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Jhajjar-Bahadurgarh News: संशोधित खबर...कृपया इसे ही लें -
Mon, 19 Jun 2023 01:30 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, झज्जर/बहादुरगढ़
Updated Mon, 19 Jun 2023 01:30 AM IST
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साल्हावास। -किर्गिस्तान के बिश्केक में चल रही एशियन कुश्ती चैंपियनशिप में बिरोहड गांव के 22 वर्षीय खिलाड़ी साहिल सहरावत ने अंडर 23 आयुवर्ग व 97 किलो भारवर्ग में अपने विरोधी पहलवान को जोरदार पटकनी देते हुए कांस्य पदक प्राप्त कर भारत का नाम रोशन किया है। यह प्रतियोगिता 10 जून से शुरू होकर 14 जुलाई तक चलेगी। बेटे के स्वर्ण पदक विजेता बनने पर क्षेत्रवासियों को नाज है।
साहिल सहरावत ने पंजाब के मानसा के विद्यालय से 10वीं और 12वीं की परीक्षा पास की है। अब पंजाब विश्वविद्यालय से बीए तृतीय वर्ष की पढ़ाई कर रहे हैं। साहिल जब 16 वर्ष के थे तब उनके पिता देवेंद्र सिंह का निधन हो गया था। जबकि मां कमलेश अपना घरेलू कामकाज के साथ- साथ पशु पालन करती हैं। साहिल सहरावत के छोटे भाई रोहित कुरुक्षेत्र के एक गुरुकुल में रहकर पढ़ाई कर रहे हैं जबकि बहन बीए प्रथम वर्ष की छात्रा हैं। साहिल सहरावत ने खरखौदा के प्रताप विद्यालय में रहकर कुश्ती के गुर सीखें हैं। अब वे पंजाब के साहबाद कोट में रहकर कुश्ती का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। किर्गिस्तान के बिश्केक में शनिवार देर शाम हुई कुश्ती में उन्होंने विदेशी धरती पर विरोधी पहलवान को जोरदार पटकनी देते हुए तिरंगे का मान बढ़ाया है।
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साहिल सहरावत ने पंजाब के मानसा के विद्यालय से 10वीं और 12वीं की परीक्षा पास की है। अब पंजाब विश्वविद्यालय से बीए तृतीय वर्ष की पढ़ाई कर रहे हैं। साहिल जब 16 वर्ष के थे तब उनके पिता देवेंद्र सिंह का निधन हो गया था। जबकि मां कमलेश अपना घरेलू कामकाज के साथ- साथ पशु पालन करती हैं। साहिल सहरावत के छोटे भाई रोहित कुरुक्षेत्र के एक गुरुकुल में रहकर पढ़ाई कर रहे हैं जबकि बहन बीए प्रथम वर्ष की छात्रा हैं। साहिल सहरावत ने खरखौदा के प्रताप विद्यालय में रहकर कुश्ती के गुर सीखें हैं। अब वे पंजाब के साहबाद कोट में रहकर कुश्ती का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। किर्गिस्तान के बिश्केक में शनिवार देर शाम हुई कुश्ती में उन्होंने विदेशी धरती पर विरोधी पहलवान को जोरदार पटकनी देते हुए तिरंगे का मान बढ़ाया है।
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