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Hisar News: मुख्यमंत्री ने कृत्रिम उत्खनन कर जाना पुरातात्विक महत्व
Tue, 20 Oct 2026 12:11 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Tue, 20 Oct 2026 12:11 AM IST
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नारनौंद। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अंतरराष्ट्रीय राखीगढ़ी महोत्सव के दौरान हड़प्पाकालीन वस्तुओं पर आधारित प्रदर्शनी का शुभारंभ किया। इसके बाद ई-कार्ट में सवार होकर महोत्सव स्थल पर पहुंचे। यहां कृत्रिम उत्खनन गतिविधि में भाग लेकर पुरातात्विक खोज और उत्खनन की प्रक्रिया को समझा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राखीगढ़ी जैसे ऐतिहासिक स्थल पर आयोजित इस महोत्सव का उद्देश्य आमजन, विशेषकर युवाओं को अपनी प्राचीन विरासत से जोड़ना और पुरातत्व के प्रति रुचि विकसित करना है। कृत्रिम उत्खनन जैसी गतिविधियां लोगों को यह समझने में सहायता करती हैं कि पुरातत्वविद किस प्रकार सावधानीपूर्वक खुदाई कर ऐतिहासिक अवशेषों की पहचान करते हैं। मुख्यमंत्री ने खेल प्रतियोगिताओं का शुभारंभ कर खिलाड़ियों से भी संवाद किया और उनका उत्साहवर्धन किया। ग्राम पंचायत राखीगढ़ी की ओर से मुख्यमंत्री का पारंपरिक पगड़ी पहनाकर स्वागत किया गया और राखी शाहपुर के ग्रामीणों ने हस्तनिर्मित बैलगाड़ी स्मृति चिह्न के रूप में भेंट की। मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी में प्रदर्शित सरस्वती-सिंधु सभ्यता से जुड़े विभिन्न पुरातात्विक साक्ष्यों का बारीकी से अवलोकन किया। शिवलिंग, स्वास्तिक, पीपल से संबंधित साक्ष्य, योग परंपरा, पहिए और बैलगाड़ी से जुड़े प्रमाण भी प्रदर्शित किए गए। तांबे का दर्पण, मिट्टी के बर्तन, लेखन सामग्री, पूजा स्थलों के अवशेष, हर्बल सफाई उत्पादों से संबंधित जानकारी तथा डीएनए अवशेषों के वैज्ञानिक विश्लेषण से जुड़े विषयों को भी प्रदर्शनी में शामिल किया गया। महोत्सव स्थल पर विभिन्न सरकारी विभागों और उद्यमियों द्वारा लगाए गए स्टालों का भी अवलोकन किया।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि राखीगढ़ी जैसे ऐतिहासिक स्थल पर आयोजित इस महोत्सव का उद्देश्य आमजन, विशेषकर युवाओं को अपनी प्राचीन विरासत से जोड़ना और पुरातत्व के प्रति रुचि विकसित करना है। कृत्रिम उत्खनन जैसी गतिविधियां लोगों को यह समझने में सहायता करती हैं कि पुरातत्वविद किस प्रकार सावधानीपूर्वक खुदाई कर ऐतिहासिक अवशेषों की पहचान करते हैं। मुख्यमंत्री ने खेल प्रतियोगिताओं का शुभारंभ कर खिलाड़ियों से भी संवाद किया और उनका उत्साहवर्धन किया। ग्राम पंचायत राखीगढ़ी की ओर से मुख्यमंत्री का पारंपरिक पगड़ी पहनाकर स्वागत किया गया और राखी शाहपुर के ग्रामीणों ने हस्तनिर्मित बैलगाड़ी स्मृति चिह्न के रूप में भेंट की। मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी में प्रदर्शित सरस्वती-सिंधु सभ्यता से जुड़े विभिन्न पुरातात्विक साक्ष्यों का बारीकी से अवलोकन किया। शिवलिंग, स्वास्तिक, पीपल से संबंधित साक्ष्य, योग परंपरा, पहिए और बैलगाड़ी से जुड़े प्रमाण भी प्रदर्शित किए गए। तांबे का दर्पण, मिट्टी के बर्तन, लेखन सामग्री, पूजा स्थलों के अवशेष, हर्बल सफाई उत्पादों से संबंधित जानकारी तथा डीएनए अवशेषों के वैज्ञानिक विश्लेषण से जुड़े विषयों को भी प्रदर्शनी में शामिल किया गया। महोत्सव स्थल पर विभिन्न सरकारी विभागों और उद्यमियों द्वारा लगाए गए स्टालों का भी अवलोकन किया।
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