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दस लाख सिक्योरिटी राशि की शर्त रखने पर भड़के आढ़ती, डीएम के साथ हुई कहासुनी

Fri, 29 Mar 2019 01:21 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Fri, 29 Mar 2019 01:21 AM IST
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दस लाख सिक्योरिटी राशि की शर्त रखने पर भड़के आढ़ती, डीएम के साथ हुई कहासुनी
अमर उजाला ब्यूरो
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चरखी दादरी। अनाज मंडी में आढ़तियों और हैफेड डीएम के बीच वीरवार को बैठक के दौरान जमकर कहासुनी हुई। आढ़तियों ने हैंडलिंग एजेंट बनने के लिए दस लाख की सिक्योरिटी राशि जमा कराने की शर्त का कड़ा विरोध किया और बैठक कक्ष से बाहर आ गए। इसके बाद अनाज मंडी में बैठक कर आढ़तियों ने सरकारी गेहूं और सरसों की खरीद न करने का निर्णय लिया है। साथ ही आढ़ती एसोसिएशन ने फैसला किया है कि अगर कोई आढ़ती गेहूं और सरसों की सरकारी खरीद करेगा तो उस पर ढाई लाख रुपये जुर्माना लगाया जाएगा और यूनियन से भी बाहर कर दिया जाएगा। इस फैसले की पुष्टि अनाज मंडी प्रधान रामकुमार रिटोलिया ने की है।
सरसों की खरीद के बाद लिफ्टिंग कराने के लिए खरीद एजेंसी हैफेड को हैंडलिंग एजेंट नियुक्त करने हैं। ये एजेंट आढ़तियों में से बनाए जाने हैं। वीरवार को किसान रेस्ट हाउस में हैफेड अधिकारियों के साथ आढ़तियों की बैठक हुई। बैठक में हैफेड डीएम कृष्ण नरवाल ने कहा कि हैंडलिंग एजेंट बनने के इच्छुक आढ़ती को दस लाख रुपये की सिक्योरिटी राशि जमा करानी होगी। यह सुनकर आढ़ती भड़क उठे और उन्होंने एक सुर में यह शर्त मानने से इनकार कर दिया। आढ़तियों ने यह शर्त हटाने की मांग की लेकिन डीएम अपने फैसले पर अडिग रहे। इसके चलते आढ़तियों की उनसे जमकर तू-तड़ाक हुई और इस दौरान आढ़तियों ने कई गंभीर आरोप भी जड़े। इसके बाद आढ़ती बैठक कक्ष से बाहर आ गए और टीन शेड के नीचे बैठक की।
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बैठक में अनाज मंडी प्रधान रामकुमार रिटोलिया ने बताया कि सीएम मनोहर लाल के मांगें मानने के बाद हैफेड अधिकारी बेवजह शर्तें थोप रहे हैं, जिन्हें किसी भी सूरत पर आढ़ती बर्दाश्त नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि यूनियन ने निर्णय लिया है कि मांगें पूरी होने और हैंडलिंग एजेंट बनाने के लिए लगाई गई शर्त अगर नहीं हटाई जाती है तो अनाज मंडी में गेहूं और सरसों की सरकारी खरीद ही नहीं होने देंगे। अगर कोई आढ़ती इस फैसले से बाहर गया तो ढाई लाख जुर्माना लगाने के साथ उसका यूनियन से भी बहिष्कार किया जाएगा। इस पर मौजूद सभी आढ़तियों ने अपनी सहमति जता दी। बैठक में आढ़तियों ने निर्णय लिया कि 30 मार्च को जुई में सीएम मनोहर लाल खट्टर पहुंचेंगे और दादरी मंडी के सभी आढ़ती उन्हें स्थिति से अवगत कराएंगे।
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एडीसी से भी आढ़तियों ने की बैठक
वीरवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे नई अनाज मंडी के आढ़ती एडीसी संगीता तेतरवाल से भी उनके कार्यालय में मिले। करीब एक घंटे तक आढ़तियों और एडीसी की बैठक चली। इसमें आढ़तियों ने अपनी मांगें एडीसी के सामने रखीं जिन्हें उन्होंने सुना और आढ़तियों को हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। मंडी प्रधान रामकुमार रिटोलिया ने बताया कि अनाज मंडी में करीब 250 आढ़ती हैं।

हैफेड डीएम तानाशाही रवैया अपना रहे हैं। हम आढ़तियों ने निर्णय लिया है कि जब तक मांगें नहीं मानी जाती तब तक सरकार के लिए सरसों और गेहूं नहीं खरीदेंगे। अगर कोई आढ़ती ऐसा करता पाया गया तो उस पर ढाई लाख रुपये जुर्माना लगाया जाएगा। यह निर्णय सभी आढ़तियों ने मिलकर लिया है।

रामकुमार रिटोलिया, अनाज मंडी प्रधान

जिला मंडी होने के चलते सिक्योरिटी राशि की शर्त हैंडलिंग एजेंट बनने के इच्छुक आढ़तियों के सामने रखी गई है। अगर खरीदी गई सरसों चोरी हो जाती है तो इसके रिकवरी हैंडलिंग एजेंट से ही की जानी है। अगर सब कुछ दुरुस्त रहा तो सिक्योरिटी राशि वापिस कर दी जाएगी। - कृष्ण नरवाल, डीएम, हैफेड
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