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छेड़छाड़ का विरोध करने पर तेल डालकर जलाई गई महिला ने 38 दिन बात तोड़ा दम
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जुलाना थाना में पहुंचे पीड़ित महिला के परिजन व अन्य।
- फोटो : Jind
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एक गांव में 20 जून को छेड़छाड़ का विरोध करने पर युवक द्वारा डीजल डालकर जलाई गई महिला की 38 दिन बाद इलाज के दौरान पीजीआई रोहतक में मौत हो गई। पुलिस ने युवक के खिलाफ छेड़छाड़ का केस दर्ज किया है। मृतका के परिजनों ने मंगलवार की शाम डीआईजी अश्विनी शैणवी से मिलने कैंप कार्यालय पहुंचे। उन्होंने हत्या के आरोप की धारा लगाने की मांग की। इसके बाद ही शव का अंतिम संस्कार करने की बात कही। डीआईजी द्वारा हत्या का केस दर्ज करने का आश्वासन देने के बाद परिजन लौट गए।
महिला के मायका पक्ष के लोगों ने बताया कि 20 जून को अकालगढ़ निवासी 32 वर्षीय महिला के साथ गांव के रहने वाले सोहन ने छेड़छाड़ की थी। आरोप है कि छेड़छाड़ का विरोध करने पर सोहन ने डीजल डालकर महिला को आग लगा दी थी, जिससे महिला 70 प्रतिशत से अधिक झुलस गई थी। महिला का उपचार पीजीआई रोहतक में चल रहा था। पुलिस ने महिला की शिकायत पर सोहन के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी। एक माह बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार भी कर लिया था।
वहीं मंगलवार को इलाज के दौरान महिला की मौत होने पर परिजन जुलाना थाना पहुंचकर पुलिस प्रशासन पर आरोप लगाया कि पुलिस ने मामले में कमजोर धाराएं लगाकर आरोपी पक्ष के साथ मिलीभगत की है। पुलिस ने हत्या के प्रयास की बजाय आत्महत्या के लिए उकसाने की धाराएं लगाई हैं। इसके चलते ही आरोपी को बेल भी मिल गई हैं। उन्होेंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केवल छेड़छाड़ की धारा लगाई हैं, जबकि पीड़ित महिला के बयान पर हत्या के प्रयास की धाराएं जोड़ी जानी चाहिए।
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मंगलवार को ग्रामीण जुलाना थाना पहुंचे और निष्पक्ष जांच की मांग की। परिजन पुलिस कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हुए तो अकालगढ़ गांव में पंचायत की और पुलिस प्रशासन से उचित कार्रवाई करने की मांग की। वहीं परिजनों ने कहा कि जब तक मामले में हत्या की धारा नहीं जोड़ी जाती, तब तक शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। अभी महिला का शव रोहतक पीजीआई में ही है। हालांकि इस दौरान थाना प्रभारी ने डीएसपी को बुलाने का प्रस्ताव रखा, लेकिन वे संतुष्ट नहीं नजर आए।
दो बच्चों के सिर से उठा मां का साया
महिला की शादी 18 साल पहले जुलाना क्षेत्र के एक गांव में हुई थी। उसके दो बेटे हैं। महिला के पति की मौत पांच साल पहले बीमारी के कारण हो गई थी। महिला खेती कर अपने बच्चों का पालन-पोषण कर रही थी। महिला की मौत के बाद दोनों बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया है।
महिला से छेड़खानी व जलाने की घटनाएं अलग-अलग समय में हुई हैं। इसके आधार पर ही केस दर्ज किया गया है। इस मामले में पहले से ही केस दर्ज है और परिजन जो बयान देंगे, उसके हिसाब से धाराएं जोड़ दी जाएंगी। पुलिस मामले में पूरी तरह से निष्पक्ष कार्रवाई कर रही है।
सुरेंद्र सिंह, थाना प्रभारी जुलाना।
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महिला के मायका पक्ष के लोगों ने बताया कि 20 जून को अकालगढ़ निवासी 32 वर्षीय महिला के साथ गांव के रहने वाले सोहन ने छेड़छाड़ की थी। आरोप है कि छेड़छाड़ का विरोध करने पर सोहन ने डीजल डालकर महिला को आग लगा दी थी, जिससे महिला 70 प्रतिशत से अधिक झुलस गई थी। महिला का उपचार पीजीआई रोहतक में चल रहा था। पुलिस ने महिला की शिकायत पर सोहन के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी। एक माह बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार भी कर लिया था।
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वहीं मंगलवार को इलाज के दौरान महिला की मौत होने पर परिजन जुलाना थाना पहुंचकर पुलिस प्रशासन पर आरोप लगाया कि पुलिस ने मामले में कमजोर धाराएं लगाकर आरोपी पक्ष के साथ मिलीभगत की है। पुलिस ने हत्या के प्रयास की बजाय आत्महत्या के लिए उकसाने की धाराएं लगाई हैं। इसके चलते ही आरोपी को बेल भी मिल गई हैं। उन्होेंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केवल छेड़छाड़ की धारा लगाई हैं, जबकि पीड़ित महिला के बयान पर हत्या के प्रयास की धाराएं जोड़ी जानी चाहिए।
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मंगलवार को ग्रामीण जुलाना थाना पहुंचे और निष्पक्ष जांच की मांग की। परिजन पुलिस कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हुए तो अकालगढ़ गांव में पंचायत की और पुलिस प्रशासन से उचित कार्रवाई करने की मांग की। वहीं परिजनों ने कहा कि जब तक मामले में हत्या की धारा नहीं जोड़ी जाती, तब तक शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। अभी महिला का शव रोहतक पीजीआई में ही है। हालांकि इस दौरान थाना प्रभारी ने डीएसपी को बुलाने का प्रस्ताव रखा, लेकिन वे संतुष्ट नहीं नजर आए।
दो बच्चों के सिर से उठा मां का साया
महिला की शादी 18 साल पहले जुलाना क्षेत्र के एक गांव में हुई थी। उसके दो बेटे हैं। महिला के पति की मौत पांच साल पहले बीमारी के कारण हो गई थी। महिला खेती कर अपने बच्चों का पालन-पोषण कर रही थी। महिला की मौत के बाद दोनों बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया है।
महिला से छेड़खानी व जलाने की घटनाएं अलग-अलग समय में हुई हैं। इसके आधार पर ही केस दर्ज किया गया है। इस मामले में पहले से ही केस दर्ज है और परिजन जो बयान देंगे, उसके हिसाब से धाराएं जोड़ दी जाएंगी। पुलिस मामले में पूरी तरह से निष्पक्ष कार्रवाई कर रही है।
सुरेंद्र सिंह, थाना प्रभारी जुलाना।