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निजी अस्पताल में डिलीवरी के दौरान जच्चा-बच्चा की मौत
Updated Wed, 11 Jul 2018 12:33 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
जींद। मंगलवार सुबह शहर के भिवानी रोड स्थित एक निजी अस्पताल में डिलीवरी के दौरान एक जच्चा-बच्चा की मौत हो गई। दोनों की मौत का समाचार पाकर शहर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल भिजवाया। इसी बीच सूचना स्वास्थ्य विभाग को लग गई। सिविल सर्जन डॉ. संजय दहिया ने जच्चा-बच्चा की मौत के मामले की जांच के लिए कमेटी का गठन कर दिया। इसके बाद पुलिस ने शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया।
पुलिस सूत्रों के अनुसार गांव कहसून निवासी प्रदीप की पत्नी मोनिका को डिलीवरी के लिए भिवानी रोड स्थित एक निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया था। डिलीवरी के दौरान महिला और उसके बच्चे की मौत हो गई। पुलिस शव नागरिक अस्पताल ले गई तो यहां मोनिका के मायका व ससुराल पक्ष के लोग जमा हो गए। दोनों ने इसके लिए किसी को भी जिम्मेदार नहीं ठहराया और पुलिस कार्रवाई करवाने से मना कर दिया। शहर थाना पुलिस ने सिविल सर्जन कार्यालय को मामले से अवगत करवाया।
मौत के कारणों का पता लगाएगी कमेटी
इस प्रकार से डिलीवरी के दौरान जच्चा-बच्चा की मौत होना बहुत ही गंभीर मामला है। यदि इसमें किसी की लापरवाही है तो उस पर कार्रवाई की जाएगी। मामले की जांच के लिए एक कमेटी का गठन किया गया है। कमेटी जांच करके जल्द ही रिपोर्ट सौंपेगी। रिपोर्ट आने के बाद ही आगामी कार्रवाई की जाएगी।
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-डॉ. संजय दहिया, सिविल सर्जन, जींद।
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जींद। मंगलवार सुबह शहर के भिवानी रोड स्थित एक निजी अस्पताल में डिलीवरी के दौरान एक जच्चा-बच्चा की मौत हो गई। दोनों की मौत का समाचार पाकर शहर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए नागरिक अस्पताल भिजवाया। इसी बीच सूचना स्वास्थ्य विभाग को लग गई। सिविल सर्जन डॉ. संजय दहिया ने जच्चा-बच्चा की मौत के मामले की जांच के लिए कमेटी का गठन कर दिया। इसके बाद पुलिस ने शवों का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया।
पुलिस सूत्रों के अनुसार गांव कहसून निवासी प्रदीप की पत्नी मोनिका को डिलीवरी के लिए भिवानी रोड स्थित एक निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया था। डिलीवरी के दौरान महिला और उसके बच्चे की मौत हो गई। पुलिस शव नागरिक अस्पताल ले गई तो यहां मोनिका के मायका व ससुराल पक्ष के लोग जमा हो गए। दोनों ने इसके लिए किसी को भी जिम्मेदार नहीं ठहराया और पुलिस कार्रवाई करवाने से मना कर दिया। शहर थाना पुलिस ने सिविल सर्जन कार्यालय को मामले से अवगत करवाया।
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मौत के कारणों का पता लगाएगी कमेटी
इस प्रकार से डिलीवरी के दौरान जच्चा-बच्चा की मौत होना बहुत ही गंभीर मामला है। यदि इसमें किसी की लापरवाही है तो उस पर कार्रवाई की जाएगी। मामले की जांच के लिए एक कमेटी का गठन किया गया है। कमेटी जांच करके जल्द ही रिपोर्ट सौंपेगी। रिपोर्ट आने के बाद ही आगामी कार्रवाई की जाएगी।
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-डॉ. संजय दहिया, सिविल सर्जन, जींद।