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Jind News: स्थायी करने के लिए ग्रामीण सफाई कर्मियों का प्रदर्शन
Tue, 06 Aug 2024 04:00 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
Updated Tue, 06 Aug 2024 04:00 AM IST
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मांगों को लेकर डीडीपीओ को ज्ञापन सौंपते ग्रामीण सफाई कर्मचारी। संवाद
जींद। स्थायी कर्मचारी का दर्जा देने की मांग को लेकर सोमवार को ग्रामीण सफाई कर्मचारियों ने लघु सचिवालय के सामने प्रदर्शन करने के साथ धरना दिया। बाद में सरकार के नाम डीडीपीओ संदीप भारद्वाज को ज्ञापन सौंपा। धरने की अध्यक्षता ग्रामीण सफाई कर्मचारी यूनियन हरियाणा संबंधित सीटू के जिला प्रधान ईश्वर बुआना ने की, तो संचालन यूनियन के जिला सहसचिव गुलाब बिरौली ने किया।
यूनियन नेता कृष्ण लिजवाना, मुकेश देवरड़, यशपाल हथो, सुखविंद्र सिंह ने कहा कि 2 जुलाई को मुख्यमंत्री ने उनके मानदेय में एक हजार रुपये की बढ़ोतरी कर उनके साथ धोखा किया है। सफाई कर्मियों को इस विधानसभा चुनाव से पहले पक्का होने की उम्मीद थी, लेकिन सरकार ने ऐसा न करके केवल एक हजार रुपये बढ़ाकर जले पर नमक छिड़कने का काम किया है। अब पोर्टल बनाने की घोषणा करके सरकार ने अपनी मंशा साफ कर दी है की ये सफाई कर्मचारी आगे भी पक्के नहीं होंगे। उन्होंने मांग की कि ग्रामीण सफाई कर्मियों को स्थायी किया जाए। रेगुलर कर्मचारी का दर्जा देने, 26 हजार रुपये वेतन लागू करने, बीमारी या दुर्घटना में मौत होने पर कर्मचारी के परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने तथा दस लाख मुआवजा देने, नाजायज रूप से हटाए गए सभी सफाई कर्मियों को वेतन सहित वापस लेने की की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने उनकी अनदेखी की तो 11 अगस्त को प्रदेशभर के सफाई कर्मी सीएम सिटी करनाल में हल्ला बोल रैली करेंगे। इस अवसर पर विनोद बीघाना, सुल्तान, प्रवीण, राजा राम, संजय, बीरमति, गुड्डी, राजकुमारी मौजूद रहे।
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यूनियन नेता कृष्ण लिजवाना, मुकेश देवरड़, यशपाल हथो, सुखविंद्र सिंह ने कहा कि 2 जुलाई को मुख्यमंत्री ने उनके मानदेय में एक हजार रुपये की बढ़ोतरी कर उनके साथ धोखा किया है। सफाई कर्मियों को इस विधानसभा चुनाव से पहले पक्का होने की उम्मीद थी, लेकिन सरकार ने ऐसा न करके केवल एक हजार रुपये बढ़ाकर जले पर नमक छिड़कने का काम किया है। अब पोर्टल बनाने की घोषणा करके सरकार ने अपनी मंशा साफ कर दी है की ये सफाई कर्मचारी आगे भी पक्के नहीं होंगे। उन्होंने मांग की कि ग्रामीण सफाई कर्मियों को स्थायी किया जाए। रेगुलर कर्मचारी का दर्जा देने, 26 हजार रुपये वेतन लागू करने, बीमारी या दुर्घटना में मौत होने पर कर्मचारी के परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने तथा दस लाख मुआवजा देने, नाजायज रूप से हटाए गए सभी सफाई कर्मियों को वेतन सहित वापस लेने की की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने उनकी अनदेखी की तो 11 अगस्त को प्रदेशभर के सफाई कर्मी सीएम सिटी करनाल में हल्ला बोल रैली करेंगे। इस अवसर पर विनोद बीघाना, सुल्तान, प्रवीण, राजा राम, संजय, बीरमति, गुड्डी, राजकुमारी मौजूद रहे।
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