फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jind News ›   25 shopkeepers who have been running shops for 20 years got ownership

Jind News: 20 सालों से दुकानें चला रहे 25 दुकानदारों को मिला दुकानों का मालिकाना हक

Sat, 21 Jan 2023 05:30 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sat, 21 Jan 2023 05:30 AM IST
विज्ञापन
25 shopkeepers who have been running shops for 20 years got ownership
जींद। शहरी निकाय की प्रॉपर्र्टी पर 20 साल या उससे ज्यादा समय से दुकान चला रहे दुकानदारों को उनका मालिकाना हक मिल गया है। शुक्रवार को विधायक डॉ. कृष्ण मिड्ढा और नगर परिषद की चेयरपर्सन डॉ. अनुराधा सैनी ने नगर परिषद के तहत 25 दुकानदारों को दुकानों का दस्तावेज उनको सौंप दिया। इस दौरान नगर परिषद उपप्रधान अर्चना शर्मा, ईओ सुशील भुक्कल, एक्सईएन एलसी चौहान, भाजपा जिला महामंत्री डॉ. राज सैनी, शिवचरण गोयल भी मौजूद रहे।
विज्ञापन

शहर की पालिका बाजार, पुरानी कचहरी रोड के अलावा कुछ अन्य स्थानों पर शहरी निकाय की प्रॉपर्र्टी है, जिन पर दुकान व अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठान चल रहे हैं। इनमें से कुछ ऐसे दुकानदार हैं जो यहां दो या तीन दशक से काम कर रहे हैं। इनको शुक्रवार को मालिकाना हक के दस्तावेज दिए गए। इसमें कलेक्टर रेट के आधार पर जितने गज की दुकान होगी, उसी हिसाब से दुकानदारों को नगर परिषद में पैसे जमा करवाना होंगे। आज से दुकानदार इन दुकानों का किराया नहीं देंगे। यहां पर लगभग 65 हजार रुपये प्रति गज के हिसाब से कलेक्टर रेट है। इसके अलावा लगभग आठ हजार रुपये दुकानदारों को विकास शुल्क भी अदा करना होगा। दुकान के निर्माण की राशि लगभग ढाई लाख रुपये समेत एक दुकानदार को 16 गज की दुकान के लिए लगभग साढ़े नौ लाख रुपये की राशि देनी होगी। इससे नगर परिषद को लगभग 25 करोड़ के आसपास आमदनी होगी। यहां कुछ दुकानें छोटी तथा कुछ बड़ी दुकानें हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed