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Jind News: इमरजेंसी में खतरा! 14.90 करोड़ की लागत के बाद भी गिर रही फॉल सीलिंग

Wed, 15 Oct 2025 11:50 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद Updated Wed, 15 Oct 2025 11:50 PM IST
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Emergency threat! False ceiling still falling despite cost of 14.90 crores
15जेएनडी08: नागरिक अस्पताल के एमरजेंसी वार्ड में टूटी फाल सीलिंग। संवाद
जींद। 14.90 करोड़ रुपये से नागरिक अस्पताल में हुई लीपापोती की पोल आए दिन खुल रही हैं। इमरजेंसी वार्ड शुरू होते ही मुख्य द्वार से फॉल सीलिंग टूटकर गिर गई। इस दौरान एक मरीज बाल-बाल बचा है। इससे मरीजों व स्टॉफ की जान को भी जोखिम है।
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इससे पहले बारिश में लेंटर से पानी टपकने लगा था। इसके बाद विभाग ने आनन फानन में लेंटर में आई दरारों पर सीमेंट डालकर बंद कर दिया था। इमरजेंसी में पहले ही गंभीर हालात के मरीज आते हैं। इस तरह से फॉल सीलिंग के टुकड़ों का टूककर गिरना मरीजों की जान को जोखिम में डाल सकता है।
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इमरजेंसी वार्ड में लगाई गई फॉल सीलिंग या तो कमजोर क्वालिटी की है या फिर लगाने में लापरवाही बरती गई है। अभी तक इमरजेंसी वार्ड में दवाइयां तक नहीं रखी गई और छत से फॉल सीलिंग टूटकर गिरने लगी है।
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निर्माण सामग्री की गुणवत्ता पर उठे हैं सवाल
इसके निर्माण के चलते ही सामाजिक संगठनों, अधिवक्ताओं समेत समाज के अन्य वर्गों के लोगों ने जीर्णोद्धार के दौरान घटिया निर्माण सामग्री लगाने का आरोप लगाया था। इस दौरान अस्पताल प्रशासन ने भी कार्य की गुणवत्ता को गंभीरता से नहीं लिया। इसके कारण यह कार्य लगातार जारी रहा।
अधूरी बनी इमरजेंसी को किया चालू
इमरजेंसी में गंभीर मरीजों की जांच के लिए बनाए गए कक्ष में अभी तक दरवाजों के फ्रेम ही लगाए गए हैं। इसके अंदर शीशा भी नहीं लगा। गंभीर मरीजों के उपचार के दौरान यह दरवाजा खुला ही रहता है। कैबिनों में दवाई भी ठीक से नहीं रखी गई।

वर्जन
इमरजेंसी में फॉल सीलिंग अगर टूटी है तो इसको दोबारा से रिपेयर करवाया जाएगा। पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि बेहतर कार्य किया जाए ताकि मरीजों को परेशानी नहीं हो। वह इसकी जांच करवाएंगे। इसके अलावा कुछ कार्य अधूरा है तो उसको भी शीघ्र पूरा करवाया जाएगा। -डॉ. रघुबीर पूनिया, पीएमओ नागरिक अस्पताल जींद
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