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जिला परिषद की चौधर का फैसल एक मई को
ब्यूरो अमर उजाला जींद
Updated Fri, 21 Apr 2017 12:27 AM IST
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जिला परिषद भवन का फाइल फोटो।
- फोटो : amarujala beuro
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जिला परिषद की चेयरपर्सन की कुर्सी रहेगी या नहीं, इसके लिए अब एक कई को फैसला होगा। प्रशासन ने लंबे इंतजार के बाद एक मई की तारीख जिला परिषद की चेयरपर्सन को बहुमत साबित करने के लिए दी है। हालांकि, चेयरपर्सन पदमा सिंगला और विरोधी खेमा 12 अप्रैल से ही अपनी-अपनी पालेबंदी मजबूत करने में लगे हुए हैं, लेकिन चेयरपर्सन की कुर्सी का फैसला अब एक मई को ही होगा।
गौरतलब है कि 20 पार्षदों ने एकजुटता दिखाते हुए 12 अप्रैल को डीसी विनय सिंह को शपथपत्र सौंपकर जिला परिषद की चेयरपर्सन पदमा सिंगला से असंतोष जताया था। इसके बाद से ही विरोधी खेमा और चेयरपर्सन अपने-अपने पक्ष को मजबूत करने के लिए पूरी ताकत झोंक रहे हैं। हालांकि एक मई को सिर्फ वर्तमान चेयर्पसन का ही फैसला होगा, लेकिन नए चेयरपर्सन के लिए भी उम्मीदवार ताल ठोंक रहे हैं। इसका फायदा भी वर्तमान चेयरपर्सन को मिल सकता है। हालांकि, विरोधी खेमा सभी 20 पार्षद एकजुट होने की बात कह रहा है, लेकिन सूत्रों के अनुसार जिला परिषद चेयरपर्सन तीन से चार पार्षदों के संपर्क में हैं। इससे उनकी राह बहुत आसान हो जाती है।
यह है गणित
जिला परिषद में कुल 26 सदस्य हैं। 12 अप्रैल को हुई मीटिंग में पांच पार्षद चेयरपर्सन के समर्थन में मीटिंग में मौजूद रहे और 20 पार्षद खिलाफत में थे। वहीं एक पार्षद दोनों ही खेमों से दूर रहा। ऐसे में एक मई को होने वाली मीटिंग में अब विरोधियों को ताकत दिखानी है। यदि मीटिंग में जिला परिषद चेयरपर्सन के खिलाफ 18 मत नहीं आते तो उनकी कुर्सी पक्की रहेगा।
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वार्ड छह के पार्षद पर सभी की नजर
एक साल पहले हुए जिला परिषद चेयरपर्सन के चुनाव के समय भी जिस पार्षद की ओर पूरा सदन देख रहा था, वही इस बार फिर केंद्रीय भूमिका में आ गया है। वार्ड नंबर छह के पार्षद मोनू दनौदा ने उस समय मतदान करने से ही मना कर दिया था और पदमा सिंगला एक मत से चेयरपर्सन बन गईं। अब फिर मोनू दनौदा ने किसी भी पक्ष के साथ अपनी उपस्थिति दर्ज नहीं करवाई है। मोनू दनौदा के अनुसार, अभी उन्होंने अपने संगठन और पार्टी के साथ मतदान पर चर्चा नहीं की है। दरअसल मोनू दनौदा माकपा के सदस्य हैं और उनके अनुसार पार्टी में चर्चा के बाद ही मतदान पर फैसला लिया जाएगा।
प्रशासन दे तारीख तैयारी पूरी
प्रशासन विश्वास मत हासिल करने के लिए तारीख दे। इसके बाद पार्षद खुद जिला परिषद के कामों पर मुहर लगा देंगे। जिले भर मेें समान रूप से विकास हुआ है और इसका फल जरूरी मिलेगा।
- पदमा सिंगला, चेयरपर्सन
जिला परिषद चेयरपर्सन के विश्वास मत के लिए एक मई की तारीख तय की गई है। इसका नोटिस निकाला जा रहा है। प्रशासन इसके लिए पूरी तैयारी कर रहा है।
विनय सिंह, डीसी
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गौरतलब है कि 20 पार्षदों ने एकजुटता दिखाते हुए 12 अप्रैल को डीसी विनय सिंह को शपथपत्र सौंपकर जिला परिषद की चेयरपर्सन पदमा सिंगला से असंतोष जताया था। इसके बाद से ही विरोधी खेमा और चेयरपर्सन अपने-अपने पक्ष को मजबूत करने के लिए पूरी ताकत झोंक रहे हैं। हालांकि एक मई को सिर्फ वर्तमान चेयर्पसन का ही फैसला होगा, लेकिन नए चेयरपर्सन के लिए भी उम्मीदवार ताल ठोंक रहे हैं। इसका फायदा भी वर्तमान चेयरपर्सन को मिल सकता है। हालांकि, विरोधी खेमा सभी 20 पार्षद एकजुट होने की बात कह रहा है, लेकिन सूत्रों के अनुसार जिला परिषद चेयरपर्सन तीन से चार पार्षदों के संपर्क में हैं। इससे उनकी राह बहुत आसान हो जाती है।
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यह है गणित
जिला परिषद में कुल 26 सदस्य हैं। 12 अप्रैल को हुई मीटिंग में पांच पार्षद चेयरपर्सन के समर्थन में मीटिंग में मौजूद रहे और 20 पार्षद खिलाफत में थे। वहीं एक पार्षद दोनों ही खेमों से दूर रहा। ऐसे में एक मई को होने वाली मीटिंग में अब विरोधियों को ताकत दिखानी है। यदि मीटिंग में जिला परिषद चेयरपर्सन के खिलाफ 18 मत नहीं आते तो उनकी कुर्सी पक्की रहेगा।
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वार्ड छह के पार्षद पर सभी की नजर
एक साल पहले हुए जिला परिषद चेयरपर्सन के चुनाव के समय भी जिस पार्षद की ओर पूरा सदन देख रहा था, वही इस बार फिर केंद्रीय भूमिका में आ गया है। वार्ड नंबर छह के पार्षद मोनू दनौदा ने उस समय मतदान करने से ही मना कर दिया था और पदमा सिंगला एक मत से चेयरपर्सन बन गईं। अब फिर मोनू दनौदा ने किसी भी पक्ष के साथ अपनी उपस्थिति दर्ज नहीं करवाई है। मोनू दनौदा के अनुसार, अभी उन्होंने अपने संगठन और पार्टी के साथ मतदान पर चर्चा नहीं की है। दरअसल मोनू दनौदा माकपा के सदस्य हैं और उनके अनुसार पार्टी में चर्चा के बाद ही मतदान पर फैसला लिया जाएगा।
प्रशासन दे तारीख तैयारी पूरी
प्रशासन विश्वास मत हासिल करने के लिए तारीख दे। इसके बाद पार्षद खुद जिला परिषद के कामों पर मुहर लगा देंगे। जिले भर मेें समान रूप से विकास हुआ है और इसका फल जरूरी मिलेगा।
- पदमा सिंगला, चेयरपर्सन
जिला परिषद चेयरपर्सन के विश्वास मत के लिए एक मई की तारीख तय की गई है। इसका नोटिस निकाला जा रहा है। प्रशासन इसके लिए पूरी तैयारी कर रहा है।
विनय सिंह, डीसी