{"_id":"6aaed86cf257e9968c06bbc4","slug":"convict-sentenced-to-five-years-in-prison-for-drug-trafficking-jind-news-c-199-1-sroh1009-160552-2026-09-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: नशा तस्करी के मामले में दोषी को पांच साल की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: नशा तस्करी के मामले में दोषी को पांच साल की सजा
विज्ञापन
जींद। अतिरिक्त एवं सत्र न्यायाधीश शिफा की अदालत ने नशा तस्करी के मामले में दिल्ली के नरेला निवासी सन्नी को दोषी करार देते हुए पांच वर्ष की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
अदालत में चले अभियोजन के अनुसार वर्ष 2019 में अपराध शाखा नरवाना की टीम गश्त के दौरान पटियाला चौक जींद से नरवाना रोड की तरफ जा रही थी। इस दौरान नीलम गैस एजेंसी के पास पुलिस ने आरोपी सन्नी निवासी नरेला, दिल्ली को पकड़ा था। तलाशी लेने पर उसके कब्जे से 180 ग्राम चरस बरामद हुई थी। मामले में थाना सदर जींद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ 31 जुलाई 2019 को एफआईआर दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया था। जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अदालत में चालान पेश किया।
सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अदालत के समक्ष मामले से संबंधित ठोस साक्ष्य और दस्तावेज प्रस्तुत किए। पुलिस की प्रभावी पैरवी के आधार पर अदालत ने सन्नी को एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी) के तहत दोषी करार देते हुए पांच वर्ष की सजा और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अदालत में चले अभियोजन के अनुसार वर्ष 2019 में अपराध शाखा नरवाना की टीम गश्त के दौरान पटियाला चौक जींद से नरवाना रोड की तरफ जा रही थी। इस दौरान नीलम गैस एजेंसी के पास पुलिस ने आरोपी सन्नी निवासी नरेला, दिल्ली को पकड़ा था। तलाशी लेने पर उसके कब्जे से 180 ग्राम चरस बरामद हुई थी। मामले में थाना सदर जींद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ 31 जुलाई 2019 को एफआईआर दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया था। जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अदालत में चालान पेश किया।
विज्ञापन
सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अदालत के समक्ष मामले से संबंधित ठोस साक्ष्य और दस्तावेज प्रस्तुत किए। पुलिस की प्रभावी पैरवी के आधार पर अदालत ने सन्नी को एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी) के तहत दोषी करार देते हुए पांच वर्ष की सजा और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
विज्ञापन