{"_id":"6a8b544c4ff8238f2a09544f","slug":"negligence-in-door-to-door-garbage-collection-will-lead-to-action-against-contractors-and-if-necessary-the-contract-will-also-be-cancelled-jind-news-c-199-1-sroh1009-159003-2026-08-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण में लापरवाही पर ठेकेदारों पर होगी कार्रवाई, जरूरत पड़ी तो अनुबंध भी रद्द होगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण में लापरवाही पर ठेकेदारों पर होगी कार्रवाई, जरूरत पड़ी तो अनुबंध भी रद्द होगा
विज्ञापन
जींद। शहर की बिगड़ती सफाई व्यवस्था को लेकर जिला नगर आयुक्त अनिल दून ने कड़ा रुख अपनाया है। रविवार को पीडब्ल्यूडी विश्राम गृह में उनकी अध्यक्षता में उच्चस्तरीय आपातकालीन बैठक हुई। इसमें नगर परिषद चेयरपर्सन डॉ. अनुराधा सैनी, नगर पार्षदों, नगर परिषद के अधिकारियों, सफाई ठेकेदारों तथा सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
जिला नगर आयुक्त ने अधिकारियों और ठेकेदारों को स्पष्ट चेतावनी दी कि डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। काम में ढिलाई बरतने वाले ठेकेदारों पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित ठेकेदारों के अनुबंध रद्द करने की कार्रवाई भी की जाएगी।
शहर में बने अस्थायी कचरा ढेरों और संवेदनशील कचरा स्थलों की पहचान कर तत्काल कचरा उठाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए गैर-सरकारी संगठनों, ठेकेदारों के श्रमिकों और अन्य उपलब्ध संसाधनों का इस्तेमाल किया जाएगा।
विज्ञापन
नगर आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सफाई व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही सामने नहीं आनी चाहिए। बैठक में नगर पार्षदों से उनके वार्डों की सफाई संबंधी समस्याओं की रिपोर्ट भी ली गई। पार्षदों से मिली शिकायतों के आधार पर परिषद के अभियंता, कनिष्ठ अभियंता और मुख्य सफाई निरीक्षक को मौके पर जाकर समस्याओं का समाधान करने के आदेश दिए गए हैं।
शहर को स्वच्छ रखने में प्रशासन के साथ आमजन की भागीदारी भी जरूरी
शहर के प्रमुख बाजारों और सार्वजनिक स्थानों की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए स्थानीय सामाजिक, धार्मिक संस्थाओं और एनजीओ का सहयोग लेने का निर्णय लिया गया। जिला नगर आयुक्त अनिल दून ने कहा कि शहर को स्वच्छ रखने में प्रशासन के साथ आमजन की भागीदारी भी जरूरी है। उन्होंने शहरवासियों को आश्वस्त किया कि नगर प्रशासन सफाई व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
विज्ञापन
जिला नगर आयुक्त ने अधिकारियों और ठेकेदारों को स्पष्ट चेतावनी दी कि डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। काम में ढिलाई बरतने वाले ठेकेदारों पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित ठेकेदारों के अनुबंध रद्द करने की कार्रवाई भी की जाएगी।
विज्ञापन
शहर में बने अस्थायी कचरा ढेरों और संवेदनशील कचरा स्थलों की पहचान कर तत्काल कचरा उठाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए गैर-सरकारी संगठनों, ठेकेदारों के श्रमिकों और अन्य उपलब्ध संसाधनों का इस्तेमाल किया जाएगा।
विज्ञापन
नगर आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सफाई व्यवस्था में किसी भी स्तर पर लापरवाही सामने नहीं आनी चाहिए। बैठक में नगर पार्षदों से उनके वार्डों की सफाई संबंधी समस्याओं की रिपोर्ट भी ली गई। पार्षदों से मिली शिकायतों के आधार पर परिषद के अभियंता, कनिष्ठ अभियंता और मुख्य सफाई निरीक्षक को मौके पर जाकर समस्याओं का समाधान करने के आदेश दिए गए हैं।
शहर को स्वच्छ रखने में प्रशासन के साथ आमजन की भागीदारी भी जरूरी
शहर के प्रमुख बाजारों और सार्वजनिक स्थानों की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए स्थानीय सामाजिक, धार्मिक संस्थाओं और एनजीओ का सहयोग लेने का निर्णय लिया गया। जिला नगर आयुक्त अनिल दून ने कहा कि शहर को स्वच्छ रखने में प्रशासन के साथ आमजन की भागीदारी भी जरूरी है। उन्होंने शहरवासियों को आश्वस्त किया कि नगर प्रशासन सफाई व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।