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मैं हरियाणा की बेटी सूं, ना कर्म की हेठी सूं
अमर उजाला ब्यूरो, फतेहाबाद
Updated Thu, 18 Aug 2016 12:31 AM IST
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सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करते विद्यार्थी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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महिला पुलिस थानों की प्रथम वर्षगांठ के मौके पर राजकीय महिला कॉलेज में पुलिस ने कार्यक्रम का आयोजन किया। इस दौरान डीसी विनय सिंह ने कार्यक्रम में शिरकत कर रही महिला सरपंचों से आह्वान किया कि वे बेटियों को सशक्त बनाने के लिए प्रयास करें। डीसी ने कहा कि बेटियां समाज का गौरव होती हैं। इस दौरान विभिन्न स्कूलों के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। कार्यक्रम के दौरान हरियाणवी कलाकार महावीर गुड्डू ने अपना हरियाणवी गीत मैं हरियाणा की बेटी सूं, नहीं कर्म की हेठी सूं। से सभी को मंत्र मुग्ध कर दिया। कार्यक्रम के दौरान नगर परिषद की चेयरपर्सन पूनम सैनी ने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा महिला थानों को खोलकर सराहनीय काम किया हैं। इससे महिलाओं को काफी हद तक न्याय मिला है। महिला अपनी समस्या या उत्पीड़न को एक महिला पुलिस कर्मी के सामने सहजता से बता सकती है।
कार्यक्रम के दौरान महिला सशक्तिकरण पर विभिन्न प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। इस मौके पर इस अवसर पर एडीसी आमना तस्नीम, एएसपी वसीम अकरम, सीटीएम डॉ. किरन सिंह, नगरपरिषद की चेयरपसर्न पूनम सैनी, नरगपरिषद वाइस चेयरमैन विनोद आशरी, बीबीपुर गांव के पूर्व सरपंच सुनील जागलान मौजूद रहे।
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घरेलू हिंसा नहीं सहें महिलाएं
इस दौरान एडवोकेट ज्योति मान ने महिलाओं को घरेलू हिंसा नहीं सहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि पहले को कानून भी घर बसाने के लिए पंचायती तौर पर ही प्रयास करता है। इसके बाद भी यदि बात नहीं बनती तो महिलाओं को पूरे अधिकार दिए गए हैं। महिलाओं को शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना नहीं सहनी चाहिए। एडवोकेट मान ने कहा कि यदि किसी लड़की की पढ़ाई बंद करवाई जाती है तो, यह भी घरेलू हिंसा के दायरे में आता है।
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