फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jhajjar/Bahadurgarh News ›   Three children from three migrant families living on rent in Sankhol village are

Jhajjar-Bahadurgarh News: सांखोल गांव में किराए पर रहने वाले तीन प्रवासी परिवारों के तीन बच्चे लापता

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 15 Oct 2026 02:40 AM IST
विज्ञापन
Three children from three migrant families living on rent in Sankhol village are
-फोटो 81 : नजीम
बहादुरगढ़। शहर से सटे गांव सांखोल में किराए पर रहने वाले तीन प्रवासी परिवारों के तीन बच्चे संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए। तीनों बच्चों की उम्र 13 से 15 साल के बीच बताई जा रही है। मंगलवार को घर के बाहर खेलते समय अचानक उनके गायब होने से परिजन परेशान हैं। काफी तलाश के बाद भी बच्चों का कोई सुराग नहीं लगा तो परिजनों ने सेक्टर-6 थाना में शिकायत दी है। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ अपहरण का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन


जानकारी के अनुसार, सांखोल गांव से लापता होने वालों में सुमित (13) पुत्र सुरेंद्र निवासी हरदोई, उत्तर प्रदेश, आशीष (13) पुत्र विनोदेदास, औरंगाबाद, बिहार व नजीम पुत्र नवाब (15) बरेली, उत्तर प्रदेश शामिल हैं। बताया गया है कि सभी बच्चे मंगलवार को सुबह 11 बजे गली में खेल रहे थे।
विज्ञापन

जब वे शाम तक घर नहीं लौटे तो परिजनों को चिंता हुई। काफी देर तक तलाश करने के बाद भी उनका कोई सुराग नहीं लगा। मंगलवार सुबह लापता बच्चों के परिजन सेक्टर-6 थाना में पहुंचे यहां पर पुलिस अधिकारियों से बच्चों को जल्द ढूंढने की गुहार लगाई। पुलिस ने लापता बच्चों के फोटो आसपास के जिलों के अलावा थाना और चौकियों में भेजे हैं। ताकि बच्चों का कोई सुराग लग सके। बच्चों के परिजन बहादुरगढ़ में अलग-अलग क्षेत्र में कंपनियों में लेबर का काम करते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


परिजनों ने पुलिस से लगाई गुहार

लापता आशीष की मां श्रीदेवी ने पुलिस के समक्ष रोते-बिलखते हुए कहा, मेरे बच्चे को जल्दी से ढूंढवा दीजिए। उनके चार लड़के हैं। इनमें आशीष सबसे बड़े से छोटा लड़का है। आशीष पहले यहीं पर पढ़ाई करता था, लेकिन गांव में गए तो उसके बाद स्कूल छूट गया और अब वह पढ़ाई नहीं करता है।
उन्होंने बताया कि वे टिकरी बॉर्डर पर फुटवियर फैक्टरी में काम करती हैं। यहां पर कमाने खाने के लिए आए हैं, लेकिन अब बच्चा लापता हो गया है तो वे फैक्टरी में भी नहीं जा पाई हैं। वहीं लापता आशीष के पिता विनोदे दास सेक्टर-34 में काम करते हैं। वहीं लापता सुमित के पिता सुरेंद्र राजमिस्त्री का काम करते हैं, जबकि मां एक फैक्टरी में लेबर का काम करती हैं। सुरेंद्र के तीन लड़के और एक लड़की है। लापता सुमित भाई-बहनों में सबसे बड़ा है। सुमित भी पढ़ाई नहीं करता था। वहीं नजीम भी पढ़ाई नहीं करता था। घर पर ही रहता था। उसके पिता नवाब मजदूरी करते हैं।


परिजनों की ओर से दी गई शिकायत के आधार पर अज्ञात के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज किया गया है। बच्चों की तलाश की जा रही है। आसपास के थाना व चौकियों में बच्चों के फोटो भेजे गए हैं। ताकि बच्चों का सुराग लग सके। पुलिस आसपास के क्षेत्र में जानकारी जुटाने के साथ ही बच्चों का पता लगाने का प्रयास कर रही है।

-सत्यवीर सिंह, एसएचओ, सेक्टर-6 थाना, बहादुरगढ़।

-फोटो 81 : नजीम

-फोटो 81 : नजीम

-फोटो 81 : नजीम

-फोटो 81 : नजीम

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed