फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Jhajjar/Bahadurgarh News ›   एक बार में ही होगा कैंसर के ट्यूमर का खात्मा

एक बार में ही होगा कैंसर के ट्यूमर का खात्मा

Tue, 26 Mar 2019 01:16 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Tue, 26 Mar 2019 01:16 AM IST
विज्ञापन
एक बार में ही होगा कैंसर के ट्यूमर का खात्मा
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

बादली। कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को जड़ से खत्म करने के लिए बाढ़सा स्थित नेशनल कैंसर संस्थान विचार कर रहा है। इसके लिए संस्थान की ओर से जापानी तकनीकी का इस्तेमाल किया जाएगा। उक्त बातें एनसीआई के निदेशक डॉ. जीके रथ सोमवार को संस्थान में स्थापित किए गए सुविधाओं के निरीक्षण के दौरान कहीं। उन्होंने कहा कि एनसीआई स्थापना के तीसरे चरण 2021 के आखिर तक यह सेवा शुरू होने की उम्मीद है। इसके लिए एम्स की ओर से 700 करोड़ रुपये का बजट भी तय कर दिया गया है। यह सब शुरू होने के बाद कैंसर चिकित्सा के क्षेत्र में देश का सबसे बड़ा चिकित्सीय संस्थान एम्स एक और इतिहास रचने जा रहा है। एम्स ने जापान के साथ करार करके एक ऐसी तकनीक पर काम शुरू कर दिया है, जिसके जरिये एक ही बार में कैंसर का खात्मा किया जा सकता है। अभी तक यह तकनीक दुनिया के चुनिंदा देशों में ही उपलब्ध है लेकिन अगले तीन वर्षों में कैंसर की ये तकनीक हैवी आयन रेडियोथैरेपी एम्स में भी उपलब्ध होगी। इसे राष्ट्रीय कैंसर संस्थान (एनसीआई) में स्थापित किया जाएगा। कैंसर चिकित्सा में हैवी आयन रेडियोथैरेपी एक बड़ा कीर्तिमान होगा। अभी तक ये तकनीक अमेरिका में भी उपलब्ध नहीं है। जापान, चीन, इटली और जर्मनी के बाद भारत पांचवां देश होगा, जहां सरकारी अस्पताल में ये तकनीक मरीजों को उपलब्ध होगी। डॉ. रथ के अनुसार प्रोटॉन थैरेपी के साथ हैवी आयन रेडियोथैरेपी के लिए भी करार कर लिया है।

ऑपरेशन की नहीं पड़ेगी जरूरत
कैंसर विशेषज्ञ के अनुसार हैवी आयन थैरेपी आने के बाद कैंसर के मरीज को ऑपरेशन की जरूरत नहीं पड़ेगी। न ही कार्बन रेडियोथैरेपी की तरह इसके दुष्प्रभाव हैं। बुजुर्ग कैंसर मरीजों के लिए यह तकनीक काफी फायदेमंद होगी। साथ ही पांच सप्ताह के भीतर मरीज स्वस्थ हो सकता है। इसके अलावा ट्यूमर के दूसरी ओर तक रेडिएशन नहीं जा सकेगा। इसका फायदा यह होगा कि मरीज के शरीर में मौजूद ट्यूमर के पीछे वाला भाग को कोई नुकसान तक नहीं होगा।
विज्ञापन


प्रतिदिन 60 मरीजों का हो रहा रजिस्ट्रेशन
कैंसर संस्थान में अब रोगियों की संख्या बढ़ने लगनी है। प्रतिदिन करीब 60 मरीजों का रजिस्ट्रेशन किया जा रहा है। हालांकि अभी संस्थान में ऑपरेशन सुविधा शुरू नहीं हुई है। इसलिए रोगियों को दिल्ली एम्स रेफर किया जा रहा है। धीरे-धीरे संस्थान में यह सुविधा शुरू की जाएगी। संस्थान में अधिकतर रोगी रोहतक पीजीआई, गुरुग्राम और दिल्ली सहित बड़े-बड़े अस्पतालों से पहुंच रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed