{"_id":"5e121dda8ebc3e87c80fb4eb","slug":"7000-poeple-of-patel-nagar-atricken-with-sewer-problem-for-5-years-jind-news-rtk5358024135","type":"story","status":"publish","title_hn":"पटेल नगर के सात हजार लोग पांच साल से सीवर समस्या से त्रस्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पटेल नगर के सात हजार लोग पांच साल से सीवर समस्या से त्रस्त
विज्ञापन
पटेल नगर की एक गली में भरा सीवर का पानी।
- फोटो : Jind
पटियाला चौक स्थित पटेल नगर में आज तक सीवर व्यवस्था दुरुस्त नहीं हुई है। पटेल नगर की सीवर व्यवस्था का कनेक्शन पहले हांसी रोड स्थित सीवर ट्रीटमेंट प्लांट से किया गया था, लेकिन लाइन लंबी होने के कारण वह बार अवरुद्ध हो जाती है। इससे गंदे पानी की निकासी नहीं हो पाती। कॉलोनी के सात से आठ हजार लोग पिछले पांच साल में इसकी शिकायत कई बार जनस्वास्थ्य विभाग से कर चुके हैं, लेकिन आज तक इसका समाधान नहीं हुआ है। जनस्वास्थ्य विभाग अब यहां के लोगों की समस्या दूर करने के लिए नरवाना रोड स्थित सीवर ट्रीटमेंट प्लांट में इसकी निकासी करेगा।
कॉलोनीवासियों ने बताया कि सभी राजनीतिक पार्टियों के नेता चुनाव के समय गंदे पानी की निकासी की उचित व्यवस्था करने का आश्वासन देते हैं, लेकिन चुनाव के बाद कभी भी आकर इन समस्याओं के समाधान के लिए बात भी नहीं करते। यही हाल शहर की नगर परिषद में चुने जाने वाले पार्षदों का है। लोगों ने कहा कि समस्या की तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा है। साथ में सात से आठ बार इसकी शिकायत की मगर समाधान नहीं हुआ। कॉलोनी के लोगों ने कहा कि यहां के ज्यादातर मकान गलियों से नीचे बने हैं, जिसकी वजह से इन मकानों से बाहर पानी निकालना मुश्किल हो जाता है। सीवर लाइन जाम होने से अकसर घरों के बाहर पानी भर जाता है। कॉलोनी के लोगों ने मांग की कि यहां की कडंम सीवर लाइन को दुरुस्त करवाया जाए। सप्ताह में एक दिन पूरी सीवर लाइन की सफाई करवाई जाए।
दिन में दो बार आंगन से निकालते हैं गंदा पानी
दिन में एक नहीं दो बार सीवर लाइन का जमा हुआ गंदा पानी खुद बाल्टियों से निकालते हैं। सीवर लाइन में आने वाली गंदगी लाइन के अवरुद्ध होने के कारण घरों में घुस जाती है। इसके कारण पटेल नगर में लोगों को बहुत ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ता है। प्रशासन से मांग है कि इस कॉलोनी की सीवर लाइन का सुधार करवाया जाए।
विज्ञापन
राज देवी, पटेल नगर निवासी।
सीवर लाइन की नहीं होती सफाई
सीवर लाइन की सफाई नहीं होने के कारण भी कॉलोनी में लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। कई बार अधिकारियों को शिकायत की जा चुका है, लेकिन कोई भी अधिकारी सीवर लाइन की सफाई करवाने के लिए गंभीर नहीं है। हर बार आश्वासन दिया जाता है, लेकिन सफाई नहीं होती। इसके कारण घरों में पानी जमा रहता है।
सोहनलाल पटेल नगर निवासी
बच्चों से लेकर बड़ों तक परेशान
कॉलोनी में सीवर लाइन बंद रहने के कारण बच्चे और बड़े सभी परेशान हैं। जन स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों को पिछले पांच साल में सैकड़ों बार समय-समय पर सफाई करने के लिए कहा जा चुका है, लेकिन महीने में कभी कभार ही एकाध गली की सीवर लाइन का साफ करते हैं। इसके कारण घरों के अंदर सीवर लाइन का पानी रिसता रहता है।
मीना देवी।
आम दिनों में भी नहीं सूखता पानी, बरसात व गर्मी में होती भयंकर समस्या
कॉलोनी में सीवर बंद होने की समस्या अकसर बनी रहती है। कभी भी गलियों का पानी नहीं सूखता। इसके अलावा बरसात और गर्मी के दिनों में तो गलियां और मकान तालाब का रूप धारण कर लेते हैं। इससे निपटने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग ने कुछ भी काम नहीं किया। सीवर पानी की निकासी के लिए प्रशासन व्यवस्था करने में असफल हो रहा है।
डॉ. विनोद कुमार।
जल्द डाली जाएगी नई सीवर लाइन
फिलहाल पटेल नगर की सीवर लाइन का कनेक्शन हांसी रोड स्थित सीवर ट्रीटमेंट प्लांट से है। इसमें काफी परेशानी रहती है। कॉलोनी की समस्या दूर करने के लिए इसका कनेक्शन अब नरवाना रोड स्थित सीवर ट्रीटमेंट प्लांट से किया जाएगा। इसके बाद कोई समस्या नहीं रहेगी। जब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं होता, सप्ताह में दो दिन कर्मचारियों को भेजकर सीवर लाइन की सफाई करवाई जाएगी।
संजय शर्मा, कार्यकारी अभियंता, जनस्वास्थ्य विभाग
विज्ञापन
कॉलोनीवासियों ने बताया कि सभी राजनीतिक पार्टियों के नेता चुनाव के समय गंदे पानी की निकासी की उचित व्यवस्था करने का आश्वासन देते हैं, लेकिन चुनाव के बाद कभी भी आकर इन समस्याओं के समाधान के लिए बात भी नहीं करते। यही हाल शहर की नगर परिषद में चुने जाने वाले पार्षदों का है। लोगों ने कहा कि समस्या की तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा है। साथ में सात से आठ बार इसकी शिकायत की मगर समाधान नहीं हुआ। कॉलोनी के लोगों ने कहा कि यहां के ज्यादातर मकान गलियों से नीचे बने हैं, जिसकी वजह से इन मकानों से बाहर पानी निकालना मुश्किल हो जाता है। सीवर लाइन जाम होने से अकसर घरों के बाहर पानी भर जाता है। कॉलोनी के लोगों ने मांग की कि यहां की कडंम सीवर लाइन को दुरुस्त करवाया जाए। सप्ताह में एक दिन पूरी सीवर लाइन की सफाई करवाई जाए।
विज्ञापन
दिन में दो बार आंगन से निकालते हैं गंदा पानी
दिन में एक नहीं दो बार सीवर लाइन का जमा हुआ गंदा पानी खुद बाल्टियों से निकालते हैं। सीवर लाइन में आने वाली गंदगी लाइन के अवरुद्ध होने के कारण घरों में घुस जाती है। इसके कारण पटेल नगर में लोगों को बहुत ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ता है। प्रशासन से मांग है कि इस कॉलोनी की सीवर लाइन का सुधार करवाया जाए।
विज्ञापन
राज देवी, पटेल नगर निवासी।
सीवर लाइन की नहीं होती सफाई
सीवर लाइन की सफाई नहीं होने के कारण भी कॉलोनी में लोगों को परेशानी उठानी पड़ रही है। कई बार अधिकारियों को शिकायत की जा चुका है, लेकिन कोई भी अधिकारी सीवर लाइन की सफाई करवाने के लिए गंभीर नहीं है। हर बार आश्वासन दिया जाता है, लेकिन सफाई नहीं होती। इसके कारण घरों में पानी जमा रहता है।
सोहनलाल पटेल नगर निवासी
बच्चों से लेकर बड़ों तक परेशान
कॉलोनी में सीवर लाइन बंद रहने के कारण बच्चे और बड़े सभी परेशान हैं। जन स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों को पिछले पांच साल में सैकड़ों बार समय-समय पर सफाई करने के लिए कहा जा चुका है, लेकिन महीने में कभी कभार ही एकाध गली की सीवर लाइन का साफ करते हैं। इसके कारण घरों के अंदर सीवर लाइन का पानी रिसता रहता है।
मीना देवी।
आम दिनों में भी नहीं सूखता पानी, बरसात व गर्मी में होती भयंकर समस्या
कॉलोनी में सीवर बंद होने की समस्या अकसर बनी रहती है। कभी भी गलियों का पानी नहीं सूखता। इसके अलावा बरसात और गर्मी के दिनों में तो गलियां और मकान तालाब का रूप धारण कर लेते हैं। इससे निपटने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग ने कुछ भी काम नहीं किया। सीवर पानी की निकासी के लिए प्रशासन व्यवस्था करने में असफल हो रहा है।
डॉ. विनोद कुमार।
जल्द डाली जाएगी नई सीवर लाइन
फिलहाल पटेल नगर की सीवर लाइन का कनेक्शन हांसी रोड स्थित सीवर ट्रीटमेंट प्लांट से है। इसमें काफी परेशानी रहती है। कॉलोनी की समस्या दूर करने के लिए इसका कनेक्शन अब नरवाना रोड स्थित सीवर ट्रीटमेंट प्लांट से किया जाएगा। इसके बाद कोई समस्या नहीं रहेगी। जब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं होता, सप्ताह में दो दिन कर्मचारियों को भेजकर सीवर लाइन की सफाई करवाई जाएगी।
संजय शर्मा, कार्यकारी अभियंता, जनस्वास्थ्य विभाग