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ऑनलाइन परीक्षा : पोर्टल पर सबमिट नहीं हुई पीडीएफ, विद्यार्थियों ने किया प्रदर्शन
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हिसार। गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय द्वारा वीबॉक्स पोर्टल पर आयोजित ऑनलाइन परीक्षाओं के दूसरे दिन भी परीक्षार्थी परेशान रहे। बुधवार को बीएमसी, बीबीए, बीसीए, बीए ऑनर्स सहित पीजी कोर्स की परीक्षा हुई। परीक्षार्थियों ने बताया कि डीएन कॉलेज के बीएमसी तृतीय वर्ष के विद्यार्थियों की पीडीएफ पोर्टल पर सबमिट नहीं हुई। परीक्षा भी एक घंटे बाद शुरू हुई। वीबॉक्स पोर्टल पर परीक्षा का प्रश्नपत्र भी दिखाई नहीं दिया। बीएमसी अंतिम वर्ष के छात्र रविंद्र कुमार बिश्नोई ने बताया कि परीक्षा के दौरान उनकी लॉग इन आइडी अपने आप लॉगआउट हो गई। न ही उनको पोर्टल पर परीक्षा लेने वाले शिक्षक या परीक्षक नजर आए। रविंद्र ने बताया कि ऐसा लगा कि जैसे बिना परीक्षक के ही परीक्षा दे रहे हैं। परीक्षार्थियों ने कहा कि जो समस्याएं पहले दिन आई थीं, वही समस्याएं मंगलवार को भी आईं। ऑनलाइन परीक्षा देने वाले अधिकतर परीक्षार्थियों का दो घंटे तक लिंक ओपन नहीं हुआ व न ही उनकी आइडी लॉग इन नहीं हो पाई। इसके साथ ही हेल्पलाइन नंबर पर किए गए फोन ही नहीं उठाए।
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समस्या के समाधान के लिए इनसो ने किया प्रदर्शन -
- ऑनलाइन परीक्षा में आ रही समस्याओं के समाधान के लिए इनसो के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को जीजेयू में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थियों ने जीजेयू के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन कर रहे इनसो जिलाध्यक्ष अज्जु घनघस, जीजेयू इनसो चेयरमैन हरिंद्र बेनिवाल व मनोज सिवाच ने कहा कि जीजेयू के कारण दो दिन से विद्यार्थी परेशान हैं। विद्यार्थी अपनी परीक्षा तक समय पर नहीं दे पा रहे हैं। जीजेयू के हालात इतने बदतर हो गए हैं कि तकनीकी यूनिवर्सिटी होने के बावजूद भी जीजेयू को परीक्षा निजी कंपनी को ठेके पर देनी पड़ रही है। प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थियों ने जीजेयू को चेतावनी दी कि अगर जल्द से जल्द समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो जीजेयू में तालाबंदी कर दी जाएगी।
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अब कॉलेज की मेल आइडी पर अपलोड करनी होंगी पीडीएफ -
इनसो के प्रदर्शन के 5 घंटे बाद जीजेयू ने पीडीएफ अपलोड की समस्या का समाधान कर दिया। जीजेयू ने कॉलेजों को आदेश दिए हैं कि कॉलेज अपनी-अपनी मेल आइडी बनाएंगे। एक कॉलेज को कम से कम दो मेल आइडी बनानी होंगी। ये मेल आइडी सभी विद्यार्थियों के पास भेजी जाएंगी। अब परीक्षार्थियों को इन्हीं मेल आइडी पर ही अपनी उत्तरपुस्तिका की पीडीएफ फाइल सबमिट करनी होगी। मंगलवार व बुधवार को हुई परीक्षाओं में पीडीएफ अपलोड न कर पाने वाले विद्यार्थियों के समाधान के लिए जीजेयू द्वारा एक कमेटी का गठन किया गया। जिन छात्रों ने समय सीमा के अनंद उत्तर पुस्तिका की पीडीएफ को वीबॉक्स पर अपलोड नहीं की है वे अब कॉलेज मेल आइडी का प्रयोग कर सकते हैं।
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ऑनलाइन परीक्षा व्यवस्था के खिलाफ हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया -
विभिन्न विद्यार्थी संगठनों के विरोध के बावजूद कॉलेजों व विश्वविद्यालयों में शुरू हुई ऑनलाइन परीक्षा व्यवस्था के खिलाफ विद्यार्थियों ने अब पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। हिसार के शिक्षाविद डॉ. संदीप कुमार सिंहमार ने जनहित के इस मुद्दे पर पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को ई-मेल भेजकर संज्ञान लेने का आह्वान किया है। डॉ. संदीप सिंहमार ने पत्र में कहा कि एक फरवरी से हरियाणा प्रदेश के सभी कॉलेज व यूनिवर्सिटी पूर्ण रूप से खुली हैं तो ऑनलाइन के स्थान पर ऑफलाइन परीक्षा क्यों नहीं ली जा सकती। उनका कहना है कि कोरोना वायरस का संक्रमण भी घटता जा रहा है। उच्च शिक्षा विभाग व विश्वविद्यालयों ने विद्यार्थियों को ऑनलाइन परीक्षा का विकल्प देना ही नहीं चाहिए था। डॉ. संदीप ने कहा कि 15 फरवरी से परीक्षाएं शुरू हुई, लेकिन किसी विद्यार्थी के पास लिंक नहीं पहुंच रहा तो किसी का सॉफ्टवेयर पर लॉगिन नहीं हो रहा। इसके साथ ही अनेक समस्याएं आ रही हैं। डॉ. संदीप ने कहा कि जीजेयू की परीक्षा तकनीक पर सवाल उठाते हुए कहा कि एक तकनीकी विश्वविद्यालय होने के बावजूद भी यदि खुद की तकनीक इजाद नहीं की जा सकती तो ऐसी स्थिति में निजी कंपनी के भरोसे ऑनलाइन परीक्षा लेकर विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ नहीं करना चाहिए।
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समस्या के समाधान के लिए इनसो ने किया प्रदर्शन -
- ऑनलाइन परीक्षा में आ रही समस्याओं के समाधान के लिए इनसो के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को जीजेयू में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थियों ने जीजेयू के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन कर रहे इनसो जिलाध्यक्ष अज्जु घनघस, जीजेयू इनसो चेयरमैन हरिंद्र बेनिवाल व मनोज सिवाच ने कहा कि जीजेयू के कारण दो दिन से विद्यार्थी परेशान हैं। विद्यार्थी अपनी परीक्षा तक समय पर नहीं दे पा रहे हैं। जीजेयू के हालात इतने बदतर हो गए हैं कि तकनीकी यूनिवर्सिटी होने के बावजूद भी जीजेयू को परीक्षा निजी कंपनी को ठेके पर देनी पड़ रही है। प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थियों ने जीजेयू को चेतावनी दी कि अगर जल्द से जल्द समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो जीजेयू में तालाबंदी कर दी जाएगी।
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अब कॉलेज की मेल आइडी पर अपलोड करनी होंगी पीडीएफ -
इनसो के प्रदर्शन के 5 घंटे बाद जीजेयू ने पीडीएफ अपलोड की समस्या का समाधान कर दिया। जीजेयू ने कॉलेजों को आदेश दिए हैं कि कॉलेज अपनी-अपनी मेल आइडी बनाएंगे। एक कॉलेज को कम से कम दो मेल आइडी बनानी होंगी। ये मेल आइडी सभी विद्यार्थियों के पास भेजी जाएंगी। अब परीक्षार्थियों को इन्हीं मेल आइडी पर ही अपनी उत्तरपुस्तिका की पीडीएफ फाइल सबमिट करनी होगी। मंगलवार व बुधवार को हुई परीक्षाओं में पीडीएफ अपलोड न कर पाने वाले विद्यार्थियों के समाधान के लिए जीजेयू द्वारा एक कमेटी का गठन किया गया। जिन छात्रों ने समय सीमा के अनंद उत्तर पुस्तिका की पीडीएफ को वीबॉक्स पर अपलोड नहीं की है वे अब कॉलेज मेल आइडी का प्रयोग कर सकते हैं।
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ऑनलाइन परीक्षा व्यवस्था के खिलाफ हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया -
विभिन्न विद्यार्थी संगठनों के विरोध के बावजूद कॉलेजों व विश्वविद्यालयों में शुरू हुई ऑनलाइन परीक्षा व्यवस्था के खिलाफ विद्यार्थियों ने अब पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। हिसार के शिक्षाविद डॉ. संदीप कुमार सिंहमार ने जनहित के इस मुद्दे पर पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को ई-मेल भेजकर संज्ञान लेने का आह्वान किया है। डॉ. संदीप सिंहमार ने पत्र में कहा कि एक फरवरी से हरियाणा प्रदेश के सभी कॉलेज व यूनिवर्सिटी पूर्ण रूप से खुली हैं तो ऑनलाइन के स्थान पर ऑफलाइन परीक्षा क्यों नहीं ली जा सकती। उनका कहना है कि कोरोना वायरस का संक्रमण भी घटता जा रहा है। उच्च शिक्षा विभाग व विश्वविद्यालयों ने विद्यार्थियों को ऑनलाइन परीक्षा का विकल्प देना ही नहीं चाहिए था। डॉ. संदीप ने कहा कि 15 फरवरी से परीक्षाएं शुरू हुई, लेकिन किसी विद्यार्थी के पास लिंक नहीं पहुंच रहा तो किसी का सॉफ्टवेयर पर लॉगिन नहीं हो रहा। इसके साथ ही अनेक समस्याएं आ रही हैं। डॉ. संदीप ने कहा कि जीजेयू की परीक्षा तकनीक पर सवाल उठाते हुए कहा कि एक तकनीकी विश्वविद्यालय होने के बावजूद भी यदि खुद की तकनीक इजाद नहीं की जा सकती तो ऐसी स्थिति में निजी कंपनी के भरोसे ऑनलाइन परीक्षा लेकर विद्यार्थियों के भविष्य के साथ खिलवाड़ नहीं करना चाहिए।