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संघर्ष कमेटी के सदस्य पहुंचे चंडीगढ़, 20 तक सभी केस होंगे वापिस
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बरवाला में ज्ञापन सौंपते किसान संगठनों के सदस्य
- फोटो : Hisar
बरवाला। खेदड़ प्रकरण में वार्ता के लिए संघर्ष समिति के सदस्य बुधवार को चंडीगढ़ में सीएम कार्यालय पहुंचे। वहां उच्चाधिकारियों के साथ 13 जुलाई को हुए समझौते के दौरान बाकी बचे मुद्दों पर चर्चा की गई। वार्ता में पुलिस की ओर से दर्ज सभी केस रद्द करने पर सहमति बनी।
संघर्ष समिति से जुड़े लोगों ने बताया कि अधिकारियों से शांतिपूर्ण माहौल में बातचीत हुई। पुलिस टकराव के दौरान जान गंवाने वाले धर्मपाल सहारण को 20 लाख रुपये की मुआवजा राशि देने की बात तय हुई। अन्य चार घायल किसानों को ढाई-ढाई लाख रुपये की सहायता राशि व 6 अगस्त तक उनके परिवार को नौकरी देने पर सहमति बनी।
इसके आलवा 20 अगस्त तक धरना के दौरान दर्ज हुए सभी मुकदमे वापस कर लेने का आश्वासन भी मिला। इस संघर्ष समिति के नेता सत्येंद्र सहारण ने पूरे प्रदेश के किसान संगठनों, सभी टोल एवं खाप व सभी सामाजिक संगठनों का धन्यवाद करते हुए कहा कि जिसने खेदड़ धरने पर एक दिन भी लगाया है, हम सब धरना कमेटी सदस्य एवं पूरे खेदड़ गांव के निवासी उन सबका धन्यवाद करते हैं। सभी संघर्षशील लोगों की बदौलत यह आंदोलन जीत पाए हैं।
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संघर्ष समिति से जुड़े लोगों ने बताया कि अधिकारियों से शांतिपूर्ण माहौल में बातचीत हुई। पुलिस टकराव के दौरान जान गंवाने वाले धर्मपाल सहारण को 20 लाख रुपये की मुआवजा राशि देने की बात तय हुई। अन्य चार घायल किसानों को ढाई-ढाई लाख रुपये की सहायता राशि व 6 अगस्त तक उनके परिवार को नौकरी देने पर सहमति बनी।
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इसके आलवा 20 अगस्त तक धरना के दौरान दर्ज हुए सभी मुकदमे वापस कर लेने का आश्वासन भी मिला। इस संघर्ष समिति के नेता सत्येंद्र सहारण ने पूरे प्रदेश के किसान संगठनों, सभी टोल एवं खाप व सभी सामाजिक संगठनों का धन्यवाद करते हुए कहा कि जिसने खेदड़ धरने पर एक दिन भी लगाया है, हम सब धरना कमेटी सदस्य एवं पूरे खेदड़ गांव के निवासी उन सबका धन्यवाद करते हैं। सभी संघर्षशील लोगों की बदौलत यह आंदोलन जीत पाए हैं।
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