{"_id":"5b4e31274f1c1b19208b545a","slug":"51531851047-jind-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"85 एमएम बारिश से %शहर में सैलाब’, सड़कों, गलियों और घरों में घुसा पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
85 एमएम बारिश से %शहर में सैलाब’, सड़कों, गलियों और घरों में घुसा पानी
Updated Tue, 17 Jul 2018 11:40 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
जींद। लंबे इंतजार के बाद मंगलवार को जींद में जोरदार बारिश हुई। हालांकि 85 एमएम बारिश से लोगों को गर्मी से राहत तो मिली, लेकिन शहर के लोगों के लिए बारिश आफत लेकर आई। इसके चलते मुख्य सड़कों से लेकर गलियां लबालब हो गईं और घरों तक में पानी घुस गया। शहर में बरसाती पानी की निकासी की कोई व्यवस्था नहीं होने के कारण शहर के लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। रोष स्वरूप लोगों ने कई जगह जाम भी लगाया। सफीदों रोड व हांसी रोड पर करीब तीन घंटे तक जाम लगा रहा। अर्बन इस्टेट के लोगों ने जहां प्रशासन के आश्वासन के बाद जाम खोल दिया, वहीं हांसी रोड पर जाम लगा रहे टपरीवास कॉलोनी के लोगों को पुलिस ने जबरन सड़क से हटा दिया।
गौरतलब है कि शहर में बरसाती पानी की निकासी के लिए कोई व्यवस्था नहीं है। इसके चलते बारिश का पानी जनस्वास्थ्य विभाग की सीवर लाइन से ही निकाला जाता है। एक साथ अधिक बारिश होने पर सीवर लाइन से धीरे-धीरे पानी की निकासी होती है। ऐसे में शहर के लोगों को भयंकर परेशानी झेलनी पड़ती है।
यहां हुआ जलभराव
बारिश के चलते शहर के सबसे पॉश रिहायशी क्षेत्र अर्बन इस्टेट, हाउसिंग बोर्ड, शिव कॉलोनी के अलावा रोहतक रोड, पटियाला चौक, एंपलाइज कॉलोनी, लक्ष्मी नगर, दुर्गा कॉलोनी, श्याम नगर, राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, रानी तालाब सहित शहर की सभी बाहरी कॉलोनियों में पानी भर गया। दोपहर बाद तक पानी का स्तर कम होने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
विज्ञापन
घरों में पानी घुसने पर लगाया जाम
लोग घरों में पानी घुसने पर पटियाला चौक, सफीदों रोड, हांसी रोड व गोहाना बाईपास पर लोगों ने जाम लगा दिया। सफीदों रोड पर नगर परिषद के एमई बलराज सिंगला व सतीश गर्ग के साथ सिविल लाइन थाना प्रभारी विरेंद्र खर्ब ने लोगों को समझाबुझाकर जाम खुलवाया। लोगों ने कहा कि वे हुडा क्षेत्रों में रहने के लिए सरकार को मोटा टैक्स देते हैं, लेकिन उन्हें नारकीय जीवन जीना पड़ रहा है। यहां करीब तीन घंटे तक यातायात बाधित रहा। वहीं टपरीवास कॉलोनी के लोगों के घरों में पानी घुस जाने पर हांसी रोड पर जाम लगा दिया। यहां अधिकारियों ने पानी निकासी का आश्वासन दिया, लेकिन लोग राजी नहीं हुए। इस पर करीब तीन घंटे बाद पुलिस ने जबरन लोगों को उठाकर सड़क से हटा दिया।
जींद में 85 एमएम बारिश
मंगलवार को जींद में 85, नरवाना में 56, सफीदों में 20, उचाना में छह, अलेवा में पांच एमएम बारिश दर्ज की गई। इससे जींद व नरवाना में जलभराव की स्थित पैदा हो गई। वहीं मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में और बारिश की संभावना जताई है।
एसडीएम ने किया निरीक्षण
मंगलवार को हुई बरसात के बीच शहर में जलभराव होने से एसडीएम वीरेंद्र सहरावत ने शहर का दौरा कर बरसाती पानी की निकासी के प्रबंधों का जायजा लिया। उन्होंने जिला पुस्तकालय के बाहर जमा हुए पानी, अर्जुन स्टेडियम, बतख चौक, पटियाला चौक समेत कई स्थानों पर पानी निकासी के लिए तुरंत अधिकारियों को निर्देश दिए। उनके साथ जनस्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता संजय शर्मा, सीएम की सुशासन सहयोगी शुभी केसरवानी भी मौजूद रहीं। बिजली नहीं होने की सूरत में जनरेटर सैट की व्यवस्था भी है।
दो फुट तक घरों में घुसा पानी
बारिश के बाद लोगों के घरों में दो फुट तक पानी घुस आया है। घर में पानी घुसने पर दरवाजों में करंट तक आ गया था। लोगों ने मौके पर मेन लाइन बंद कर दी। इससे कोई जान की हानि नहीं हुई। कॉलोनी के बाहर जाने के सारे रास्ते बंद हो चुके हैं।
-विनोद, अर्बन इस्टेट निवासी।
सीवर भी हुए ओवरफ्लो
बारिश के बाद से कॉलोनी में सीवरे ओवरफ्लो हो गए। इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। लोगों ने प्रशासन से मांग की कि जल्द कॉलोनी में भरा बरसात के पानी की निकासी करवाई जाए।
-ओमप्रकाश, अर्बन इस्टेट निवासी।
बीमारी फैलने का खतरा
सभी प्रकार के टैक्स भरते हैं, लेकिन सुविधा नाम पर कुछ नहीं। सोमवार को हुई तेज बारिश के बाद पानी गलियों व घरों में घुस गया और घरों में घुसे गंदे पानी से बदबू आ रही है। इससे बीमारी फैलने का खतरा बना हुआ है।
-अंजलि, अर्बन इस्टेट निवासी।
एक साथ अधिक बारिश होने के कारण जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है। पानी निकालने के लिए सैनी धर्मशाला व सिविल लाइन पुलिस थाना के पास पंप सैट लगा दिए हैं। सुबह तक अधिकतर पानी की निकासी हो जाएगी। बरसाती पानी की निकासी के लिए नगर परिषद ने करीब 20 करोड़ रुपये की योजना शुरू की है। इस पर काम शुरू हो चुका है। अगले साल बारिश के मौसम में लोगों को इस प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी।
-बलराज सिंगला, एमई, नगर परिषद, जींद।
विज्ञापन
जींद। लंबे इंतजार के बाद मंगलवार को जींद में जोरदार बारिश हुई। हालांकि 85 एमएम बारिश से लोगों को गर्मी से राहत तो मिली, लेकिन शहर के लोगों के लिए बारिश आफत लेकर आई। इसके चलते मुख्य सड़कों से लेकर गलियां लबालब हो गईं और घरों तक में पानी घुस गया। शहर में बरसाती पानी की निकासी की कोई व्यवस्था नहीं होने के कारण शहर के लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी। रोष स्वरूप लोगों ने कई जगह जाम भी लगाया। सफीदों रोड व हांसी रोड पर करीब तीन घंटे तक जाम लगा रहा। अर्बन इस्टेट के लोगों ने जहां प्रशासन के आश्वासन के बाद जाम खोल दिया, वहीं हांसी रोड पर जाम लगा रहे टपरीवास कॉलोनी के लोगों को पुलिस ने जबरन सड़क से हटा दिया।
गौरतलब है कि शहर में बरसाती पानी की निकासी के लिए कोई व्यवस्था नहीं है। इसके चलते बारिश का पानी जनस्वास्थ्य विभाग की सीवर लाइन से ही निकाला जाता है। एक साथ अधिक बारिश होने पर सीवर लाइन से धीरे-धीरे पानी की निकासी होती है। ऐसे में शहर के लोगों को भयंकर परेशानी झेलनी पड़ती है।
विज्ञापन
यहां हुआ जलभराव
बारिश के चलते शहर के सबसे पॉश रिहायशी क्षेत्र अर्बन इस्टेट, हाउसिंग बोर्ड, शिव कॉलोनी के अलावा रोहतक रोड, पटियाला चौक, एंपलाइज कॉलोनी, लक्ष्मी नगर, दुर्गा कॉलोनी, श्याम नगर, राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, रानी तालाब सहित शहर की सभी बाहरी कॉलोनियों में पानी भर गया। दोपहर बाद तक पानी का स्तर कम होने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
विज्ञापन
घरों में पानी घुसने पर लगाया जाम
लोग घरों में पानी घुसने पर पटियाला चौक, सफीदों रोड, हांसी रोड व गोहाना बाईपास पर लोगों ने जाम लगा दिया। सफीदों रोड पर नगर परिषद के एमई बलराज सिंगला व सतीश गर्ग के साथ सिविल लाइन थाना प्रभारी विरेंद्र खर्ब ने लोगों को समझाबुझाकर जाम खुलवाया। लोगों ने कहा कि वे हुडा क्षेत्रों में रहने के लिए सरकार को मोटा टैक्स देते हैं, लेकिन उन्हें नारकीय जीवन जीना पड़ रहा है। यहां करीब तीन घंटे तक यातायात बाधित रहा। वहीं टपरीवास कॉलोनी के लोगों के घरों में पानी घुस जाने पर हांसी रोड पर जाम लगा दिया। यहां अधिकारियों ने पानी निकासी का आश्वासन दिया, लेकिन लोग राजी नहीं हुए। इस पर करीब तीन घंटे बाद पुलिस ने जबरन लोगों को उठाकर सड़क से हटा दिया।
जींद में 85 एमएम बारिश
मंगलवार को जींद में 85, नरवाना में 56, सफीदों में 20, उचाना में छह, अलेवा में पांच एमएम बारिश दर्ज की गई। इससे जींद व नरवाना में जलभराव की स्थित पैदा हो गई। वहीं मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में और बारिश की संभावना जताई है।
एसडीएम ने किया निरीक्षण
मंगलवार को हुई बरसात के बीच शहर में जलभराव होने से एसडीएम वीरेंद्र सहरावत ने शहर का दौरा कर बरसाती पानी की निकासी के प्रबंधों का जायजा लिया। उन्होंने जिला पुस्तकालय के बाहर जमा हुए पानी, अर्जुन स्टेडियम, बतख चौक, पटियाला चौक समेत कई स्थानों पर पानी निकासी के लिए तुरंत अधिकारियों को निर्देश दिए। उनके साथ जनस्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता संजय शर्मा, सीएम की सुशासन सहयोगी शुभी केसरवानी भी मौजूद रहीं। बिजली नहीं होने की सूरत में जनरेटर सैट की व्यवस्था भी है।
दो फुट तक घरों में घुसा पानी
बारिश के बाद लोगों के घरों में दो फुट तक पानी घुस आया है। घर में पानी घुसने पर दरवाजों में करंट तक आ गया था। लोगों ने मौके पर मेन लाइन बंद कर दी। इससे कोई जान की हानि नहीं हुई। कॉलोनी के बाहर जाने के सारे रास्ते बंद हो चुके हैं।
-विनोद, अर्बन इस्टेट निवासी।
सीवर भी हुए ओवरफ्लो
बारिश के बाद से कॉलोनी में सीवरे ओवरफ्लो हो गए। इससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। लोगों ने प्रशासन से मांग की कि जल्द कॉलोनी में भरा बरसात के पानी की निकासी करवाई जाए।
-ओमप्रकाश, अर्बन इस्टेट निवासी।
बीमारी फैलने का खतरा
सभी प्रकार के टैक्स भरते हैं, लेकिन सुविधा नाम पर कुछ नहीं। सोमवार को हुई तेज बारिश के बाद पानी गलियों व घरों में घुस गया और घरों में घुसे गंदे पानी से बदबू आ रही है। इससे बीमारी फैलने का खतरा बना हुआ है।
-अंजलि, अर्बन इस्टेट निवासी।
एक साथ अधिक बारिश होने के कारण जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है। पानी निकालने के लिए सैनी धर्मशाला व सिविल लाइन पुलिस थाना के पास पंप सैट लगा दिए हैं। सुबह तक अधिकतर पानी की निकासी हो जाएगी। बरसाती पानी की निकासी के लिए नगर परिषद ने करीब 20 करोड़ रुपये की योजना शुरू की है। इस पर काम शुरू हो चुका है। अगले साल बारिश के मौसम में लोगों को इस प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी।
-बलराज सिंगला, एमई, नगर परिषद, जींद।