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वार्ड-14 की 50 गलियों में लगी हैं महज
Updated Thu, 09 Aug 2018 12:56 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
चरखी दादरी। वार्ड-14 की गलियों में स्ट्रीट लाइटों की कमी का खामियाजा स्थानीय लोगों को उठाना पड़ रहा है। रात के समय गलियों में अंधेरा छाया रहने से आपराधिक घटनाओं का अंदेशा बना रहता है। वही, अंधेरे के चलते वाहन चालकों और बुजुर्ग भी हादसों को शिकार हो रहे हैं। वार्ड पार्षद ऊषा मेहरा ने नप अधिकारियों पर स्ट्रीट लाइट वितरण में वार्ड की अनदेखी का आरोप लगाया है। महिला पार्षद की कहना है कि हाउस मीटिंग में वो कई दफा यह मुद्दा उठा चुकी हैं लेकिन इसके बावजूद भाई-भतीजावाद की भावना उनके वार्ड में बरती जा रही है।
महिला पार्षद ने बताया कि उनके वार्ड में स्ट्रीट लाइटों की कमी पिछले लंबे समय से बनी हुई है। उनके वार्ड में करीब 50 गलियां हैं और इनमें महज 85 लाइटें ही लगी हुई हैं जोकि पर्याप्त नहीं है। पार्षद ने बताया कि 85 लाइटों में से भी 35 पिछले लंबे समय से खराब पड़ी है और शिकायत करने के बावजूद नप अधिकारी समस्या का समाधान नहीं करवा रहे हैं। उन्होंने बताया कि वार्ड में इस समय महज 50 लाइटें ही जलती हैं और इसके चलते मुख्य गलियां भी अंधेरे में डूबी रहती हैं। पार्षद का तर्क है कि हर बार वार्ड के विकास कार्यों की सूची में लाइटें लगाने की मांग की जाती है, लेकिन इस पर कोई गौर नहीं किया जा रहा। वार्ड की गलियों में अंधेरा छाया रहने से अपराधी किसी घटना को अंजाम देकर आसानी से फरार हो सकता है। वार्ड पार्षद ने बताया कि अंधेरे के कारण झरना घाट के पास चोरी की वारदात भी हो चुकी है।
स्ट्रीट लाइटों की कमी के चलते रात के समय गली में अंधेरा छाया रहता है। कई दफा हम पार्षद से लाइटें लगवाने की मांग कर चुके हैं जोकि अब तक परवान नहीं चढ़ी है।
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-मंजीत सिंह, वार्डवासी
हमारी गली में पांच लाइटें लगी हुई हैं लेकिन ये सभी लंबे समय से बंद पड़ी हैं। इस संबंध में हम पार्षद की मार्फत अधिकारियों को शिकायत सौंप चुके हैं लेकिन समाधान नहीं हुआ।
-प्रवेश धानिया, वार्डवासी
वार्ड की स्ट्रीट लाइटें काफी लंबे समय से बंद पड़ी हैं। रात के समय जहां गलियों से गुजरना दुभर हो जाता है तो वहीं आपराधिक वारदातों का भी डर बना रहता है।
-सत्यवान सिंह, वार्डवासी
वार्ड की स्ट्रीट लाइटें बंद होने से चोरी की घटना के साथ अन्य आपराधिक घटनाओं का अंदेशा बना रहता है। लाइटें बंद होने से बुजुर्गों अैर बच्चों को रात के समय गलियों से गुजरते समय दिक्कतें झेलनी पड़ती है।
-रविंद्र कुमार, वार्डवासी
मैं कई दफा परिषद हाउस की बैठक में स्ट्रीट लाइटें लगवाने की मांग कर चुकी हूं लेकिन इसके बाद भी पर्याप्त लाइटें वार्ड में नहीं लगाई जा रही। स्ट्रीट लाइट वितरण में भेदभाव किया जा रहा है।
ऊषा मेहरा, पार्षद, वार्ड 14
लाइट वितरण में किसी वार्ड की अनदेखी नहीं की जा रही। अगर किसी वार्ड में लाइटों की कमी है तो उसे हम जल्द से जल्द दूर करवा देंगे।
-संजय छपारिया, चेयरमैन, नगर परिषद
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चरखी दादरी। वार्ड-14 की गलियों में स्ट्रीट लाइटों की कमी का खामियाजा स्थानीय लोगों को उठाना पड़ रहा है। रात के समय गलियों में अंधेरा छाया रहने से आपराधिक घटनाओं का अंदेशा बना रहता है। वही, अंधेरे के चलते वाहन चालकों और बुजुर्ग भी हादसों को शिकार हो रहे हैं। वार्ड पार्षद ऊषा मेहरा ने नप अधिकारियों पर स्ट्रीट लाइट वितरण में वार्ड की अनदेखी का आरोप लगाया है। महिला पार्षद की कहना है कि हाउस मीटिंग में वो कई दफा यह मुद्दा उठा चुकी हैं लेकिन इसके बावजूद भाई-भतीजावाद की भावना उनके वार्ड में बरती जा रही है।
महिला पार्षद ने बताया कि उनके वार्ड में स्ट्रीट लाइटों की कमी पिछले लंबे समय से बनी हुई है। उनके वार्ड में करीब 50 गलियां हैं और इनमें महज 85 लाइटें ही लगी हुई हैं जोकि पर्याप्त नहीं है। पार्षद ने बताया कि 85 लाइटों में से भी 35 पिछले लंबे समय से खराब पड़ी है और शिकायत करने के बावजूद नप अधिकारी समस्या का समाधान नहीं करवा रहे हैं। उन्होंने बताया कि वार्ड में इस समय महज 50 लाइटें ही जलती हैं और इसके चलते मुख्य गलियां भी अंधेरे में डूबी रहती हैं। पार्षद का तर्क है कि हर बार वार्ड के विकास कार्यों की सूची में लाइटें लगाने की मांग की जाती है, लेकिन इस पर कोई गौर नहीं किया जा रहा। वार्ड की गलियों में अंधेरा छाया रहने से अपराधी किसी घटना को अंजाम देकर आसानी से फरार हो सकता है। वार्ड पार्षद ने बताया कि अंधेरे के कारण झरना घाट के पास चोरी की वारदात भी हो चुकी है।
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स्ट्रीट लाइटों की कमी के चलते रात के समय गली में अंधेरा छाया रहता है। कई दफा हम पार्षद से लाइटें लगवाने की मांग कर चुके हैं जोकि अब तक परवान नहीं चढ़ी है।
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-मंजीत सिंह, वार्डवासी
हमारी गली में पांच लाइटें लगी हुई हैं लेकिन ये सभी लंबे समय से बंद पड़ी हैं। इस संबंध में हम पार्षद की मार्फत अधिकारियों को शिकायत सौंप चुके हैं लेकिन समाधान नहीं हुआ।
-प्रवेश धानिया, वार्डवासी
वार्ड की स्ट्रीट लाइटें काफी लंबे समय से बंद पड़ी हैं। रात के समय जहां गलियों से गुजरना दुभर हो जाता है तो वहीं आपराधिक वारदातों का भी डर बना रहता है।
-सत्यवान सिंह, वार्डवासी
वार्ड की स्ट्रीट लाइटें बंद होने से चोरी की घटना के साथ अन्य आपराधिक घटनाओं का अंदेशा बना रहता है। लाइटें बंद होने से बुजुर्गों अैर बच्चों को रात के समय गलियों से गुजरते समय दिक्कतें झेलनी पड़ती है।
-रविंद्र कुमार, वार्डवासी
मैं कई दफा परिषद हाउस की बैठक में स्ट्रीट लाइटें लगवाने की मांग कर चुकी हूं लेकिन इसके बाद भी पर्याप्त लाइटें वार्ड में नहीं लगाई जा रही। स्ट्रीट लाइट वितरण में भेदभाव किया जा रहा है।
ऊषा मेहरा, पार्षद, वार्ड 14
लाइट वितरण में किसी वार्ड की अनदेखी नहीं की जा रही। अगर किसी वार्ड में लाइटों की कमी है तो उसे हम जल्द से जल्द दूर करवा देंगे।
-संजय छपारिया, चेयरमैन, नगर परिषद