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व्यापारियों ने पुलिस चौकी घेरी
झज्जर-बहादुरगढ़, अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 27 Jul 2014 12:57 AM IST
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मेन बाजार स्थित एक हलवाई की दुकान में गांव शेरिया के पांच-सात ग्रामीण पहुंचे। उनकी मिठाई की क्वालिटी को लेकर दुकानदार से कहासुनी हो गई। इस बीच युवकों की दुकानदारों से मारपीट हो गई। युवक जाते-जाते दुकानदार को जान से मारने की धमकी दे गए। सूचना पर स्थानीय व्यापारी एकत्र हो गए । व्यापारी प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए स्थानी पुलिस चौकी पहुंचे और घेराव करते हुए आरोपी युवकों की गिरफ्तारी की मांग की।
शनिवार दोपहर शेरिया गांव के करीब पांच से सात युवक एक मिष्ठान्न की दुकान पर पहुंचे।
उन्होंने दुकानदार प्रवीण से मिठाई की क्वालिटी को लेकर नोंकझोंक शुरू कर दी। विरोध पर युवकों ने प्रवीण से मारपीट की। आसपास भीड़ बढ़ती देख युवक प्रवीण को जान से मारने की धमकी देकर निकल गए। दुकानदार के साथ हुई मारपीट की जानकारी बाजार में जंगल की आग की तरह फैल गई।
घटना के विरोध में बाजार के सभी दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं। सभी एक जगह एकत्रित हुए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। नारेबाजी करते हुए व्यापारी आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग उठाने लगे। सूचना के चलते पुलिस की एक टीम वहां पहुंची और व्यापारियों से उनका पक्ष जाना।
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लेकिन व्यापारी जिद पर अड़े थे कि आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी हो। जैसे-जैसे समय बीतता गया व्यापारियों का गुस्सा और अधिक बढ़ गया। भड़के दुकानदार कुछ ही समय बाद पुलिस चौकी जा पहुंचे और घेराव कर दिया। व्यापारियों का कहना था कि उनकी ओर से तुरंत पुलिस को घटना की सूचना दी गई थी। चौकी नजदीक होने के बावजूद पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचने में काफी समय लगाया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए बेरी थाने के एडिशनल एसएचओ कृष्ण कुमार की देखरेख में पुलिस द्वारा की गई त्वरित कार्रवाई में आरोपी पक्ष के लोगों को थाने में बुलाया गया, जहां दोनों पक्षों के बीच काफी समय तक लंबी बातचीत हुई। बताते है कि आरोपी पक्ष ने जब पीड़ित व्यापारी से माफी मांगी तो व्यापारी शांत हुए, जिसके बाद उनका आपस में समझौता हो गया और करीब डेढ़ घंटे बाद बाजार दोबारा खुला।
घेवर खाने से बच्चे के बीमार होने का आरोप
शेरिया के ग्रामीणों का कहना था कि वे शुक्रवार को बेरी स्थित संबंधित मिष्ठान्न भंडार से खोए वाला घेवर लेकर गए थे। घेवर को जब उनके एक चार वर्षीय मासूम ने सेवन किया तो वह बीमार हो गया, जिस पर नाराजगी रखते हुए घटनाक्रम को अंजाम दिया गया।
शनिवार दोपहर शेरिया गांव के करीब पांच से सात युवक एक मिष्ठान्न की दुकान पर पहुंचे।
उन्होंने दुकानदार प्रवीण से मिठाई की क्वालिटी को लेकर नोंकझोंक शुरू कर दी। विरोध पर युवकों ने प्रवीण से मारपीट की। आसपास भीड़ बढ़ती देख युवक प्रवीण को जान से मारने की धमकी देकर निकल गए। दुकानदार के साथ हुई मारपीट की जानकारी बाजार में जंगल की आग की तरह फैल गई।
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घटना के विरोध में बाजार के सभी दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद कर दीं। सभी एक जगह एकत्रित हुए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। नारेबाजी करते हुए व्यापारी आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग उठाने लगे। सूचना के चलते पुलिस की एक टीम वहां पहुंची और व्यापारियों से उनका पक्ष जाना।
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लेकिन व्यापारी जिद पर अड़े थे कि आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी हो। जैसे-जैसे समय बीतता गया व्यापारियों का गुस्सा और अधिक बढ़ गया। भड़के दुकानदार कुछ ही समय बाद पुलिस चौकी जा पहुंचे और घेराव कर दिया। व्यापारियों का कहना था कि उनकी ओर से तुरंत पुलिस को घटना की सूचना दी गई थी। चौकी नजदीक होने के बावजूद पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचने में काफी समय लगाया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए बेरी थाने के एडिशनल एसएचओ कृष्ण कुमार की देखरेख में पुलिस द्वारा की गई त्वरित कार्रवाई में आरोपी पक्ष के लोगों को थाने में बुलाया गया, जहां दोनों पक्षों के बीच काफी समय तक लंबी बातचीत हुई। बताते है कि आरोपी पक्ष ने जब पीड़ित व्यापारी से माफी मांगी तो व्यापारी शांत हुए, जिसके बाद उनका आपस में समझौता हो गया और करीब डेढ़ घंटे बाद बाजार दोबारा खुला।
घेवर खाने से बच्चे के बीमार होने का आरोप
शेरिया के ग्रामीणों का कहना था कि वे शुक्रवार को बेरी स्थित संबंधित मिष्ठान्न भंडार से खोए वाला घेवर लेकर गए थे। घेवर को जब उनके एक चार वर्षीय मासूम ने सेवन किया तो वह बीमार हो गया, जिस पर नाराजगी रखते हुए घटनाक्रम को अंजाम दिया गया।