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शिक्षिका ने बच्चों को देर रात बीच रास्ते में छोड़ा, अभिभावकों ने जड़ा स्कूल पर ताला
ब्यूरो/अमर उजाला, हिसार
Updated Wed, 03 Aug 2016 12:53 AM IST
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स्कूल गेट पर जड़ा ताला
- फोटो : bureau
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खंड के गांव गरवां स्थित राजकीय उच्च विद्यालय की शारीरिक शिक्षिका ने सोमवार देर शाम खिलाड़ियों को बीच रास्ते में छोड़ दिया और अपने घर चली गईं। इस पर बच्चे रास्ते में ही भटकते रहे और किसी तरह पैदल ही रात 11 बजे अपने-अपने घर पहुंचे। वहीं बच्चों के अभिभावक भी चिंतित थे, लेकिन जब बच्चों ने घर आकर टीचर की करतूत बताई तो अभिभावकों का गुस्सा भड़क गया।
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शारीरिक शिक्षिका के दुर्व्यवहार से नाराज अभिभावकों ने मंगलवार को स्कूल में शिक्षण व्यवस्था ठप कर मेन गेट पर ताला जड़ दिया और गेट के बाहर धरना देकर बैठ गए। स्कूल गेट पर ताला जड़ने की सूचना मिलने के बाद तहसीलदार रतन सिंह स्कूल पहुंचे और शिक्षिका के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन देकर ताला खुलवाया। उधर, शिक्षा विभाग ने आरोपी शिक्षिका को मोरकां के स्कूल में डेप्यूट कर दिया है।
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जोनल स्कूली खेल प्रतियोगिता में भाग लेने गए खिलाड़ियों को बीच रास्ते में उतारने और उनको खेलों में प्रतिभागी न बनाने पर गरवां गांव के अभिभावकों का गुस्सा फूट पड़ा। अभिभावकों के अनुसार स्कूल में तैनात शारीरिक शिक्षिका सोमवार को स्कूल के खिलाड़ियों को सिवानी के स्टेडियम में आयोजित जोनल स्कूली खेल प्रतियोगिता के लिए लेकर गई थीं।
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अभिभावकों ने आरोप लगाया कि वहां पर न तो किसी खिलाड़ी को प्रतियोगिता में प्रतिभागी बनाया और उन्होंने बच्चों से कहा कि स्कूल में जाकर बोल देना कि हम हार गए। इसके बाद शाम को लौटते समय खिलाड़ियों को झुप्पा और मतानी के बीच रास्ते पर उतार दिया।
इसके बाद खिलाड़ी पैदल ही रात 11 बजे घर पहुंचे। तब तक अभिभावक अपने बच्चों को लेकर परेशान हो रहे थे। जब मतानी गांव के लोगों को पता चला तो वे विद्यार्थियों की मदद के लिए आगे आए और उन्होंने उनके अभिभावकों को सूचित किया। इस पर अभिभावक मतानी आए और उनको गांव लेकर गए।
ग्रामीणों ने कहा कि शिक्षिका की यह घोर लापरवाही है और वे अब उसे इस विद्यालय में नहीं रहने देंगे। मौके पर पहुंचे तहसीलदार रतन सिंह ने अभिभावकों और विद्यार्थियों को समझाया और लिखित में शिकायत ली। ग्रामीणों ने लिखित शिकायत में शारीरिक शिक्षिका के खिलाफ उचित कार्रवाई करने और स्कूल से तबादला करने की मांग की। इस अवसर पर रविंद्र, अमित, सतपाल विकास, मुकेश, रजनीश, बाला, राजबाला, राधा, महासिंह, राजेंद्र सिंह, बीरसिंह, बलबीर, महीपाल, संदीप सहित अभिभावक और विद्यार्थी मौजूद थे।
शारीरिक शिक्षिका का बीच रास्ते में खिलाड़ियों को छोड़ना और प्रतियोगिता में शामिल न होना दुर्भाग्यपूर्ण है।
-जयसिंह, मुख्याध्यापक
यह बोलीं बीईओ
तहसीलदार, स्कूल के मुख्याध्यापक और ग्राम पंचायत की रिपोर्ट मिल गई है और आरोपी शारीरिक शिक्षिका पर कार्रवाई करते हुए उसे मोरकां के स्कूल में डेपुटेशन पर भेज दिया गया है।
राजपाल सांगवान, खंड शिक्षा अधिकारी