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सफीदों क्षेत्र में स्वाइन फ्लू ने फिर दी दस्तक

Wed, 20 Feb 2019 01:10 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 20 Feb 2019 01:10 AM IST
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सफीदों क्षेत्र में स्वाइन फ्लू ने फिर दी दस्तक
सफीदों में महिला मिली स्वाइन फ्लू पॉजिटिव
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अमर उजाला ब्यूरो
सफीदों। सफीदों क्षेत्र में स्वाइन फ्लू ने फिर दस्तक दी है। यहां की एक 55 वर्षीय महिला को स्वाइन फ्लू पॉजिटिव पाया गया है। महिला चंडीगढ़ पीजीआई की आईसीयू में उपचाराधीन है। महिला के स्वाइन फ्लू पॉजिटिव मिलने पर जींद स्वास्थ्य विभाग ने मंगलवार को छुट्टी के बावजूद पीड़ित के घर पहुंचकर 12 लोगों को इलाज में शामिल कर लिया और उन्हें दवा दी।
पीड़ित महिला के बेटे ने बताया कि उसकी मां को पिछले चार-पांच दिन से बुखार से परेशान थी। वह पहले उसे सफीदों के दो निजी अस्पताल में भर्ती करवाया, लेकिन एक दिन के बाद उसे पानीपत के निजी अस्पताल रेफर कर दिया गया। जिसके बाद पानीपत के निजी अस्पताल ने भी प्लेटलेट्स कम होने कारण उसकी मां को पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया। नागरिक अस्पताल में डॉ. संदीप लांबा ने बताया कि चंडीगढ़ से रिपोर्ट आने के बाद जैसे ही उन्हें जींद उच्च अधिकारियों से सूचना मिली तो गांव में स्वास्थ्य विभाग के स्वास्थ्य कर्मचारियों को तुरंत परिवार के अन्य सदस्यों की जांच के लिए भेज दिया गया।
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परिवार के पांच सदस्यों में भी दिखाई दिए लक्षण
स्वाइन फ्लू से पीड़ित महिला के परिवार के पांच सदस्यों में भी लक्षण दिखाई दिए हैं। इनके इलाज की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। स्वास्थ्य विभाग महिला व उसके परिवार के लोगों के स्वास्थ्य पर नजर बनाए हुए है।
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इससे पहले 2017 के सितंबर माह में हुई थी दो मौत
सफीदों में इसे पहले स्वाइन फ्लू से सितंबर माह में दो मौत हुई थी। रोहतक पीजीआई की रिपोर्ट के अनुसार सफीदों के वार्ड नंबर आठ की महिला और सिवामना माल में भी एक महिला की मौत का कारण स्वाइन फ्लू बताया गया था। इसके अतिरिक्त 2015 में भी शहर में एक मौत स्वाइन फ्लू से हुई थी।
स्वाइन फ्लू के लक्षण
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार बुखार या तेज बुखार, जुकाम, नाक बहना, तेज सिर दर्द, छाती में दर्द, गले में खराश व दर्द, मांसपेशियों में पीड़ा, सांस फूलना, सांस लेने में तकलीफ व बलगम में खून आना स्वाइन फ्लू के मुख्य कारण है।
कैसे करें बचाव
खांसते और छींकते समय अपने मुंह ओर नाक को ढंकने के लिए साफ रुमाल का प्रयोग करें, एक-दूसरे से बात करते समय कम से कम तीन फूट की दूरी रखें, अपने हाथों को अक्सर साबुन या साफ पानी से साफ करें, अपने नाक, आंख और मुंह को न छूएं तथा बिना चिकित्सक परामर्श के दवाई ना लें, हाथ न मिलाएं, गले न लगें या गले न लगें। अन्य अभिवादन न करें। अगर आपको यह लक्षण है तो भीड़ के स्थान पर जाने से बचे।
22 केस पॉजिटिव, पांच की मौत
जिला में इस बार स्वाइन फ्लू का प्रकोप काफी अधिक रहा है। जिले में स्वाइन फ्लू के 22 केस पॉजिटिव आ चुके हैं. इनमें पांच की मौत हो चुकी है। हालांकि स्वाइन फ्लू से पीड़ित अधिकतर लोग जींद से बाहर ही रहते हैं या फिर वे किसी काम से बाहर गए हैं। वापस लौटने पर उनको स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है।

अब मौसम गर्म हो रहा है, जिससे स्वाइन फ्लू के मामले समाप्त हो जाएंगे। स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से अलर्ट है। स्वास्थ्य विभाग के पास दवा पर्याप्त मात्रा में है। लोगों को चाहिए कि इस प्रकार की खतरनाक बीमारी के लक्ष्ण दिखाई देने तक लापरवाही नहीं करें, तुरंत चिकित्सक और विशेषकर सरकारी अस्पताल में दिखाएं।
डॉ. संजय दहिया, सिविल सर्जन।
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