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Jind News: चार साल से अटका सफीदों रोड के चौड़ीकरण का कार्य

Mon, 01 Jan 2024 12:49 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद Updated Mon, 01 Jan 2024 12:49 AM IST
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Safidon Road widening work stuck for four years
जींद। पानीपत फोरलेन के निर्माण में वन विभाग के छह-सात हजार पेड़ बाधा बने हुए हैं। यह पेड़ तभी काटे जाएंगे जब वन विभाग को बदले में जमीन मुहैया होगी लेकिन प्रशासन वन विभाग को जमीन उपलब्ध नहीं करवा पा रहा है।
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जमीन यदि जिले से बाहर भी मिले तो वन विभाग अधिकारियों को कोई एतराज नहीं है लेकिन फिर भी प्रशासन ने जमीन नहीं दिलाई है। कुछ दिनों पहले जमीन देने के मामले में आगे आई थी। जैसे ही उन्हें पता चला कि जमीन वन विभाग के नाम करवाई जाएगी। इसके बाद गांव की पंचायतों ने जमीन देने से मना कर दिया। अब सरकार कह रही है कि जमीन ई-भूमि पोर्टल के माध्यम से खरीदी जाएगी लेकिन जब तक जमीन वन विभाग को नहीं मिल जाती तब तक सफीदों-पानीपत फोरलेन के निर्माण का कार्य शुरू नहीं हो पाएगा। गौरतलब है कि सफीदों-पानीपत सड़क को फोरलेनिंग बनाने की स्वीकृति तीन-चार साल पहले मिल गई थी। इसके बाद 30 मार्च 2023 को इसके निर्माण के लिए 184.44 करोड़ रुपये स्वीकृत हो चुके हैं। इस सड़क को दस मीटर चौड़ा किया जाएगा लेकिन इस प्रोजेक्टर में रुकावट आई हुई है। दरअसल इस सड़क के निर्माण में वन विभाग की जमीन का इस्तेमाल होगा। इस पर लगे पेड़ काटने होंगे। ऐसे में वन विभाग ने जिला प्रशासन से सड़क के इस्तेमाल में होने वाली जमीन के बदले 37 एकड़ भूमि की मांग की है। जब तक यह जमीन नहीं दी जाएगी तब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाएगा। जमीन को लेकर प्रशासन आसपास जमीन तलाश कर चुका है। करीब 65 किलोमीटर बनने वाला यह रोड सफीदों से जींद तक करीब 45 किलोमीटर तक चौड़ा होना है।
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स्क्रीनिंग कमेटी की हो चुकी है कई बैठकें

जींद से पानीपत तक बनने वाले फोरलेन के निर्माण के मामले में अधिकारियों की स्क्रीनिंग कमेटी बनाई हुई है। इसमें डीसी, एडीसी, वन मंडल अधिकारी, पीडब्ल्यूडी समेत कई विभागों के अधिकारी शामिल हैं। इस कमेटी द्वारा मासिक बैठकें की जाती है। इन बैठकों के बावजूद भी प्रोजेक्टर सिरे नहीं चढ़ पा रहा है। कमेटी द्वारा वन विभाग को जमीन दिलाने को लेकर कई गांवों की पंचायतों से संपर्क भी किया लेकिन कमेटी के प्रयास सफल नहीं हो पाए।
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जींद-सफीदों मार्ग पर खड़े हैं दस हजार पेड़
जींद-सफीदों मार्ग पर दस हजार के करीब पेड़ खड़े हैं जो कि दोनों तरफ दो-दो, तीन-तीन लाइनों में खड़े हैं। इनमें से करीब छह हजार पेड़ काटे जाएंगे और फिर सड़क को चौड़ा किया जाएगा। सड़क के दोनों तरफ एक-एक लाइन में खड़े पौधों को काटा जाएगा। इन पेड़ों को जब काटा जाएगा जब वन विभाग को बदले में जमीन मुहैया हो जाएगी। यह जमीन वन विभाग के नाम भी करवानी होगी। काटे जाने वाले हरे पेड़ों की पूर्ति करने के लिए वन विभाग उस जमीन पर पौधे लगाएगा।

वन विभाग को अभी तक जमीन मुहैया नहीं हुई है। जमीन वन विभाग के नाम होनी है। जमीन मुहैया होने के बाद ही सफीदों मार्ग पर खड़े हरे पेड़ों को काटा जाएगी।

--रोहताश बिरथल, वन मंडल अधिकारी, जींद
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