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Hisar News: एचएयू के क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र बावल को मिला राष्ट्रीय पुरस्कार
Sun, 06 Apr 2025 01:25 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
Updated Sun, 06 Apr 2025 01:25 AM IST
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हिसार में वैज्ञानिकों के साथ एचएयू के कुलपति प्रो. बीआर कांबोज।
हिसार। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र बावल (रेवाड़ी) को मूंगफली में अनुसंधान एवं विकास कार्यों में बेहतर योगदान देने के लिए सर्वश्रेष्ठ स्वयंसेवक केंद्र पुरस्कार प्रदान किया गया है। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बीआर कांबोज ने इस उपलब्धि के लिए क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र बावल के वैज्ञानिकों को बधाई दी है।
कुलपति ने बताया कि मूंगफली की उन्नत किस्म जीएनएच 804 विकसित करने पर वैज्ञानिकों को उपरोक्त पुरस्कार दिया गया है, जोकि हरियाणा राज्य के लिए चिह्नित की गई है। यह किस्म पैदावार व तेल की मात्रा अधिक देने वाली है। उपरोक्त किस्म तिलहन उत्पादकता वाले राज्यों के किसानों के लिए लाभकारी सिद्ध होगी। अनुसंधान केंद्र बावल के क्षेत्रीय निदेशक डॉ. धर्मबीर यादव ने बताया कि यह पुरस्कार मूंगफली की राज्य स्तरीय उन्नत किस्म जीएनएच 804 के अलावा सस्य विज्ञान में पोषक तत्वों से संबंधित राष्ट्रीय स्तर पर सिफारिश करने, मूंगफली के अग्रिम पंक्ति प्रदर्शन लगाने, किसानों व विस्तार कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण एवं इस क्षेत्र में मूंगफली की खेती को बढ़ावा देने के लिए दिया गया है। अनुसंधान कार्य में विश्वविद्यालय के अनुसंधान निदेशक डॉ. राजबीर गर्ग, क्षेत्रीय निदेशक डॉ. धर्मबीर यादव, मूंगफली पर कार्य कर रहे वैज्ञानिक डॉ.अशोक कुमार डहिनवाल, डॉ. अमरजीत व पौध प्रजनन विभागाध्यक्ष डॉ. गजराज दहिया का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
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कुलपति ने बताया कि मूंगफली की उन्नत किस्म जीएनएच 804 विकसित करने पर वैज्ञानिकों को उपरोक्त पुरस्कार दिया गया है, जोकि हरियाणा राज्य के लिए चिह्नित की गई है। यह किस्म पैदावार व तेल की मात्रा अधिक देने वाली है। उपरोक्त किस्म तिलहन उत्पादकता वाले राज्यों के किसानों के लिए लाभकारी सिद्ध होगी। अनुसंधान केंद्र बावल के क्षेत्रीय निदेशक डॉ. धर्मबीर यादव ने बताया कि यह पुरस्कार मूंगफली की राज्य स्तरीय उन्नत किस्म जीएनएच 804 के अलावा सस्य विज्ञान में पोषक तत्वों से संबंधित राष्ट्रीय स्तर पर सिफारिश करने, मूंगफली के अग्रिम पंक्ति प्रदर्शन लगाने, किसानों व विस्तार कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण एवं इस क्षेत्र में मूंगफली की खेती को बढ़ावा देने के लिए दिया गया है। अनुसंधान कार्य में विश्वविद्यालय के अनुसंधान निदेशक डॉ. राजबीर गर्ग, क्षेत्रीय निदेशक डॉ. धर्मबीर यादव, मूंगफली पर कार्य कर रहे वैज्ञानिक डॉ.अशोक कुमार डहिनवाल, डॉ. अमरजीत व पौध प्रजनन विभागाध्यक्ष डॉ. गजराज दहिया का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
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हिसार में वैज्ञानिकों के साथ एचएयू के कुलपति प्रो. बीआर कांबोज।
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