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दीनबंधु ग्रामीण विकास योजना: आबादी के अनुरूप नहीं जिले को मिलेगा कॉमन बजट
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चरखी दादरी। दीनबंधु ग्रामीण विकास योजना के तहत अब आबादी के अनुपात में ग्रांट नहीं मिलेगी। सरकार के नए निर्देशों के मुताबिक जिले के लिए कॉमन बजट जारी होगा। इस योजना के तहत जिले में करीब 85 करोड़ का बजट खर्च होना है। पंचायत विभाग यह एस्टिमेट तैयार कर हेड ऑफिस भेज चुका है। पहले सरकार ने आबादी के अनुरूप प्रपोजल मांगे थे। जिले में 172 गांव हैं। इस योजना के मुताबिक विकास कार्य कराए जाएंगे।
जिले के गांवों में विकास कार्यों को गति देने के लिए सरकार और पंचायत विभाग ने दीनबंधु ग्रामीण विकास योजना के तहत विकास कार्यों की प्लानिंग तैयार की है। गांवों में इस समय रास्तों के निर्माण की सख्त जरूरत बनी हुई है। कई गांवों में मेन रास्ते और फिरनी जवाब दे चुके हैं जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानी हो रही है। गांवों में विकास के लिए पंचायत विभाग की तरफ से पंचायतों से प्रपोजल मांगकर मंजूरी के लिए हेड ऑफिस भेजे जाते हैं। सरपंचों से विकास कार्यों की फाइल मांगी जाती है। बाद में पंचायत विभाग के अधिकारी इनकी समीक्षा कर फाइल को हेड ऑफिस भेजते हैं। बजट राशि पंचायतों के खातों में भेज दी जाती है। इस दौरान पंचायत विभाग के अधिकारी, जेई व ग्राम सचिवों की तरफ से बीचबीच में गाइड लाइन दी जाती है ताकि सरपंचों को विकास कार्यों को पूरा करवाने में परेशानी नहीं आए और निर्धारित समय में प्रोजेक्ट पूरा हो सके।
मई माह में भेजे थे एस्टिमेट
जिले के विभिन्न गांवों में विकास कार्यों के एस्टिमेट तैयार करवार पंचायत विभाग ने मई माह में हेड आफिस भेजे थे। उस समय सरकार की तरफ से आबादी के हिसाब से बजट आवंटन करने की बात कही थी। पांच हजार की आबादी एक करोड़ का बजट तय किया गया था लेकिन अब आबादी की बजाय कॉमन रूप से बजट की मंजूरी मिलेगी। अब पूरे जिले की बजट प्लान तैयार की गई है। इसमें बौंदकलां, झोझू कलां, दादरी व बाढड़ा ब्लॉकों में विकास कार्य होने हैं।
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85 करोड़ का बजट मिलने की उम्मीद
इन विकास कार्यों के लिए करीब 85 करोड़ का बजट मिलना है। जल्द ही इस बजट के मंजूरी मिलने की उम्मीद है। यह बजट राशि मिलने पर तकरीबन गांवों में विकास कार्य हो सकेंगे। इस बजट से रास्तों का निर्माण, सामुदायिक केंद्र, चौपाल आदि विकास कार्य करवाए जाने हैं।
आबादी की बजाय अब कॉमन रूप में जिले के गांवों पर यह राशि खर्च होनी है। बजट राशि की मंजूरी मिलते ही अगली प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। इसके लिए पंचायतों से वर्क प्लान मांग रखी है। - अजीत सिंह, जेई, विकास एवं पंचायत विभाग
जिले के गांवों में विकास कार्यों को गति देने के लिए सरकार और पंचायत विभाग ने दीनबंधु ग्रामीण विकास योजना के तहत विकास कार्यों की प्लानिंग तैयार की है। गांवों में इस समय रास्तों के निर्माण की सख्त जरूरत बनी हुई है। कई गांवों में मेन रास्ते और फिरनी जवाब दे चुके हैं जिससे ग्रामीणों को भारी परेशानी हो रही है। गांवों में विकास के लिए पंचायत विभाग की तरफ से पंचायतों से प्रपोजल मांगकर मंजूरी के लिए हेड ऑफिस भेजे जाते हैं। सरपंचों से विकास कार्यों की फाइल मांगी जाती है। बाद में पंचायत विभाग के अधिकारी इनकी समीक्षा कर फाइल को हेड ऑफिस भेजते हैं। बजट राशि पंचायतों के खातों में भेज दी जाती है। इस दौरान पंचायत विभाग के अधिकारी, जेई व ग्राम सचिवों की तरफ से बीचबीच में गाइड लाइन दी जाती है ताकि सरपंचों को विकास कार्यों को पूरा करवाने में परेशानी नहीं आए और निर्धारित समय में प्रोजेक्ट पूरा हो सके।
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मई माह में भेजे थे एस्टिमेट
जिले के विभिन्न गांवों में विकास कार्यों के एस्टिमेट तैयार करवार पंचायत विभाग ने मई माह में हेड आफिस भेजे थे। उस समय सरकार की तरफ से आबादी के हिसाब से बजट आवंटन करने की बात कही थी। पांच हजार की आबादी एक करोड़ का बजट तय किया गया था लेकिन अब आबादी की बजाय कॉमन रूप से बजट की मंजूरी मिलेगी। अब पूरे जिले की बजट प्लान तैयार की गई है। इसमें बौंदकलां, झोझू कलां, दादरी व बाढड़ा ब्लॉकों में विकास कार्य होने हैं।
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85 करोड़ का बजट मिलने की उम्मीद
इन विकास कार्यों के लिए करीब 85 करोड़ का बजट मिलना है। जल्द ही इस बजट के मंजूरी मिलने की उम्मीद है। यह बजट राशि मिलने पर तकरीबन गांवों में विकास कार्य हो सकेंगे। इस बजट से रास्तों का निर्माण, सामुदायिक केंद्र, चौपाल आदि विकास कार्य करवाए जाने हैं।
आबादी की बजाय अब कॉमन रूप में जिले के गांवों पर यह राशि खर्च होनी है। बजट राशि की मंजूरी मिलते ही अगली प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। इसके लिए पंचायतों से वर्क प्लान मांग रखी है। - अजीत सिंह, जेई, विकास एवं पंचायत विभाग