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Jind News: आर्य समाज नरवाना ने किया साप्ताहिक सत्संग एवं हवन यज्ञ
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29जेएनडी23: हवन यज्ञ करते हुए आर्य समाज। संवाद
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नरवाना। आर्य समाज नरवाना में यज्ञ हवन के बाद साप्ताहिक सत्संग कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान धर्मपाल और यशपाल आर्य ने भजन एवं गीतों के माध्यम से ईश्वर स्तुति, प्रार्थना उपासना एवं वीरगाथाओं का यशोगान किया। आर्य समाज प्रधान चंद्रकांत आर्य ने वर्तमान में राष्ट्र की एकता और अखंडता के आधार स्तंभ महान वीर बलिदानियों की स्मृति में 31 दिसंबर को शौर्य एवं बलिदान यात्रा निकालने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि वीर बलिदानियों की स्मृति को संजोए रखने के लिए आगामी पीढ़ी में राष्ट्रभक्ति भाव पैदा करने के लिए समय-समय पर जागृति कार्यक्रम करना आर्य समाज का प्रमुख कर्तव्य है। हमारे पूर्वजों ने भयंकर अत्याचार और क्रूरतम यातनाओं को सहते हुए धर्म और कर्म अनुसार वैदिक सनातन राष्ट्रीय संस्कृति के गौरवशाली परंपराओं की रक्षार्थ बलिदान भी हुए हैं।
जयपाल सिंह आर्य ने कहा कि वेद की आज्ञा अनुसार सकारात्मक चिंतन-मनन से सर्वोत्तम ज्ञान-विज्ञान के आधार पर रचनात्मक कार्यों से शारीरिक, मानसिक बौद्धिक एवं आध्यात्मिक उन्नति होगी। प्रत्येक मनुष्य को शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक, आध्यात्मिक एवं धार्मिक शक्ति का सदुपयोग समाज एवं राष्ट्र निर्माण में सकारात्मक आत्मिक ऊर्जा का प्रयोग करना चाहिए। इस अवसर पर वेदपाल आर्य, किताब सिंह, बलबीर सिंह, संजीव मौजूद रहे।
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उन्होंने कहा कि वीर बलिदानियों की स्मृति को संजोए रखने के लिए आगामी पीढ़ी में राष्ट्रभक्ति भाव पैदा करने के लिए समय-समय पर जागृति कार्यक्रम करना आर्य समाज का प्रमुख कर्तव्य है। हमारे पूर्वजों ने भयंकर अत्याचार और क्रूरतम यातनाओं को सहते हुए धर्म और कर्म अनुसार वैदिक सनातन राष्ट्रीय संस्कृति के गौरवशाली परंपराओं की रक्षार्थ बलिदान भी हुए हैं।
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जयपाल सिंह आर्य ने कहा कि वेद की आज्ञा अनुसार सकारात्मक चिंतन-मनन से सर्वोत्तम ज्ञान-विज्ञान के आधार पर रचनात्मक कार्यों से शारीरिक, मानसिक बौद्धिक एवं आध्यात्मिक उन्नति होगी। प्रत्येक मनुष्य को शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक, आध्यात्मिक एवं धार्मिक शक्ति का सदुपयोग समाज एवं राष्ट्र निर्माण में सकारात्मक आत्मिक ऊर्जा का प्रयोग करना चाहिए। इस अवसर पर वेदपाल आर्य, किताब सिंह, बलबीर सिंह, संजीव मौजूद रहे।
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