पुलिसकर्मियों ने सरपंच से शराब के लिए मांगे 800 रुपये, मना करने पर सुनसान जगह छोड़ा; एसपी ने किया लाइन हाजिर
जिंद जिले के रधाना गांव में डायल 112 पर तैनात दो पुलिसकर्मियों पर सरपंच रामकुमार से शराब की बोतल के लिए 800 रुपये मांगने और मना करने पर अभद्र व्यवहार कर सड़क पर छोड़ने का आरोप लगा है। सरपंच की शिकायत पर एसपी ने दोनों को लाइन हाजिर कर दिया।
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जिंद जिले के रधाना गांव में डायल 112 पर तैनात दो पुलिसकर्मियों पर सरपंच रामकुमार से शराब की बोतल के लिए 800 रुपये मांगने और मना करने पर अभद्र व्यवहार कर सड़क पर छोड़ने का आरोप लगा है। सरपंच की शिकायत पर एसपी कुलदीप सिंह ने ईएचसी जय शंकर और एसपीओ प्रदीप को लाइन हाजिर कर दिया। दोनों पुलिसकर्मियों का रात में ही मेडिकल कराया गया। ब्लड सैंपल की रिपोर्ट की अभी नहीं आई है। रिपोर्ट आने के बाद ही शराब पीने की पुष्टि हो सकेगी।
लावारिस व्यक्ति के मिलने की सूचना पर पहुंची थी डायल 112
रधाना गांव में शनिवार देर शाम एक लावारिस व्यक्ति के मिलने की सूचना पर डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची थी। पुलिसकर्मियों ने गांव के सरपंच रामकुमार को बुलाया और बताया कि व्यक्ति के परिजनों के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी है। उसे ईक्कस के पास स्थित वृद्धाश्रम में छोड़कर आना है। यह कहकर पुलिसकर्मी सरपंच को अपने साथ गाड़ी में ले गए।
सरपंच रामकुमार के अनुसार, वृद्धाश्रम में अज्ञात व्यक्ति को छोड़ने के बाद वापस लौटते समय पुलिसकर्मियों ने गाड़ी में ही शराब पीनी शुरू कर दी और उन्हें भी शराब पीने के लिए कहा। उन्होंने शराब पीने से इन्कार कर दिया और कहा कि जीवन में कभी शराब नहीं पी।
रुपये देने से मना किया तो सरपंच को सुनसान जगह उतारा
सरपंच का आरोप है कि इसके बाद पुलिसकर्मी उन्हें गाड़ी में बैठाकर इधर-उधर घुमाते रहे और रात नौ बजे जब वह अनुपगढ़ गांव के पास शराब ठेके पर पहुंचे तो पुलिसकर्मियों ने उनसे ठेके से शराब की बोतल लाने के लिए कहा। मना करने पर पुलिसकर्मियों ने शराब की बोतल के लिए 800 रुपये मांगे। रुपये नहीं होने की बात कही तो दोनों ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और सड़क पर ही छोड़कर चले गए। इसके बाद उन्होंने परिजनों को सूचना देकर मौके पर बुलाया और शहर के सामाजिक संगठनों को भी जानकारी दी।
रात में ही एकजुट हुए परिजन व सामाजिक संगठन
मामले की सूचना मिलते ही ग्रामीणों और सामाजिक संगठनों के लोग रात में ही एकजुट हो गए और एसपी कुलदीप सिंह से शिकायत की। एसपी के निर्देश पर दोनों पुलिसकर्मियों का रात में ही मेडिकल कराया गया। एसपी ने दोनों को लाइन हाजिर कर दिया।समाजसेवी रामकुमार गोयल ने कहा कि मामले में पुलिस विभाग की कार्रवाई के बाद अब सवाल यह है कि डायल 112 जैसी आपातकालीन सेवा में तैनात कर्मचारियों के व्यवहार और ड्यूटी की निगरानी किस स्तर पर होती है। जिस पुलिस से आमजन संकट के समय मदद और सुरक्षा की उम्मीद करता है यदि उसी पर शराब के लिए रुपये मांगने और शिकायतकर्ता को रात में सड़क पर छोड़ने जैसी घटनाएं सामने आए तो आमजन को कैसे सुरक्षा मिलेगी।
इस मामले में जींद एसपी कुलदीप सिंह ने कहा कि शिकायत मिलने पर ईएचसी जय शंकर और एसपीओ प्रदीप को लाइन हाजिर किया गया है। दोनों पर शराब पीने के आरोप लगे थे। इसके चलते रात में ही उनका मेडिकल कराया गया। दोनों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।