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Jhajjar-Bahadurgarh News: अल्ट्रा मैराथन को पूरा करने वाले प्रदीप का ग्रामीणों ने किया स्वागत
Tue, 07 Oct 2025 09:41 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
Updated Tue, 07 Oct 2025 09:41 PM IST
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07jjrp06- गोधड़ी गांव में एथलीट प्रदीप बेनीवाल का स्वागत करते ग्रामीण। स्रोत-आयोजक
बेरी। गांव गोधड़ी निवासी एथलीट प्रदीप बेनीवाल का मंगलवार को गांव पहुंचने पर फूल-मालाओं से स्वागत किया। प्रदीप ने हाल ही में ग्रीस की राजधानी एथेंस में आयोजित दुनिया की सबसे कठिन मानी जाने वाली स्पार्टाथलॉन 2025 अल्ट्रा मैराथन को पूरा कर देश का नाम रोशन किया। अंतरराष्ट्रीय दौड़ में भारत का तिरंगा लहराते हुए नया भारतीय रिकॉर्ड बनाया।
इस प्रतियोगिता में दुनिया भर से 400 धावकों ने भाग लिया था, जिनमें प्रदीप ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 42वां स्थान हासिल किया। भारत से रेस में केवल पांच धावक ही शामिल हुए थे। छोटे से गांव से निकलकर प्रदीप ने मैराथन और अल्ट्रा रनिंग की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई है।
किसान परिवार से आने वाले प्रदीप के पिता प्रकाश सिंह आर्मी में सेवाएं दे चुके हैं। सेवानिवृत्ति के बाद उनका निधन हो गया था। प्रदीप ने 8 वर्ष पहले दौड़ की दुनिया में कदम रखा था। 8 साल में करीब 50 से अधिक दौड़ प्रतियोगिताओं में भाग लेकर कई रिकॉर्ड बनाए। प्रदीप बॉर्डर मैराथन समेत कई प्रतिष्ठित मैराथन में भाग ले चुके हैं और कई खिताब अपने नाम कर चुके हैं।
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गुरुग्राम रनर्स क्लब में सदस्य
प्रदीप बेनीवाल ने बताया की निरंतर अभ्यास सफलता की कुंजी है। वे हर हफ्ते लगभग 140 किलोमीटर की दौड़ लगाकर खुद को तैयार करते हैं। यही नियमितता उन्हें लंबी रनों में मजबूती और स्टैमिना देती है। पेशे से एडवोकेट प्रदीप ने कई बड़े संस्थानों में मैनेजर के पद पर भी काम किया है। साल 2020 से वे गुरुग्राम रोड रनर्स क्लब के सक्रिय सदस्य हैं और रनिंग कल्चर को बढ़ावा देने में योगदान दे रहे हैं।
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इस प्रतियोगिता में दुनिया भर से 400 धावकों ने भाग लिया था, जिनमें प्रदीप ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 42वां स्थान हासिल किया। भारत से रेस में केवल पांच धावक ही शामिल हुए थे। छोटे से गांव से निकलकर प्रदीप ने मैराथन और अल्ट्रा रनिंग की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई है।
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किसान परिवार से आने वाले प्रदीप के पिता प्रकाश सिंह आर्मी में सेवाएं दे चुके हैं। सेवानिवृत्ति के बाद उनका निधन हो गया था। प्रदीप ने 8 वर्ष पहले दौड़ की दुनिया में कदम रखा था। 8 साल में करीब 50 से अधिक दौड़ प्रतियोगिताओं में भाग लेकर कई रिकॉर्ड बनाए। प्रदीप बॉर्डर मैराथन समेत कई प्रतिष्ठित मैराथन में भाग ले चुके हैं और कई खिताब अपने नाम कर चुके हैं।
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गुरुग्राम रनर्स क्लब में सदस्य
प्रदीप बेनीवाल ने बताया की निरंतर अभ्यास सफलता की कुंजी है। वे हर हफ्ते लगभग 140 किलोमीटर की दौड़ लगाकर खुद को तैयार करते हैं। यही नियमितता उन्हें लंबी रनों में मजबूती और स्टैमिना देती है। पेशे से एडवोकेट प्रदीप ने कई बड़े संस्थानों में मैनेजर के पद पर भी काम किया है। साल 2020 से वे गुरुग्राम रोड रनर्स क्लब के सक्रिय सदस्य हैं और रनिंग कल्चर को बढ़ावा देने में योगदान दे रहे हैं।