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हरियाणा के बच्चे अधिक ऊर्जा वाले : सुनीता दुग्गल
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गुरु जंभेश्वर विश्वविद्यालय में रंगारंग कार्यक्रमों के साथ वीरवार को युवा महोत्सव का आगाज हुआ। महोत्सव में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचीं सिरसा लोकसभा क्षेत्र से सांसद सुनीता दुग्गल ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उन्होंने विद्यार्थियों को संबोधित किया कि युवाओं में ऊर्जा की कोई कमी नहीं होती। युवा अनुशासन में रहकर अपनी प्रतिभा को आगे बढ़ाएं, लक्ष्य अवश्य प्राप्त होगा।
उन्होंने कहा कि हरियाणा के बच्चों में अन्य बच्चों की अपेक्षा ऊर्जा अधिक होती है। ऐसे में वे अपनी ऊर्जा को सही दिशा में लगाएं। कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने की। विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. अनिल कुमार पुंडीर विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अवसर पर छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. सरोज, प्रो. सुनीता श्रीवास्तव व छात्र कल्याण निदेशक अजीत सिंह भी उपस्थित रहे।
मैं डीएन कॉलेज से पढ़ी हूं और ब्राउन बेल्ट हूं, मुंह तोड़ना भी जानती हूं
सांसद सुनीता दुग्गल ने छात्राओं को कहा कि उन्हें सेल्फ डिफेंस भी सीखना होगा, जरूरत पड़ने पर आत्मरक्षा जरूरी होती है। उन्होंने कहा कि मैं डीएन कॉलेज में पढ़ी हूं। बीएससी मेडिकल किया और तीन साल तक वहां बेस्ट एथलीट भी रहीं। उन्होंने कहा कि मैं ब्राउन बेल्ट भी हूं और जरूरत पड़ने पर मुंह तोड़ना भी अच्छी तरह जानती हूं। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि व्यक्तित्व विकास के लिए विद्यार्थियों को खेल व सांस्कृतिक गतिविधियों में भाग अवश्य लेना चाहिए। युवा महोत्सव इन गतिविधियों के लिए एक बड़ा मंच होता है।
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46 स्पर्धाओं में 850 विद्यार्थी ले रहे भाग
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने कहा कि युवा महोत्सव में 46 स्पर्धाओं में विश्वविद्यालय सहित विभिन्न महाविद्यालयों के 800 से अधिक विद्यार्थी भाग ले रहे हैं। ये स्पर्धाएं युवाओं के लिए अति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि युवाओं को अपने जीवन के मूल्यों को धारण करते हुए राष्ट्रीयता की भावना को विकसित करना चाहिए। कुलसचिव डॉ. अनिल कुमार पुंडीर ने कहा कि वक्त की जरूरत है कि हमें सांस्कृतिक कलाओं को न केवल बचाएं रखना है, बल्कि इन्हें बढ़ावा भी देना है। ऐसे आयोजन समूह की भावना और गतिविधियों को भी बढ़ावा देते हैं तथा युवाओं को अच्छा मानव बनाती है। प्रो. सरोज ने स्वागत संबोधन प्रस्तुत किया।
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उन्होंने कहा कि हरियाणा के बच्चों में अन्य बच्चों की अपेक्षा ऊर्जा अधिक होती है। ऐसे में वे अपनी ऊर्जा को सही दिशा में लगाएं। कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने की। विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. अनिल कुमार पुंडीर विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अवसर पर छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. सरोज, प्रो. सुनीता श्रीवास्तव व छात्र कल्याण निदेशक अजीत सिंह भी उपस्थित रहे।
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मैं डीएन कॉलेज से पढ़ी हूं और ब्राउन बेल्ट हूं, मुंह तोड़ना भी जानती हूं
सांसद सुनीता दुग्गल ने छात्राओं को कहा कि उन्हें सेल्फ डिफेंस भी सीखना होगा, जरूरत पड़ने पर आत्मरक्षा जरूरी होती है। उन्होंने कहा कि मैं डीएन कॉलेज में पढ़ी हूं। बीएससी मेडिकल किया और तीन साल तक वहां बेस्ट एथलीट भी रहीं। उन्होंने कहा कि मैं ब्राउन बेल्ट भी हूं और जरूरत पड़ने पर मुंह तोड़ना भी अच्छी तरह जानती हूं। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि व्यक्तित्व विकास के लिए विद्यार्थियों को खेल व सांस्कृतिक गतिविधियों में भाग अवश्य लेना चाहिए। युवा महोत्सव इन गतिविधियों के लिए एक बड़ा मंच होता है।
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46 स्पर्धाओं में 850 विद्यार्थी ले रहे भाग
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने कहा कि युवा महोत्सव में 46 स्पर्धाओं में विश्वविद्यालय सहित विभिन्न महाविद्यालयों के 800 से अधिक विद्यार्थी भाग ले रहे हैं। ये स्पर्धाएं युवाओं के लिए अति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि युवाओं को अपने जीवन के मूल्यों को धारण करते हुए राष्ट्रीयता की भावना को विकसित करना चाहिए। कुलसचिव डॉ. अनिल कुमार पुंडीर ने कहा कि वक्त की जरूरत है कि हमें सांस्कृतिक कलाओं को न केवल बचाएं रखना है, बल्कि इन्हें बढ़ावा भी देना है। ऐसे आयोजन समूह की भावना और गतिविधियों को भी बढ़ावा देते हैं तथा युवाओं को अच्छा मानव बनाती है। प्रो. सरोज ने स्वागत संबोधन प्रस्तुत किया।