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संशोधित समाचार

Wed, 29 Aug 2018 01:10 AM IST
Updated Wed, 29 Aug 2018 01:10 AM IST
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संशोधित समाचार
टीम के सामने सौतेली मां बोली- बच्चे को साथ रखना पसंद नहीं, खाना देने से भी गुरेज
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अमर उजाला ब्यूरो
नारायणगढ़। सौतली मां द्वारा 12 साल के बच्चे से किए जा रहे बर्ताव से परेशान होकर पड़ोसियों ने बाल कल्याण समिति को शिकायत कर दी। मंगलवार को समिति की टीम मौके पर पहुंची। टीम के सामने ही सौतेली मां ने कहा कि वह बच्चे को साथ रखना पसंद नहीं करती, जबकि उसे खाना देने से भी गुरेज है। फिलहाल टीम ने बच्चे का मेडिकल करवाकर उसे बाल आश्रम झीड़ीवाला के सुपुर्द किया है।
उल्लेखनीय है कि बच्चे के पिता धर्मवीर सिंह की पहली पत्नी की मौत हो चुकी है जबकि वह झारखंड की रहने वाली इस महिला से शादी कराकर लाया था। बताया जाता है कि इस बच्चे को कभी उसके चाचा तो कभी बुआ या ताया अपने साथ कुछ दिन रखते थे।
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शहर के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की छठी कक्षा में पढ़ने वाले 12 वर्षीय छात्र को उसकी सौतेली मां बेहद तंग रखती थी। कक्षा के होनहार छात्रों में शामिल इस बच्चे के साथ उसकी माता का व्यवहार एवं बर्ताव इस कदर अमानवीय था कि पड़ोस के लोग भी कई बार इससे सहम जाते थे। पड़ोसियों ने इस संदर्भ में पिछले दिनों एक शिकायत बाल कल्याण समिति को सौंपी थी, जिस पर कार्रवाई करन के लिए मंगलवार को शहर के नाहन रोड क्षेत्र में स्थित शिव कॉलोनी में टीम ने छापा मारा।
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जिला बाल संरक्षण अधिकारी मेघा सिंगल, चाइल्ड लाइन कोऑर्डिनेटर सुजाता सैनी, काउंसलर अजय व रणधीर की इस टीम ने जब बच्चे के कमरे के हालात देखे तो एक समय तो ये लोग भी सन्न रह गए। सीलन भरे कमरे में न तो लाइट की व्यवस्था थी व न ही शौचालय। यही नहीं पीड़ित बच्चे द्वारा सुनाई गई आपबीती से तो एक बार टीम सकते में भी आ गई। सौतली मां का व्यवहार न केवल अमानवीय था अपितु उसने खुद टीम के सामने कबूल किया कि उसे इस बच्चे का साथ बिल्कुल भी पंसद नहीं और वह उसे खाना देने तक से भी गुरेज करती है। पूछताछ में पता चला है कि कई बार बच्चे को घर में भी घुसने नहीं दिया जाता था, जबकि शौच के लिए मना करते थे। बाल संरक्षण टीम ने पड़ोसियों व सौतेली मां के बयान लेने के बाद बच्चे का मेडिकल करवाकर उसे झीड़ीवाला स्थित बाल आश्रम को सौंप दिया है। बच्चे की पढ़ाई बाधित न हो, इसलिए बाल आश्रम के सदस्यों को बच्चे को प्रतिदिन स्कूल छोड़ने व लाने की जिम्मेदारी सौंपी गई।
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