फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Hisar News ›   Krishi Darshan exhibition starts

Hisar News: कृषि दर्शन प्रदर्शनी शुरू, ड्रोन पर ज्यादा फोकस

Sat, 17 Feb 2024 09:07 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार Updated Sat, 17 Feb 2024 09:07 PM IST
विज्ञापन
Krishi Darshan exhibition starts
टीटीसी हिसार के मेले में किसान लगी स्टॉल पर ड्रोन को देखते किसान। 
हिसार। उत्तरी क्षेत्र कृषि मशीनरी प्रशिक्षण एवं परीक्षण संस्थान (टीटीसी केंद्र) में आयोजित तीन दिवसीय बारहवें कृषि दर्शन प्रदर्शनी का शुभारंभ संस्थान के निदेशक डॉ. मुकेश जैन ने किया। इस मौके पर प्रांत प्रचारक विजय भी उपस्थित रहे। तीन दिवसीय मेले को ट्रैक्टर, कंबाइन मशीन, धान कटाई की मशीन, सिंचाई मशीनों की सबसे अधिक स्टाल रही। मेले में 10 से अधिक स्टाल ड्रोन के लगाए गए।
विज्ञापन

तीन दिवसीय इस प्रदर्शनी में हरियाणा, पंजाब, कर्नाटक, महाराष्ट्र, दिल्ली, छत्तीसगढ़, उत्तरप्रदेश की कंपनियों के उत्पाद स्टाल पर रहे। करीब 350 से अधिक स्टाल पर किसानों के लिए आधुनिक तकनीक व उत्पादों को उपलब्ध कराया गया। मेले में चार कंपनियों ने अपने नए ट्रैक्टर मॉडल लांच किए। प्रदर्शनी में सौर ऊर्जा से संचालित चारा काटने की मशीन का स्टॉल भी लगाया गया है, जिसे किसान पसंद कर रहे हैं। स्टॉल पर मौजूद के कंपनी के कर्मचारियों का कहना है कि किसान बहुत कम खर्च पर चारा तैयार कर सकते हैं। प्रदर्शनी में बैंकों ने किसानों के लिए मशीनरी लोन, क्रेडिट कार्ड, बागवानी सहित कुल 350 के करीब स्टाल लगाए गए हैं।
विज्ञापन


अब डोल होगी मजबूत
किसानों को फसलों की सिंचाई के लिए खेतों में मिट्टी को डोल बनानी पड़ती है। जिससे वो खेत में अपनी जरूरत के हिसाब से पानी पहुंचा सके। गर्मी हो या सर्दी किसानों को हर मौसम में यह काम करना पड़ता था। कभी कहीं से टूट जाना उसे बार-बार संभालना, बारिश व गर्मी के मौसम में खासा परेशान होना पड़ता था। इससे निजात दिलाएगा पंजाब की कंपनी का ट्रैक्टर चालित बंड जोकि सभी प्रकार के खेत में काम करेगा चाहे वो सूखा हो या पानी से भरा हो। इसके द्वारा बनाई गई डोल मजबूत होगी। यह मशीनरी भारत में तैयार है।
विज्ञापन
विज्ञापन


जमीन समतल करने की मशीन तैयार
अगर खेत उबड-खाबड़ हो तो सिंचाई करना काफी मुश्किल रहता है, पैदावार भी कम होती है। किसानों को उतना फायदा नहीं हो पाता जितना होना चाहिए। इसी चीज को मद्देनजर रखते हुए पंजाब की कंपनी ने किसानों के लिए जमीन समतल करने की मशीन बनाई है। जो 7 से 10 फीट तक घटाई व बढ़ाई जा सकती है। कंपनी का दावा है कि एक छोर से दूसरे छोर तक एक एमएम का भी फर्क नहीं आयेगा। इस मशीन को उपयोग करके पैदावार तो ज्यादा की ही जा सकती है साथ ही पानी की भी बचत की जा सकती है। यह मशीन किसानों को बहुत ही पसंद आई।

पर्यावरण संरक्षण व पराली के आर्थिक फायदों की जानकारी दी
भूमि के सूक्ष्म जीव जलकर खत्म हो जाते हैं। जैविक खाद का निर्माण बंद हो जाता है। जमीन कठोर हो जाती है और उसकी उर्वरा शक्ति कम हो जाती है। जमीन में नमी कम हो जाती है। किसान पराली या फसलों के अवशेषों को न जलाए इसके लिए कृषि मेले में आए हुए किसानों को पर्यावरण संरक्षण व पराली के आर्थिक फायदों की जानकारी दी। किसानों ने पराली की गांठें बनाने वाली मशीन बेलर की काम करने की प्रक्रिया, मिल्चर मशीन से नाड़ को खाद में बदलने की विधि से रूबरू हुए। इस विधि से किसानों को अपने खेतों के लिए कम खाद का इस्तेमाल करना पड़ेगा साथ ही जो फसल होगी पौष्टिकता के साथ साथ उसकी पैदावार भी अच्छी होगी।


पंजाब के किसानों की संख्या कम
इस बार मेले का उद्घाटन कार्यक्रम बेहद साधारण रहा। किसानों के लिए आयोजित किए जाने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम, कृषि वैज्ञानिकों के संबोधन को स्थगित किया गया। मेले में पंजाब के किसानों की संख्या काफी कम रही। हरियाणा- पंजाब सीमा बंद होने का असर मेले पर भी दिखाई दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed