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अब रास्ते पर नहीं रुकेंगी किलोमीटर स्क ीम की बसें
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कैथल। किलोमीटर स्कीम के तहत चलाई जा रही बसों में अब न तो कर्मचारियों को और न ही यात्रियों को परेशानी होगी। रोडवेज विभाग ने नई योजना बनाई है। इस योजना के तहत अब किलोमीटर के तहत चलाई गई बसों की फिटनेस रखने के आदेश जारी किए हैं। इसके तहत बस मालिक को समय पर इनकी मरम्मत करानी होगी।
यदि बस मालिक की तरफ से बसों की मरम्मत का कार्य समय पर नहीं करवाया गया तो इन्हें रूटों पर नहीं भेजा जाएगा। गौरतलब है कि किलोमीटर स्कीम के तहत चलाई गई बसों में दुर्घटनाओं की संभावना अधिक रहती हैं। कई जिलों में सड़क दुर्घटनाएं भी हुई हैं। इसको देखते हुए अब रोडवेज ने किलोमीटर स्कीम की बसों को बिना मरम्मत के रूट पर न भेेजने का फैसला लिया है।
कैथल डिपो में हैं किलोमीटर स्कीम की 23 बसें
इस समय कैथल डिपो में किलोमीटर स्कीम की कुल 23 बसें हैं। इन बसों को रोडवेज विभाग की तरफ से हिसार-चंडीगढ़, दिल्ली और पटियाला के रूट पर भेजा जा रहा है। बता दें कि इस समय रोडवेज डिपो में बसों की संख्या भी कम है तो किलोमीटर स्कीम की बसों को लंबे रूटों पर भेजा जा रहा है। कैथल डिपो में 145 का बेड़ा है। जबकि इस समय रूटों पर केवल 90 बसों को ही चलाया जा रहा है। रोडवेज महाप्रबंधक अजय गर्ग ने बताया कि सरकार ने किलोमीटर स्कीम के तहत चलाई गई बसों की फिटनेस रखने के आदेश जारी किए हैं। ताकि लोगों को परेशानी न हो।
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यदि बस मालिक की तरफ से बसों की मरम्मत का कार्य समय पर नहीं करवाया गया तो इन्हें रूटों पर नहीं भेजा जाएगा। गौरतलब है कि किलोमीटर स्कीम के तहत चलाई गई बसों में दुर्घटनाओं की संभावना अधिक रहती हैं। कई जिलों में सड़क दुर्घटनाएं भी हुई हैं। इसको देखते हुए अब रोडवेज ने किलोमीटर स्कीम की बसों को बिना मरम्मत के रूट पर न भेेजने का फैसला लिया है।
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कैथल डिपो में हैं किलोमीटर स्कीम की 23 बसें
इस समय कैथल डिपो में किलोमीटर स्कीम की कुल 23 बसें हैं। इन बसों को रोडवेज विभाग की तरफ से हिसार-चंडीगढ़, दिल्ली और पटियाला के रूट पर भेजा जा रहा है। बता दें कि इस समय रोडवेज डिपो में बसों की संख्या भी कम है तो किलोमीटर स्कीम की बसों को लंबे रूटों पर भेजा जा रहा है। कैथल डिपो में 145 का बेड़ा है। जबकि इस समय रूटों पर केवल 90 बसों को ही चलाया जा रहा है। रोडवेज महाप्रबंधक अजय गर्ग ने बताया कि सरकार ने किलोमीटर स्कीम के तहत चलाई गई बसों की फिटनेस रखने के आदेश जारी किए हैं। ताकि लोगों को परेशानी न हो।
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