री करवाने के लिए तहसील कार्यालय में पहुंचे शहरवासी संजय वर्मा ने बताया कि वह 10 मिनट पहले ही अपने कार्य से यहां आया था। उसके सभी दस्तावेज पूरे थे, इसलिए साथ के साथ कार्य हो गया। वे कई दिनों से जमीन की रजिस्ट्री होने का इंतजार कर रहे थे।
खनौदा निवासी राजकुमार ने बताया कि वह आधे घंटे पहले ही यहां आया था। कागजात पूरे नहीं थे, इसलिए उसके साथ आए व्यक्ति को संबंधित दस्तावेज पूरे करवाने के लिए भेजा है। कर्मचारियों का कहना है कि कागज पूरे होते ही तुरंत कार्य किया जाएगा।
तहसीलदार कैथल सुदेश मेहरा ने बताया कि जिले में रजिस्ट्रियों से संबंधित कार्य शुरू हो गया है। एक दिन में 100 की लिमिट है, जितने व्यक्ति आते हैं, उनके दस्तावेज जांचकर प्रमुखता से कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि तीन वर्षों में हुई रजिस्ट्रियों की जांच कैथल एसडीएम कर रहे हैं।
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हालांकि कार्यालय में रोजाना 100 रजिस्टरी करवाई जा सकती हैं, लेकिन इससे कम कितनी भी हो सकती हैं। तहसील कार्यालय में रजिस्टरी होने की सूचना मिलते ही लोग अपने कार्य करवाने के लिए लघु सचिवालय में पहुंचे। बुधवार को पहले ही दिन सुबह से लेकर शाम तक 17 रजिस्ट्रियां हुई। शहर विभिन्न कॉलोनियों सहित गांवों से 55 के करीब लोग रजिस्टरी करवाने व अन्य कार्यों से कार्यालय में पहुंचे।
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टोकन मिलने का नियम बदला
दोबारा शुरू हुई रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया में एक बदलाव भी देखने में आया है। पहले टोकन कार्यालय में और बाहर मिलते थे, लेकिन अब केवल बाहर से ही आवश्यक दस्तावेजों के साथ टोकन ऑनलाइन लगवाना होगा। उसके बाद ही रजिस्ट्रेशन का कार्य हो पाएगा।
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कोरोना से बचाव के लिए किए गए आवश्यक प्रबंध
कार्यालय में कोरोना से बचाव के लिए जरूरी प्रबंध जैसे मास्क व सैनिटाइजर की तो उपलब्धता रही, लेकिन वहां काम से आए लोगों के बीच सामाजिक दूरी नहीं थी। लघु सचिवालय की बिल्डिंग में आने से पहले ही गेट पर लोगों के हाथ सैनिटाइज करवा कर और उन्हें मास्क पहनने को कहने के लिए कर्मचारी तैनात कि गए। इसके अलावा अधिकारियों और कर्मचारियों के पास भी मास्क और सैनिटाइजर उपलब्ध रहे।
तीन साल की रजिस्ट्रियों की चल रही है अलग से जांच-
कार्यालय में पिछले तीन वर्षों में हुई रजिस्ट्रियों की अलग से जांच की जा रही है। इनमें 3 अप्रैल 2017 से लेकर 21 जुलाई 2020 तक हुई रजिस्ट्रियां शामिल हैं। इन सभी की जांच एसडीएम कैथल कर रहे हैं।
रजिस्ट्री करवाने के लिए तहसील कार्यालय में पहुंचे शहरवासी संजय वर्मा ने बताया कि वह 10 मिनट पहले ही अपने कार्य से यहां आया था। उसके सभी दस्तावेज पूरे थे, इसलिए साथ के साथ कार्य हो गया। वे कई दिनों से जमीन की रजिस्ट्री होने का इंतजार कर रहे थे।
खनौदा निवासी राजकुमार ने बताया कि वह आधे घंटे पहले ही यहां आया था। कागजात पूरे नहीं थे, इसलिए उसके साथ आए व्यक्ति को संबंधित दस्तावेज पूरे करवाने के लिए भेजा है। कर्मचारियों का कहना है कि कागज पूरे होते ही तुरंत कार्य किया जाएगा।
तहसीलदार कैथल सुदेश मेहरा ने बताया कि जिले में रजिस्ट्रियों से संबंधित कार्य शुरू हो गया है। एक दिन में 100 की लिमिट है, जितने व्यक्ति आते हैं, उनके दस्तावेज जांचकर प्रमुखता से कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि तीन वर्षों में हुई रजिस्ट्रियों की जांच कैथल एसडीएम कर रहे हैं।